- Hindi News »
- Special Coverage »
- New Law Is Necessary In The Interest Of Air Passengers
नवभारत डेस्क: विमान यात्रियों के हित में नया कानून आवश्यक
Indigo Airlines Services: भारत में भी विमान यात्रियों के अधिकारों से जुड़ा सख्त कानून होना चाहिए जिसके अंतर्गत एयरलाइंस की गलती से टिकट कैंसल होने, सामान पहुंचने में देरी विमान सेवा को जिम्मेदार माने।
- Written By: दीपिका पाल

विमान यात्रियों के हित में नया कानून आवश्यक (सौ. डिजाइन फोटो)
नवभारत डिजिटल डेस्क: इंडिगो की घोर लापरवाही की वजह से एक सप्ताह से ज्यादा समय से हजारों विमान यात्री हलाकान-परेशान हो रहे हैं। दुनिया के किसी देश में इतनी लंबी अंधेरगर्दी नहीं चलती। यात्रियों को न केवल तत्काल पूरा किराया रिफंड करना चाहिए बल्कि उन्हें हुई मानसिक पीड़ा और अन्य नुकसान के लिए यथोचित मुआवजा भी दिया जाना चाहिए। विदेश में यात्रियों को न्याय दिलाने के लिए ऐसे कानून मौजूद हैं। भारत में भी विमान यात्रियों के अधिकारों से जुड़ा सख्त कानून होना चाहिए जिसके अंतर्गत एयरलाइंस की गलती से टिकट कैंसल होने, सामान पहुंचने में देरी या उसके पीछे छूट जाने पर विमान सेवा को जिम्मेदार माना जाए।
यह भ्रष्टाचार नहीं तो और क्या है कि एयरलाइंस यात्रियों की मजबूरी का अनुचित फायदा उठाते हुए मनमानी किराया वृद्धि कर देती हैं यह लूट नहीं तो और क्या है? अमेरिका में यूनाइटेड, पैन एम व डेल्टा जैसी एयरलाइंस है जहां ग्राहक समूह क्लास एक्शन सूट दायर कर विमान कंपनी में सामूहिक हर्जाना मांग सकता है। उड़ान में विलंब से कनेक्टिंग फ्लाइट मिस होने पर भी वहां हर्जाना मिलता है। इस तरह के कानून के बारे में सरकार को पहल करनी होगी क्योंकि साधन संपन्न बड़ी कंपनियों से मुकदमा लड़ना व जीतना आसान नहीं है। यह कितना बड़ा अन्याय है कि आम यात्री को दोगुना, तिगुना किराया देने के बाद भी हवाई यात्रा नसीब नहीं हो पा रही है।
एकाधिकार की वजह से मुसीबत बढ़ी
विगत वर्षों में किंगफिशर, जेट एयरवेज, गोएथर जैसी विमान सेवाएं बंद होने का पूरा फायदा इंडिगो ने उठाया। स्पाइसजेट जैसी बड़ी कंपनी कर्ज से जूझ रही है। एयर इंडिया और विस्तारा का गत वर्ष विलय हो गया। इसलिए इंडिगो का एकाधिकार होता चला गया। सरकार ने एकाधिकार को सीमित करने तथा छोटी एयरलाइंस को प्रोत्साहन देने की दिशा में कदम नहीं उठाया। नए हवाई अड्डे बनने से इंडिगो को पैर फैलाने का मौका मिला। आज इंडिगो देश के आसमान के 65 प्रतिशत हिस्से को कंट्रोल करती है। नागरी उड्डन महानिदेशक ने नए फ्लाइट ड्यूटी टाइम लिमिटेशन नियमों के प्रमुख प्रावधानों से इंडिगो अस्थायी रूप से एक बार के लिए 10 फरवरी तक छूट दी है।
सम्बंधित ख़बरें
कोलकाता से शिलॉन्ग जा रही इंडिगो की फ्लाइट को उड़ाने की धमकी, टॉयलेट से मिला लेटर
एअर इंडिया पर DGCA का बड़ा एक्शन! बिना फिटनेस सर्टिफिकेट उड़ाई 8 फ्लाइट्स, अब भरना होगा 1 करोड़ का जुर्माना
एयर इंडिया के पायलट ने ‘जानबूझकर बंद किए फ्यूल स्विच’, अहमदाबाद प्लेन क्रैश को लेकर इटली के अखबार का बड़ा दावा
केस छोड़ने पर 10 से 20 लाख मिलेंगे! अहमदाबाद प्लेन क्रैश के पीड़ित परिवारों को एअर इंडिया ने दिया ऑफर
इस राहत की हर पखवाड़े समीक्षा होगी। इंडिगो को विमान चालक दल (क्रू) के उपयोग तथा रोस्टर की नियमित रिपोर्ट पेश करनी होगी। उसे 30 दिन के भीतर रोडमैप का पूरी तरह पालन करना होगा। यात्री सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए एफडीटीएल नियम बनाए गए जो विदेश में पहले से प्रचलित हैं लेकिन उन्हें भारत की एयरलाइंस ने गंभीरता से लागू नहीं किया। देश के नागरी उड्डयन सेक्टर में काफी वृद्धि हुई। अधिक लोग हवाई प्रवास करने लगे लेकिन एयर लाइंस का संचालन ढीला है। मुनाफाखोरी, धांधली और दिखावा अधिक है। एयर इंडिया और इंडिगो का वर्चस्व बना हुआ है। घरेलू उड़ानों में उनका 90 प्रतिशत हिस्सा है।
ये भी पढ़ें– नवभारत विशेष के लेख पढ़ने के लिए क्लिक करें
8 जनवरी 2024 से लेकर 8 दिसंबर 2025 तक 23 महीने की मुद्दत मिलने पर भी इंडिगो ने सरकारी नियमों का पालन नहीं किया। जब अन्य एयरलाइंस नियमों को मान रही थी तब इंडिगो ने विमानों की तादाद बढ़ाने के साथ अपने पायलटों व क्रू की तादाद क्यों नहीं बढ़ाई? पायलटों से ड्यूटी ऑवर के बाद काम नहीं लिया जा सकता। इंडिगो ने खुद को नहीं सुधारा। उसका रवैया रेगुलेटर पर दबाव डालने का रहा ताकि वह नए सुरक्षा नियमों से उसे छूट दें। एयरपोर्ट का ग्राउंड स्टाफ अकारण ही यात्रियों की नाराजगी झेल रहा है जबकि कसूरवार इंडिगो है। हालात सामान्य बनाने के लिए सरकार को प्रभावी हस्तक्षेप करना होगा।
लेख-चंद्रमोहन द्विवेदी के द्वारा
New law is necessary in the interest of air passengers
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
Topics:
लेटेस्ट न्यूज़
आज का राशिफल 18 February 2026: कर्क और वृश्चिक राशि वालों को होगा धन लाभ, मकर राशि वाले रहें सावधान!
Feb 18, 2026 | 12:05 AMवर्ल्ड कप में जीत के लिए नेपाल ने 12 साल का किया इंतजार, अब SCO को दी ऐसी हार कि हिला डाली पूरी प्वाइंट्स टेबल
Feb 17, 2026 | 11:53 PMIND vs NED: बल्लेबाज दिखाएंगे दम या फिर गेंदबाजों का रहेगा बोलबाला? जानिए अहमदाबाद मुकाबले की पिच रिपोर्ट
Feb 17, 2026 | 11:22 PMIND vs NED: बुमराह और पांड्या को आराम, सिराज की होगी वापसी? नीदरलैंड के खिलाफ ऐसी होगी भारत की प्लेइंग इलेवन!
Feb 17, 2026 | 11:08 PMखाली पेट ब्रेड खाने वालों को ख़बरदार करने वाली ख़बर, तुरंत पढ़िए और हो जाएं सावधान
Feb 17, 2026 | 10:36 PMवानखेड़े में नेपाल का बोलबाला, स्कॉटलैंड को 7 विकेट के बड़े अंतर से दी मात, दीपेंद्र ऐरी का तूफानी अर्धशतक
Feb 17, 2026 | 10:26 PMखून की कमी कैसे करें दूर? एनीमिया से बचाना हो जान, तो शुरू कर दीजिए ये चीज़ें
Feb 17, 2026 | 10:21 PMवीडियो गैलरी

खाकी हुई शर्मसार! ट्रेन के AC कोच से तकिया-चादर चुराते पकड़ा गया UP पुलिस का सिपाही, देखें यह VIDEO
Feb 17, 2026 | 09:58 PM
क्या ट्रेन में सुरक्षित नहीं हैं महिलाएं? मनचले ने सरेआम किया अश्लील बर्ताव, युवती की हिम्मत ने कर दिया बेनकाब
Feb 17, 2026 | 09:52 PM
प्रेमानंद महाराज की शरण में फिर पहुंचे विराट कोहली और अनुष्का, तुलसी की माला पहने दिखीं अभिनेत्री- VIDEO
Feb 17, 2026 | 09:20 PM
सोने की कीमतों में ऐतिहासिक गिरावट! क्या 2027 तक ₹1 लाख से नीचे आएगा गोल्ड? रूस की एक खबर ने हिलाया बाजार
Feb 17, 2026 | 09:14 PM
सिर्फ रील्स पर नहीं, काम पर होगा वोट! ‘जेन-जी’ युवाओं ने नेताओं को दी सीधी चेतावनी- VIDEO
Feb 17, 2026 | 09:07 PM
‘देश का बच्चा-बच्चा मेरे साथ’, जेल से बाहर आते ही राजपाल यादव ने तोड़ी चुप्पी; देखें क्या कहा- VIDEO
Feb 17, 2026 | 08:59 PM














