विजयादशमी पर ठाणे मनपा में भ्रष्टाचार का ‘रावण’ गिरा – उपायुक्त 25 लाख की रिश्वत लेते गिरफ्तार

Thane Municipal Corporation से भ्रष्टाचार की खबर सामने आ रही है। बताया जा रहा है कि Thane MNC में उपायुक्त पद पर लिप्त शंकर पटोले पर ACB ने शिकंजा कसा है।
ठाणे मनपा
ठाणे मनपा (सौ. सोशल मीडिया )
Published on
Updated on

Thane News In Hindi: अधर्म पर धर्म की जीत के उपलक्ष्य में विजय दशमी का त्योहार मनाया जाता है। लोग रावण के पुतले को जला कर खुशी मनाते हैं। इसी तरह विजय दशमी की पूर्व संध्या पर भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो के अधिकारियों के हाथ एक भ्रष्टाचार का रावण लगा है।

बुधवार को ठाणे महानगर पालिका की 43 वीं वर्षगांठ जहां उत्साह के साथ मनाई जा रही थी। कई तरह के कार्यक्रम आयोजित किये गए थे। वहीं अतिक्रमण सहित अन्य कई विभागों की जिम्मेदारी संभाल रहे मनपा उपायुक्त शंकर पटोले रिश्वतखोरी में मशगुल थे।

एसीबी मुंबई के अपर पुलिस अधीक्षक राजेंद्र सांगले के नेतृत्व में अधिकारियों ने छापा मारकर एक बिल्डर से 25 लाख रुपये की रिश्वत लेते मनपा उपायुक्त पटोले को गिरफ्तार किया। इस कार्रवाई से मनपा में हड़कंप मच गया है।

पटोले की गिरफ्तारी के बाद सोशल मीडिया पर तरह -तरह की टिप्पणियां की जा रही हैं। सहायक आयुक्त से उपायुक्त पद पर प्रमोशन पाने वाले शंकर पटोले को अतिक्रमण विभाग सहित अन्य अहम विभागों की जिम्मेदारी दी गयी थी। ठाणे महानगर पालिका क्षेत्र में बड़े पैमाने पर अवैध निर्माण हुए हैं। इसको लेकर उपायुक्त शंकर पटोले पर आरोप लगते रहे हैं। बताया गया कि ठाणे मनपा क्षेत्र में एक जमीन के काम को लेकर उपायुक्त ने एक बिल्डर से 40 लाख रुपये की रिश्वत मांगी थी लेकिन सौदा 35 लाख रुपये में तय हुआ था।

पहले लिया था 10 लाख

पहली किश्त 10 लाख रुपये बिल्डर ने पहले ही दे दी थी। 25 लाख रुपये देने के पहले बिल्डर ने इसकी शिकायत एसीबी मुंबई से की थी। उपायुक्त शंकर पटोले का कार्यालय मनपा मुख्यालय की दूसरी मंजिल पर है। लेकिन वे अपना व्यक्तिगत काम तल मंजिल पर स्थित कर विभाग में निपटाते थे। इसकी जानकारी एसीबी अधिकारियों को थी। इसलिए उन्होंने तल मंजिल पर ही जाल बिछाया था।

बुधवार को मनपा की 43 वीं वर्षगांठ पर कार्यक्रम आयोजित किये गए थे। जिसमें मनपा के अधिकारी एवं कर्मचारी शामिल थे। मनपा उपायुक्त शंकर पटोले शाम को साढ़े 6 बजे कर विभाग के कार्यालय में बैठे थे। तभी बिल्डर म रिश्वत के पैसे देने के लिए उनके कार्यालय में दाखिल हुआ। इसी दौरान एसीबी के अधिकारियों ने पटोले को दबोच लिया। देर रात तक कार्रवाई जारी थी। हालांकि इस संदर्भ में किसी भी अधिकारी ने कुछ भी बोलने से इंकार किया। की सूत्रों ने यह जानकारी दी है कि पटोले की गिरफ्तारी के पीछे कांग्रेस के एक पदाधिकारी का हाथ है।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com