
पुणे: जिले में गाय पालन को प्रोत्साहन देने के मकसद से गोशालाओं को अनुदान देने की योजना सरकार ने इस बार फिर से पुनर्जीवित की है। इस योजना को गोवर्धन गोवंश सेवा केंद्र योजना नाम दिया गया है। इस योजना के तहत पुणे जिले के प्रत्येक तालुकार के एक गोशाला को कम से कम १५ लाख और अधिकतम २५ लाख रुपए का अनुदान दिया जाएगा। इस योजना के जरिए सरकार की तरफ से गाय पाले, अनुदान पाए, का संदेश दिया गया है।
इस योजना के तहत अधिकृत रजिस्टर और न्यूनतम तीन वर्ष का हिसाब पेश करने वाले गोशालाओं को गाय की कुल संख्या के हिसाब से अनुदान दिया जाएगा। इसके अनुसार न्यूनतम ५० गायों का पालन करने वाले गोशाओं में से प्रत्येक को १५ लाख और अधिकतम १०० गायों का पालन करने वाले गोशालाओं में से प्रत्येक को २५ लाख रुपए का अनुदान दिया जाएगा। यह जानकारी जिला पशुसंवर्धन उपायुक्त डॉ. अंकुश परिहार ने दी है।
इससे पूर्व भी यह अनुदान योजना शुरू की गई थी। लेकिन पिछले कुछ वर्षों से यह योजना बंद थी। इस बार फिर से इसे पुनर्जीवित किया गया है। इस अनुदान का लाभ लेने के इच्छुकों को १९ जुलाई तक प्रस्ताव पेश करना होगा। इस योजना का मूलभुत मकसद, दिए जाने वाला अनुदान, अनुदान मांगने के लिए तय नमूने की आवेदन और आवेदन करने का तरीका आदि को लेकर जानकारी अपने अपने पंचायत समिति के पशुधन विकास अधिकारी (विस्तार) से मिलेगी. अनुदान मांग का आवेदन पंचायत समिति के पास करने की अपील जिला पशुसंवर्धन उपायुक्त डॉ. अंकुश परिहार ने की है।






