
प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स: सोशल मीडिया)
Nashik News: नाशिक जिले की नगर पंचायतों और नगर परिषदों के पंचवार्षिक चुनाव का चुनावी शोरगुल सोमवार को थम जाएगा। जिले की 11 नगर पंचायतों और नगर परिषदों के आम चुनाव के लिए मंगलवार, 2 दिसंबर को मतदान प्रक्रिया संपन्न होगी और 3 दिसंबर को परिणाम घोषित किए जाएंगे। प्रचार के अंतिम चरण में प्रचार चरम पर पहुंच चुका है, और उम्मीदवारों की ज़ोरदार भागदौड़ देखने को मिल रही है।
जिले की बागलाण, मनमाड, नांदगांव, येवला, चांदवड, पिंपलगांव बसवंत, ओझर, त्र्यंबकेश्वर, इगतपुरी, सिन्नर और भगूर इन 11 नगर परिषदों में सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच सीधा मुकाबला है। वहीं, छोटी नगर पंचायतों में स्थानीय गुटों और धड़ों के कारण चुनाव और भी रोचक हो गया है।
प्रमुख दलों जैसे भाजपा, शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे), शिवसेना (शिंदे गुट), राष्ट्रवादी कांग्रेस (अजित पवार), राष्ट्रवादी शरदचंद्र पवार गुट, कांग्रेस और वंचित बहुजन आघाड़ी के साथ-साथ कई जगहों पर निर्दलीय उम्मीदवार भी प्रभावी ढंग से चुनाव लड़ रहे हैं। दिलचस्प बात यह है कि सत्तारूढ़ महायुति (भाजपा, शिवसेना-शिंदे गुट, राकांपा-अजित पवार गुट) के घटक दलों ने ही चुनावी मैदान में एक-दूसरे के सामने ताल ठोककर चुनौती पेश की है, जिससे यह चुनाव रोमांचक मोड़ पर पहुंच गया है।
प्रचार के अंतिम चरण में लगभग सभी उम्मीदवारों ने पानी, सड़कें, ड्रेनेज, स्ट्रीट लाइट, स्वास्थ्य सुविधाएँ, शुद्ध पेयजल जैसी मूलभूत सुविधाओं पर ज़ोर दिया है। लेकिन मतदाताओं को आकर्षित करने के लिए कुछ स्थानों पर “एक बार मौका दें, 5 साल में शहर बदल देंगे”, “महिला सशक्तिकरण के लिए विशेष निधि”, और “वार्ड में सीसीटीवी” जैसे आश्वासनों की झड़ी लगाई जा रही है। उम्मीदवारों के पास अब सिर्फ एक दिन बचा है, इसलिए प्रचार चरम पर है। उम्मीदवारों के पूरे परिवार और रिश्तेदार प्रचार में उतर आए हैं। कुछ उम्मीदवार बाज़ार में, कोई बस स्टेशन पर तो कुछ विवाह समारोहों में हाजिरी लगाकर मतदाताओं से मुलाकात कर रहे हैं और मतदान की अपील कर रहे हैं। प्रचार में महिलाएं भी बड़ी संख्या में भाग ले रही हैं और “हमारी ताई को वोट दें” जैसी अपील कर रही हैं।
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प्रचार के दौरान कुछ जगहों पर मारपीट, पथराव और आचार संहिता के उल्लंघन की घटनाएं भी हुई हैं। चुनाव आयोग ने इस संबंध में कड़ी कार्रवाई के आदेश दिए हैं। नगराध्यक्ष पद के लिए 61 और सदस्य पदों के लिए 1028 से अधिक उम्मीदवार मैदान में हैं। मतदान के लिए कड़े सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं और संवेदनशील मतदान केंद्रों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है।






