अवैध साहूकार दंपति पर छापा, दस्तावेज और चेक जब्त, अवैध वसूली के मामले में बड़ी कार्रवाई
Deolali Sahukari Raid: नासिक के देवलाली गांव में अवैध साहूकारी और मनमाने ब्याज वसूली के खिलाफ सहकारिता विभाग और पुलिस ने छापा मारकर दस्तावेज व चेक जब्त किए तथा दंपति के खिलाफ मामला दर्ज किया।
- Written By: आंचल लोखंडे
Deolali Sahukari Raid:नासिक के देवलाली गांव (सोर्सः सोशल मीडिया)
Nashik Illegal Moneylender: नासिक शहर के देवलाली गांव क्षेत्र में मनमाने ब्याज की वसूली और अवैध साहूकारी के खिलाफ जिला उप-निबंधक कार्यालय ने शनिवार (दि. 3 जनवरी) को बड़ी कार्रवाई की है। अवैध रूप से साहूकारी का व्यवसाय चलाने वाले संदिग्ध सचिन बबन गिर गोसावी और उसकी पत्नी पूनम सचिन गोसावी के खिलाफ उपनगर पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज किया गया है।
पुलिस और सहकारिता विभाग की संयुक्त टीम ने संदिग्ध दंपति के घर पर छापा मारकर साहूकारी से जुड़े महत्वपूर्ण दस्तावेज, कोरे स्टाम्प पेपर और बैंक चेक जब्त किए हैं। सहायक सहकारिता अधिकारी कैलाश रामदास आढाव द्वारा दी गई शिकायत के आधार पर उपनगर पुलिस ने ‘महाराष्ट्र साहूकारी (नियमन) अधिनियम, 2014’ की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है।
तलाशी में मिले पुख्ता सबूत
जिला उप-निबंधक कार्यालय को मिली शिकायत में बताया गया था कि देवलाली गांव की धनगर गली में रहने वाला यह दंपति बिना किसी वैध लाइसेंस के जरूरतमंद नागरिकों को ऊँची ब्याज दरों पर धनराशि उधार दे रहा था। शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया कि कर्ज की वसूली के लिए कर्जदारों पर मानसिक दबाव बनाया जा रहा था। शनिवार को हुई छापेमारी के दौरान अधिकारियों को कई कोरे चेक और स्टाम्प पेपर मिले, जिन्हें अवैध साहूकारी के प्राथमिक साक्ष्य माना जा रहा है।
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बढ़ता संकट और जनता की मांग
पिछले वर्ष नासिक शहर में अवैध साहूकारी और जबरन वसूली से जुड़े कई गंभीर मामले सामने आए थे। कर्ज के बोझ और अवैध वसूली के दबाव में आकर कुछ नागरिकों द्वारा आत्मघाती कदम उठाने की घटनाएं भी दर्ज हुई हैं, जिससे कई परिवारों को भारी नुकसान उठाना पड़ा।
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उपनगर थाने में मामला दर्ज
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय नागरिकों ने जिला निबंधक कार्यालय और पुलिस प्रशासन से मांग की है कि शहर में अवैध साहूकारी के नेटवर्क को पूरी तरह समाप्त करने के लिए सख्त और निरंतर कार्रवाई की जाए।
