नागपुर मनपा दफ्तर से फाइलों की चोरी! दो ठेकेदार हुए ब्लैकलिस्ट, मचा हड़कंप

Nagpur Contractor Blacklisted: नागपुर मनपा कार्यालय से ठेकेदारों द्वारा फाइलें चुराने का मामला उजागर हुआ है। मनपा ने मामले में दो ठेकेदारों का पंजीयन रद्द कर हमेशा के लिए ब्लैकलिस्ट कर दिया है।
Nagpur Municipal Corporation
नागपुर महानगर पालिका ऑफिस (सोर्स साेशल मीडिया)
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Nagpur Municipal Corporation Corruption: नागपुर महानगरपालिका में भ्रष्टाचार के किस्से भले ही कोई नई बात न हो किंतु ठेकेदारों द्वारा कार्यालयों से फाइलों की चोरी करने का अनोखा ही मामला उजागर हुआ है। इसमें सत्यापन के बाद मनपा आयुक्त अभिजीत चौधरी के आदेश से ठेकेदार अनिकेत रंगारी और राजेश रंगारी का न केवल पंजीयन प्रमाणपत्र रद्द कर दिया गया बल्कि हमेशा के लिए ब्लैकलिस्ट किए जाने की जानकारी सूत्रों ने दी।

जोनल कार्यालयों के उप-अभियंता द्वारा कुछ चुनिंदा ठेकेदारों को ही काम देने की प्रक्रिया होती है जिससे कुछ ठेकेदार काम से वंचित रह जाते हैं। इसी तरह की प्रक्रिया में राजेश रंगारी इसका भंडाफोड़ करने की चेतावनी देकर उप-अभियंताओं से काम लिया करता था किंतु अधिकारियों की ओर से उसे काम देना बंद कर दिया गया। अधिकारियों को सबक सिखाने की दृष्टि से ही उसने लक्ष्मीनगर जोनल कार्यालय में उप अभियंता की अलमारी में रखी कुछ फाइलें चुरा लीं।

सीसीटीवी में कैद हुई वारदात

सूत्रों के अनुसार जब रंगारी अलमारी से कुछ फाइलें लेकर जा रहा था तो वहां उपस्थित चपरासी ने उसे रोकने का प्रयास भी किया। ये फाइलें किसकी हैं, इसकी पूछताछ भी की थी किंतु कोई भी जवाब दिए बिना वह चला गया। बाद में अलमारी से फाइलें गायब होने की घटना उजागर होते ही कार्यालय के सीसीटीवी फुटेज की भी जांच की गई जिसमें राजेश रंगारी द्वारा कुछ फाइलें लेकर जाने का खुलासा हुआ।

मामले की गंभीरता को देखते हुए उप-अभियंता अभिजीत नेताम द्वारा बजाजनगर पुलिस थाना में इसकी शिकायत दर्ज कराई गई। इसके आधार पर इन दोनों ठेकेदारों के खिलाफ पुलिस ने एफआईआर दर्ज की। बताया जाता है कि छानबीन के दौरान रंगारी द्वारा कार्यालय से चुराई गईं फाइलें पुलिस को लाकर दी गईं।

किसी भी टेंडर में नहीं ले पाएंगे हिस्सा

सूत्रों के अनुसार  मनपा द्वारा इस मामले को काफी गंभीरता से लिया गया। यहां तक कि ठेकेदार के खिलाफ ब्लैकलिस्ट की कार्रवाई करने से पहले पंजीयन रद्द किया गया। हालांकि पंजीयन तो एक सप्ताह पूर्व ही रद्द कर दिया गया किंतु अब ब्लैकलिस्ट करने का आदेश भी जारी होने की जानकारी कार्यकारी अभियंता (प्रकल्प) की ओर से दी गई है।

सूत्रों के अनुसार नागपुर महानगर पालिका में इंजीनियर और ठेकेदारों के बीच लंबे समय से ठेके और बिल को लेकर संघर्ष जारी है। हालांकि जिन ठेकेदारों की पहुंच राजनीतिक नेताओं तक है उन्हें तो परेशानी नहीं है लेकिन कुछ ठेकेदारों को समय पर बिल नहीं मिलने के कारण इंजीनियरों के खिलाफ लगातार शिकायतें उजागर हो रही हैं।

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