
नागपुर मेयर (फाइल फोटो)
Nagpur News: नागपुर महानगरपालिका चुनाव परिणामों के बाद अब सत्ता की बिसात बिछनी शुरू हो गई है। देवेन्द्र फडणवीस के नेतृत्व में होने वाली आज की बैठक इस लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण होने की जानकारी सूत्रों ने दी। उल्लेखनीय है कि महानगरपालिका ने महापौर और उपमहापौर के चुनाव को लेकर तारीखों की घोषणा कर दी है जिसके अनुसार 2 फरवरी से नामांकन पत्र दाखिल किया जाना है।
महापौर और उपमहापौर चुनाव के लिए होने वाली विशेष सभा के पूर्व राजनीतिक दलों का विभागीय आयुक्तालय में पंजीयन होना अनिवार्य है। भाजपा को छोड़कर अन्य दलों का पंजीयन हो चुका है।
हालांकि एक दिन पूर्व ही भाजपा के गट नेता का नाम तय कर पंजीयन होना था किंतु अचानक अजित पवार के निधन के चलते यह टाल दिया गया जिससे अब शुक्रवार को मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस के नेतृत्व में वरिष्ठ नेताओं की बैठक होने जा रही है जिसमें महापौर, उपमहापौर और गट नेता के नाम पर मुहर लगने की संभावना जताई जा रही है।
सूत्रों के अनुसार भले ही शुक्रवार को भाजपा के गट नेता के साथ ही महापौर और उपमहापौर के नाम पर मुहर लग जाए किंतु नागपुर महापौर और उपमहापौर के नाम पर से 2 फरवरी को ही पर्दा उठेगा, जबकि गट नेता के नाम पर मुहर लगने के बाद शुक्रवार की देर शाम तक विभागीय आयुक्त कार्यालय में पंजीयन भी किया जा सकता है।
सूत्रों के अनुसार महापौर, उपमहापौर और गट नेता तथा स्थायी समिति सभापति के लिए संभावित नामों पर अलग-अलग नेताओं से अकेले में चर्चा भी हो सकती है जिसमें नेताओं के रुख को देखते हुए मुख्यमंत्री फडणवीस, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी अंतिम निर्णय लेंगे। आज की इस हाई-प्रोफाइल मीटिंग में शहर के नवनिर्वाचित पार्षदों और संगठन के प्रमुख पदाधिकारियों के शामिल होने की संभावना है।
महापौर के लिए निकाली गई आरक्षण लॉटरी के अनुसार यह पद खुला वर्ग की महिला के लिए आरक्षित हुआ है। हालांकि इस पद के लिए दक्षिण-पश्चिम और दक्षिण से प्रबल दावेदारी की जा रही है किंतु दक्षिण-पश्चिम से गत समय ही 2 महापौर चुने गए हैं। ऐसे में दक्षिण पश्चिम को फिर से महापौर पद देने का विरोध हो सकता है।
यह भी पढ़ें – अमित शाह ने संभाली महायुति की कमान! बारामती यात्रा ने साफ किए संकेत, अब NCP को बिखरने से रोकेगी भाजपा
पार्टी का एक धड़ा शुद्ध रूप से आरक्षण के अनुसार महापौर पद के लिए पार्षद का नाम तय करने की सिफारिश कर रहा है, जबकि दूसरा धड़ा अलग-अलग 6 महत्वपूर्ण पदों के लिए क्षेत्रीय संतुलन बनाने पर जोर दे रहा है। संभावित नामों में विशाखा मोहोड, नीता ठाकरे और शिवाणी दानी के नाम प्रबल दावेदारों में होने की जानकारी सूत्रों ने दी।
सूत्रों की मानें तो महानगरपालिका में गट नेता और सत्ता पक्ष नेता 2 अलग-अलग पद हो सकते हैं। यदि दोनों पद किसी एक पार्षद को दिए भी जाएं तो सदन में बतौर स्वीकृत सदस्य होकर जाने वाले पूर्व वरिष्ठ पार्षद का ही पूरा कंट्रोल होगा जिससे मनपा की इस विशेष सभा में भले ही गट नेता या सत्ता पक्ष नेता संचालन करें किंतु अगली सभा में ही स्वीकृत सदस्यों के नामों का विषय लाकर सदन की चाबी किसी अन्य पार्षद को दी जा सकती है। बहरहाल जल्द ही इस पर से भी पर्दा उठने की जानकारी सूत्रों ने दी।






