Congress Allegations BJP:कांग्रेस ने नागपुर मनपा चुनाव (सोर्सः सोशल मीडिया)
Nagpur Municipal Corporation Election: नागपुर मनपा चुनाव को लेकर प्रत्याशियों ने जहां जनसंपर्क तेज कर दिया, वहीं राजनीतिक दलों की रणनीतियों ने चुनावी माहौल को और भी गर्म कर दिया है। इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि राज्य में निर्विरोध पार्षद चुनकर लाने के लिए भाजपा पर लग रहे आरोपों के बीच अब नागपुर महानगरपालिका में भी इस तरह के प्रयास होने का दावा कांग्रेस की ओर से किया गया है।
प्रभाग क्रमांक 29 में चुनावी माहौल तब गरमा गया जब कांग्रेस ने बीजेपी पर अपने उम्मीदवार को 10 लाख रुपए का प्रलोभन देने का गंभीर आरोप लगाया। कांग्रेस का दावा है कि बीजेपी ने प्रभाग 29 में चुनाव को ‘निर्विरोध’ संपन्न कराने के लिए कांग्रेस प्रत्याशी रामचंद्र गजबे को नामांकन वापस लेने के बदले यह पेशकश की थी, जिसे गजबे ने ठुकरा दिया। इस खुलासे के बाद नागपुर के राजनीतिक गलियारों में हड़कंप मच गया है।
उल्लेखनीय है कि प्रभाग क्रमांक 29 में केवल कांग्रेस और बीजेपी के बीच सीधा मुकाबला है। रामचंद्र गजबे ने आरोप लगाया कि बीजेपी ने एक साजिश रची थी, ताकि कांग्रेस का नामांकन वापस होने पर वह निर्विरोध जीत सके। उन्होंने इसे लोकतंत्र को पैसे के दम पर खरीदने का प्रयास करार दिया। नागपुर में आयोजित कांग्रेस उम्मीदवार सम्मेलन में स्थानीय नेता गिरीश पांडव ने भी बीजेपी पर हमला बोलते हुए कहा कि पार्टी सत्ता और पैसे के जोर पर लोकतांत्रिक मूल्यों का हनन कर रही है। साम-दाम-दंड-भेद की नीति अपनाकर हर हाल में मनपा पर सत्ता पाने का प्रयास किया जा रहा है, जिसके लिए लोकतांत्रिक मूल्यों को ताक पर रखने का काम भाजपा द्वारा किया जा रहा है।
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सम्मेलन के दौरान कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल ने रामचंद्र गजबे की ईमानदारी और अडिगता की सराहना करते हुए उनका सत्कार किया। सपकाल ने बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा कि उसमें चुनाव लड़ने की हिम्मत नहीं बची है, इसलिए धनबल का सहारा ले रही है। उन्होंने कहा कि जिस-जिस शहर में भाजपा कमजोर है, वहां इस तरह के पैंतरे अपनाए जा रहे हैं। दूसरी ओर गजबे ने स्पष्ट कर दिया कि वे किसी भी दबाव या लालच के आगे नहीं झुकेंगे और चुनाव मैदान में डटे रहेंगे। कांग्रेस ने इस पूरे मामले पर चुनाव आयोग से हस्तक्षेप करने की मांग की है।