निकाय चुनाव: निर्विरोध उम्मीदवारों पर नई गाइडलाइन, आयोग की अनुमति के बाद ही घोषित होगी जीत
Municipal elections: चुनाव आयोग ने स्थानीय निकाय चुनाव से पहले नई गाइडलाइन जारी की है। अब निर्विरोध जीत के मामलों में जांच रिपोर्ट अनिवार्य होगी और अनुमति के बाद ही उम्मीदवार विजयी घोषित किया जाएगा।
- Written By: पूजा सिंह
फाइल फोटो
Local Body Elections: स्थानीय निकाय चुनाव की जल्द ही घोषणा होने की संभावना है। चुनाव आयोग ने इसकी तैयारी पूरी कर ली है। आयोग ने इस बार निर्विरोध चुने जाने वाले उम्मीदवारों के संदर्भ में नई गाइडलाइन जारी की है।
आयोग को संदेह कि कई मामलों में चुनाव में खड़े उम्मीदवारों पर दबाव डालकर उनका नामांकन वापस करवाया जाता है ताकि मैदान में एक ही उम्मीदवार रहे और वह निर्विरोध विजयी घोषित हो जाए। अब ऐसे मामलों की संबंधित चुनाव निर्णय अधिकारी को विस्तृत रिपोर्ट आयोग के समक्ष सादर करनी होगी और आयोग की अनुमति के बाद ही उम्मीवार को विजयी घोषित किया जा सकेगा। इस संदर्भ में आयोग ने आदेश भी जारी कर दिये हैं।
31 जनवरी तक पूरे होंगे चुनाव
बता दें कि ओबीसी आरक्षण के कारण पिछले 3-4 वर्षों से स्थानीय निकायों के चुनाव स्थगित थे। अब सुप्रीम कोर्ट ने आदेश दिया है कि 31 जनवरी 2026 से पहले सभी स्थानीय निकाय चुनाव पूरे किए जाएं। इसके चलते राज्य चुनाव आयोग ने 3 चरणों में चुनाव कराने की तैयारी शुरू की है।
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पहले चरण में नगर परिषदें और नगर पंचायतों के चुनाव, दूसरे में जिला परिषद चुनाव और तीसरे चरण में तीसरे में महानगर पालिकाओं के चुनाव होने की संभावना है। कई सीटों पर उम्मीदवारों की अनुपस्थिति के कारण चुनाव निर्विरोध घोषित होते हैं। हालांकि आयोग का मानना है कि कई मामलों में यह स्थिति राजनीतिक दबाव या समझौते के कारण उत्पन्न होती है। इसी वजह से अब निर्विरोध चुनाव की प्रत्येक घटना पर संपूर्ण रिपोर्ट अनिवार्य कर दी गई है और आयोग की मंजूरी के बाद ही विजेता घोषित होंगे।
