

Nagpur Winter Session: महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने केंद्र सरकार द्वारा मनरेगा का नाम बदलने की योजना पर सवाल उठाने के लिए कांग्रेस की कड़ी आलोचना की है। उन्होंने शनिवार को कहा कि इस मुद्दे पर ध्यान देने की कोई आवश्यकता नहीं है, क्योंकि विपक्षी दल लोगों को लाभ मिलने के बावजूद सरकार को लगातार निशाना बनाता रहता है।
यहां एक कार्यक्रम से इतर पत्रकारों से बातचीत में फडणवीस ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने एक सकारात्मक बदलाव किया है, जिससे देश के ग्रामीण क्षेत्रों के विकास को उल्लेखनीय बढ़ावा मिलेगा।
उन्होंने बताया कि केंद्रीय मंत्रिमंडल ने शुक्रवार को महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) का नाम बदलकर ‘पूज्य बापू ग्रामीण रोजगार योजना’ करने संबंधी विधेयक को मंजूरी दे दी है। इसके साथ ही योजना के तहत कार्यदिवसों की संख्या वर्तमान 100 दिनों से बढ़ाकर 125 दिन किए जाने का प्रावधान किया गया है।
मनरेगा का नाम बदलने से अनावश्यक खर्च बढ़ने संबंधी कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाद्रा के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा, “कांग्रेस मनरेगा के तहत काम होने पर भी आलोचना करती है और काम न होने पर भी सरकार को घेरती है। जब लोगों को योजना का लाभ मिलता है, तब भी वे इसके खिलाफ बोलते हैं।” उन्होंने आगे कहा, “इसीलिए कांग्रेस की बातों पर ध्यान देने की कोई जरूरत नहीं है। मोदी सरकार ने ऐसा सकारात्मक निर्णय लिया है, जिससे ग्रामीण विकास और ग्रामीण रोजगार सृजन-दोनों को मजबूती मिलेगी।”
विधान भवन (राज्य विधानसभा परिसर) की सीढ़ियों पर विपक्षी दलों को विरोध प्रदर्शन की अनुमति न दिए जाने को लेकर उठे सवालों पर मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकार की ऐसी कोई रणनीति नहीं है। उन्होंने कहा, “इसके उलट, मुझे खुशी है कि इस वर्ष के सत्र में पर्याप्त और सार्थक चर्चा हो रही है।”