भगवान राम पर TMC विधायक के विवादित बयान से भड़का सियासी तूफान, BJP नेता कदम बोले- सस्ती लोकप्रियता..

Madan Mitra Ram Statement: टीएमसी विधायक मदन मित्रा के भगवान राम पर बयान से सियासी बवाल मचा है। भाजपा विधायक राम कदम ने इसे सस्ती लोकप्रियता बताया।
BJP Leader Ram Kadam
बीजेपी नेता राम कदम (सोर्स: सोशल मीडिया)
Published on
Updated on

BJP Leader Ram Kadam Reaction On TMC MLA Controversy: टीएमसी विधायक मदन मित्रा द्वारा भगवान राम को लेकर दिए गए विवादित बयान ने राजनीतिक घमासान शुरू कर दिया है। भाजपा ने इसे 'सस्ती लोकप्रियता' पाने का प्रयास बताते हुए कड़ा विरोध जताया है। इसके साथ ही संसद में बिल की प्रतियां फाड़ने और कार्यवाही बाधित करने को लेकर भी विपक्ष की तीखी आलोचना की गई है।

भगवान राम की पहचान पर छिड़ा नया विवाद

तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के विधायक मदन मित्रा के उस बयान पर बवाल मचा हुआ है, जिसमें उन्होंने कथित तौर पर भगवान राम को मुस्लिम बताया है। इस पर पलटवार करते हुए भाजपा विधायक राम कदम ने कहा कि कुछ लोग केवल सुर्खियों में आने के लिए ऐसी बयानबाजी करते हैं। उन्होंने ऐतिहासिक तथ्यों का हवाला देते हुए कहा कि हमारे आराध्य भगवान राम और सनातन धर्म लाखों वर्ष पुराने हैं, जबकि इतिहास के अनुसार इस्लाम का उदय करीब 1450 वर्ष पहले हुआ था। कदम ने तंज कसते हुए कहा कि टीएमसी विधायक का इस विषय में अध्ययन बहुत कम है या वे जानबूझकर सस्ती लोकप्रियता के लिए ऐसा कर रहे हैं।

संसद में विपक्ष के आचरण पर उठाए सवाल

विवाद केवल बयानों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि संसद के भीतर विपक्ष के आचरण पर भी गंभीर सवाल उठाए गए हैं। भाजपा विधायक राम कदम ने विपक्षी सांसदों द्वारा सदन में 'विकसित भारत जी-राम जी' बिल की प्रति फाड़कर फेंकने की घटना को अत्यंत निंदनीय करार दिया। भाजपा प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव ने भी इस पर नाराजगी जताते हुए कहा कि कांग्रेस जो कभी महात्मा गांधी के सत्य और अहिंसा के आदर्शों पर चलती थी, आज राहुल गांधी के नेतृत्व में गरिमाहीन व्यवहार कर रही है। उन्होंने सवाल किया कि क्या देश की सबसे पुरानी पार्टी से यह उम्मीद की जा सकती है कि वे उस बिल को फाड़ दें जिसमें भगवान राम का नाम शामिल है?

संसद की कार्यवाही और राहुल गांधी पर प्रहार

संसद के शीतकालीन सत्र के बार-बार स्थगित होने पर भी भाजपा ने विपक्ष को घेरा है। राम कदम ने कहा कि सदन की कार्यवाही पर आम जनता के करोड़ों रुपए खर्च होते हैं और नागरिक चाहते हैं कि वहां महत्वपूर्ण बिलों पर चर्चा हो। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार विपक्ष के सुझावों का स्वागत करने के लिए तैयार है, लेकिन विपक्ष केवल समय बर्बाद करना चाहता है।

इसके अलावा, उन्होंने लोकसभा के नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के व्यवहार को संदेह के घेरे में बताते हुए कहा कि जब हर सांसद सदन का इंतजार करता है, तब वे विदेश चले जाते हैं और वहां जाकर देश के खिलाफ बोलते हैं, जो पूरी तरह से गलत है।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com