मुंबई के रियल एस्टेट में सत्वा ग्रुप की धमाकेदार एंट्री! 11,000 करोड़ के 6 बड़े प्रोजेक्ट्स का किया ऐलान
Mumbai Redevelopment Projects: दिग्गज डेवलपर सत्वा ग्रुप ने मुंबई (MMR) में 6 मेगा प्रोजेक्ट्स के साथ कदम रखा है। 8 मिलियन वर्गफीट में फैले इन प्रोजेक्ट्स से शहर के पुनर्विकास को नई रफ्तार मिलेगी।
- Written By: आकाश मसने
प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स: सोशल मीडिया)
Sattva Group MMR Projects: भारत के सबसे भरोसेमंद और अग्रणी रियल एस्टेट डेवलपर्स में से एक, सत्वा ग्रुप (Sattva Group) ने मुंबई मेट्रोपोलिटन क्षेत्र (MMR) में अपनी भव्य शुरुआत की घोषणा कर दी है। ग्रुप ने एक साथ छह बड़े रेजिडेन्शियल और कमर्शियल प्रोजेक्ट्स का ऐलान किया है, जो मुंबई के प्रमुख इलाकों की सूरत बदलने की क्षमता रखते हैं।
सत्वा ग्रुप का यह मुंबई पोर्टफोलियो करीब 8 मिलियन वर्गफीट के निर्माण क्षेत्र में फैला हुआ है। कंपनी के अनुमान के अनुसार, इन परियोजनाओं की कुल ग्रॉस डेवलपमेंट वैल्यू (GDV) लगभग 11,000 करोड़ रुपए होगी। ये प्रोजेक्ट्स मुंबई के सबसे पॉश और रणनीतिक इलाकों में स्थित हैं, जिनमें परेल (शिवडी), प्रभादेवी, गोरेगांव पूर्व, विलेपार्ले पश्चिम, पवई, बांद्रा कुर्ला कॉम्प्लेक्स (BKC) के नजदीकी इलाके शामिल हैं।
हजारों परिवारों को मिलेंगे नए घर
सत्वा ग्रुप इस मेगा प्लान के तहत 2,500 से अधिक रिहैबिलिटेशन (पुनर्वास) घर और 2,000 से अधिक नए लग्जरी घर डिलीवर करेगा। प्रोजेक्ट की समयसीमा की बात करें तो निर्माण कार्य 2026 में शुरू होगा और 2032 तक पूरा होने की उम्मीद है। हालांकि, ग्रुप ने लक्ष्य रखा है कि पहले प्रोजेक्ट की डिलीवरी 2028 तक दे दी जाएगी।
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मुंबई का शहरी नवीनीकरण और सत्वा का विजन
मुंबई शहर इस समय ‘अर्बन रिन्यूअल’ यानी शहरी नवीनीकरण के दौर से गुजर रहा है। शहर में 16,000 से अधिक पुरानी इमारतों को सुरक्षा और आधुनिक मानकों के अनुरूप पुनर्विकसित करने की तत्काल आवश्यकता है। सत्वा ग्रुप का प्रवेश ऐसे समय में हुआ है जब सरकार के DCPR 2034 नियमों के तहत रिडेवलपमेंट की संभावनाओं को बढ़ावा मिल रहा है।
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सत्वा ग्रुप के मैनेजिंग डायरेक्टर बिजय अग्रवाल ने इस अवसर पर कहा कि मुंबई में बड़ी संख्या में ऐसी इमारतें हैं जिन्हें सुरक्षित और भविष्य के लिए तैयार घरों में बदलने की जरूरत है। पिछले तीन दशकों से सत्वा ग्रुप तकनीकी दक्षता और समय पर डिलीवरी के लिए जाना जाता है। हम अपनी इसी विरासत को मुंबई में लेकर आए हैं और अगले दशक में शहर के विकास में महत्वपूर्ण योगदान देने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
ग्रुप का दृष्टिकोण केवल निर्माण तक सीमित नहीं है, बल्कि ‘रिहैबिलिटेशन-ओरिएंटेड’ है। मौजूदा निवासियों को अपग्रेडेड सुविधाएं, बेहतर सुरक्षा और एक पारदर्शी प्रक्रिया का अनुभव मिलेगा। इंजीनियरिंग-आधारित डिजाइन और सस्टेनेबिलिटी पर ध्यान केंद्रित करते हुए सत्वा ग्रुप मुंबई को अधिक सुरक्षित और आधुनिक बनाने की ओर अग्रसर है।
