Mumbai में AQI 179 पर, BMC ने 60 निर्माण स्थलों को नोटिस भेजे

Mumbai में हवा और बिगड़ी गई और मायानगरी का AQI 179 पहुंचा। BMC ने प्रदूषण नियंत्रण नियम तोड़ने पर 60 निर्माण स्थलों और RMC प्लांट्स को नोटिस भेजे। बढ़ते प्रदूषण से अस्थमा और बुजुर्ग मरीजों की संख्या ब
Mumbai AQI
मुंबई एक्यूआई (सौ. सोशल मीडिया )
Published on
Updated on

Mumbai AQI Level: शहर में वायु गुणवत्ता लगातार खराब हो रही है। रविवार को वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) बढ़कर 179 हो गया, जो शनिवार को 160 के आसपास था।

वहीं बीएमसी ने प्रदूषण नियंत्रण मानकों का पालन न करने पर 4 वार्डों (शहर के 2 वार्ड और पश्चिमी व पूर्वी उपनगरों के 1-1 वार्ड) में स्थित 60 निर्माण स्थलों और रेडी-मिक्स कंक्रीट (आरएमसी) संयंत्रों को नोटिस जारी किए, जहां एक्यूआई 'खराब' श्रेणी में दर्ज किया गया है। जहरीली हवा के चलते वरिष्ठ नागरिक और अस्थमा से जूझ रहे मरीजों की समस्या बढ़ गई।

मरीजों को बरतनी चाहिए सतर्कता

शहर के 24 एयर-क्वालिटी मॉनिटर्स में से देवनार (180) और मझगांव (177) लगातार 'खराब' एक्यूआई दर्ज करते रहे। वहीं मालाड (182), अंधेरी स्थित चकाला का एक्यूआई 181 रहा। इसके अलावा कोलाबा का एक्यूआई (168) रहा, जो कि शुक्रवार के मुकाबले तिगुना बढ़ोतरी दर्ज किया गया।

विश्व स्वास्थ्य संगठन के मुताबिक, वायु प्रदूषण का रोगियों पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता है। यह अस्थमा और सीओपीडी जैसी पहले से मौजूद बीमारियों को बढ़ा देता है। हार्ट अटैक और स्ट्रोक जैसे हृदय संबंधी घटनाओं के जोखिम को बढ़ाता है।

इसके अलावा फेफड़ों के कैसर, संज्ञानात्मक क्षय (कॉग्निटिव डिक्लाइन) तथा त्वचा संबंधी समस्याओं सहित कई अन्य स्वास्थ्य समस्याओं को भी बढ़ा देता है। जिन व्यक्तियों को पहले से हृदय या फेफड़ों की बीमारियां हैं। वह विशेष रूप से अधिक संवेदनशील होते हैं। जानकारी के मुताबिक, केईएम, जेजे व नायर अस्पताल में अस्थमा व श्वांस से संबंधी मरीजों की तादाद बढ़ रही है।

वायु प्रदूषण सूचकांक पर हम लगातार नजर बनाए हुए है, जिस इलाके में अधिक एक्यूआई दर्ज किया जाता है, वहां बीएमसी त्वरित कार्रवाई करती है। कार्रवाई में नोटिस देना या काम बंद कराना शामिल है। - वरिष्ठ अधिकारी, बीएमसी

हवा की गति धीमी होने से बढ़ता है प्रदूषण

बीएमसी की 15 अक्टूबर 2024 को जारी व्यापक वायु प्रदूषण दिशानिर्देशों के अनुसार, निर्माण स्थलों पर टिन शीट बैरिकेड लगाना, ग्रीन क्लॉथ कवर का उपयोग, ध्वंस कार्य के दौरान नियमित पानी का छिड़काव, मलबे का वैज्ञानिक भंडारण, सामग्री की लोडिंग अनलोडिग के दौरान वाटर फॉगिंग, तथा एयर-क्वालिटी मॉनिटर और डस्ट एक्सट्रैक्शन सिस्टम लगाना अनिवार्य है। दिसंबर 2024 में बीएमसी ने बोरिवली-भायखला में खराब वायु गुणवत्ता के कारण निर्माण गतिविधियां रोक दी थी। विशेषज्ञों का कहना है कि प्रदूषण स्तर में कमी मुख्य रूप से हवा की गति बढ़ने से हुई है, जिससे वाहन और औद्योगिक प्रदूषण से उठने वाला धुआं और चूल तेजी से फैलकर कम हो जाती है। साथ ही दिन के तापमान में वृद्धि भी एक कारण है।

सोमवार से शुक्रवार तक खराब रहती है हवा

बीएमसी के एक अधिकारी ने बताया कि "देवनार, मझगांव, नेवी नगर (कोलाबा), सिद्धार्थ नगर (वर्ली), मलाड पश्चिम, और अंधेरी पूर्व में पिछले तीन दिनों से एक्यूआई लगातार 200 से ऊपर दर्ज हो रहा था। छुट्टी का दिन होने से वायु गुणवत्ता में कुछ सुधार हुआ है। लेकिन अमूमन यह देखने को मिलता है कि सोमवार से शुक्रवार तक यह बढ़ता ही रहता है।

बीएमसी ने शहर के विभिन्न स्थलों में कार्रवाई कर रही है जहां एक्यूआई 200 से अधिक दर्ज किया जा रहा है। इसलिए इन क्षेत्रों की साइटों को नोटिस भेजे गए हैं। यदि वे प्रदूषण नियंत्रण मानकों का पालन नहीं करते, तो आगे कार्रवाई की जाएगी। साथ ही, यदि सभी उपायों के बावजूद एक्यूआई अधिक बना रहता है, तो इन इलाकों में निर्माण गतिविधियों व उद्योग को बंद कर दिया जाएगा।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com