Maharashtra E- Governance Reforms (सोर्सः सोशल मीडिया)
Maharashtra E-Governance Reforms: मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने राज्य के सभी विभागों को प्रशासनिक कार्य में पारदर्शिता, समयबद्धता और विश्वसनीयता के त्रिसूत्र पर काम करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि नागरिकों को सभी सरकारी सेवाएं और योजनाएं एक ही माध्यम से उपलब्ध कराने के लिए ई-गवर्नेंस को प्राथमिकता दी जाए।
सह्याद्री अतिथिगृह में आयोजित कार्यक्रम में ‘150 दिन के ई-गवर्नेंस सुधार’ के तहत उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विभागों और अधिकारियों को मुख्यमंत्री के हाथों सम्मानित किया गया। इस अवसर पर आईटी मंत्री आशीष शेलार, मुख्य सचिव राजेश अग्रवाल और डीजीपी सदानंद दाते सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि अलग-अलग सरकारी वेबसाइट्स से नागरिकों में भ्रम पैदा होता है। इसे खत्म करने के लिए ‘एक राज्य, एक पोर्टल’ की अवधारणा लागू की जाए, जिससे सभी सेवाएं एक ही प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध हों। महा आईडी (एमएएचए आईडी) से मिलेगा सभी योजनाओं का लाभराज्य में ‘महा आईडी’ प्रणाली लागू करने की योजना है, जिसके तहत नागरिकों को एक यूनिक आईडी दी जाएगी। इसी के आधार पर वे सभी सरकारी योजनाओं का लाभ ले सकेंगे। इससे डेटा का दुरुपयोग भी रोका जा सकेगा।
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस यांनी आज सह्याद्री अतिथीगृह, मुंबई येथे 150 दिवसांच्या ई-गव्हर्नन्स सुधारणा तसेच सेवाकर्मी कार्यक्रमांतर्गत माहिती तंत्रज्ञान विभागाच्या 7 प्रकल्पांचे लोकार्पण केले. लोकार्पण करण्यात आलेले प्रकल्प :-
✅ जीपीआर ऑफ 18 सर्व्हिसेस
✅ ग्रॅन्युलर ट्रॅकिंग… pic.twitter.com/1NMTMxk6Ts — CMO Maharashtra (@CMOMaharashtra) March 28, 2026
मुख्यमंत्री ने ई-ऑफिस प्रणाली को पूरी तरह ‘नो पेपर’ बनाने के लिए समयबद्ध योजना तैयार करने के निर्देश दिए। इससे प्रशासनिक कामकाज तेज और पारदर्शी होगा।
कार्यक्रम में ‘महासारथी’ पोर्टल लॉन्च किया गया, जो राज्य की डेटा बैंक के रूप में काम करेगा। इसके माध्यम से सभी विभागों का डेटा एकीकृत होगा और डेटा आधारित निर्णय लेना आसान होगा।
कृषि विभाग का ‘महा-विस्तार’ एआई एप देश में पथदर्शी साबित हुआ है। इसमें कृषि से जुड़ी जानकारी, मौसम पूर्वानुमान और आदिवासी भाषाओं का समावेश है। मुख्यमंत्री ने अन्य विभागों को भी एआई तकनीक अपनाने का आह्वान किया।
पिछले 150-200 दिनों में 42 विभागों की समीक्षा कर करीब 40,000 कर्मचारियों को पदोन्नति दी गई है। साथ ही आई गॉट (आईजीओटी) प्लेटफॉर्म पर महाराष्ट्र देश में पहले स्थान पर है।