मुंबई: मानसून से पहले BMC का महाअभियान, 5 महीनों में 32 लाख घरों की जांच, हजारों डेंगू-मलेरिया के लार्वा नष्ट
BMC Anti Dengue Malaria Campaign 2026: मानसून से पहले बीएमसी का बड़ा एक्शन। 32 लाख से अधिक घरों की जांच कर डेंगू-मलेरिया के हजारों लार्वा किए नष्ट।
- Written By: अनिल सिंह
मुंबईकरों को मलेरिया से बचाने के लिए बीएमसी ने झोंकी ताकत (फोटो क्रेडिट-X)
BMC Monsoon Preventive Measures: मुंबई में हर साल मानसून की शुरुआत के साथ ही जलजमाव और उमस के कारण वेक्टर जनित बीमारियों (Vector-borne diseases) का खतरा कई गुना बढ़ जाता है। इस वर्ष नागरिकों को महामारी से बचाने के लिए बीएमसी ने समय से पहले ही ‘सर्च एंड डिस्ट्रॉय’ (ढूंढो और नष्ट करो) नीति पर काम शुरू कर दिया है। बीएमसी के कीटनाशक विभाग ने पिछले पांच महीनों में मुंबई के विभिन्न हिस्सों में कुल 22,080 बार ऑन-फील्ड विजिट्स की हैं। इस दौरान विभाग की टीमों ने न केवल मच्छरों के ठिकानों को खोजा, बल्कि 30 लाख 17 हजार 220 घरों के आसपास सघन फॉगिंग भी सुनिश्चित की है।
बीएमसी कमिश्नर श्रीमती अश्विनी भिडे के सीधे मार्गदर्शन में कीटनाशक विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों को दैनिक और साप्ताहिक लक्ष्य निर्धारित कर काम करने के निर्देश दिए गए हैं। कमिश्नर भिडे खुद शहर और उपनगरों के विभिन्न संवेदनशील इलाकों का औचक निरीक्षण कर रही हैं। वे कीटनाशक चौकियों पर जाकर वहां के फील्ड वर्कर्स से सीधा संवाद साध रही हैं और काम के दौरान आने वाली व्यावहारिक दिक्कतों को समझकर तत्काल निवारण भी कर रही हैं।
1,000 से अधिक कर्मियों की फौज तैनात
बीएमसी कमिश्नर अश्विनी भिडे ने बताया कि वर्तमान में कीटनाशक विभाग के 1,000 से अधिक कर्मचारी और अधिकारी मुंबई के चप्पे-चप्पे में मुस्तैदी से काम कर रहे हैं। इस अभियान के दौरान सोसायटियों की छतों पर रखी पानी की टंकियों, झुग्गी-झोपड़ियों के ड्रमों, छतों पर लगी तिरपालों, गमलों के नीचे रखी प्लेटों, फेंकी गई प्लास्टिक की बोतलों और टायरों की बारीक जांच की जा रही है। विभाग ने कार्रवाई करते हुए 540 पुराने टायरों और जलजमाव का कारण बनने वाली 1,16,251 कबाड़ की वस्तुओं को जब्त कर नष्ट कर दिया है।
सम्बंधित ख़बरें
महिला ने 2 साल के बेटे संग कुएं में कूदकर दी जान, पति समेत 7 लोगों पर मामला दर्ज
संभाजीनगर: MP लॉ कॉलेज और फाइंडेबिलिटी साइंसेज के बीच करार; शुरू होगा देश का पहला समर्पित लीगल AI कोर्स
महाराष्ट्र मांसाहारी हैं; बकरीद की कुर्बानी पर चल रहें विवाद पर संजय राउत ने ऐसा क्यों कहा?
महाराष्ट्र महायुति में घमासान के बीच अचानक दिल्ली पहुंचे CM फडणवीस, PM मोदी से की मुलाकात, जानें क्या हुई बात
ये भी पढ़ें- Bakrid 2026: बकरीद की तारीख़ का कंफ्यूज़न ख़त्म, यहां जानिए कब मनेगी, और जानिए क्यों दी जाती है कुर्बानी
4,000 कंस्ट्रक्शन साइट्स पर सुरक्षा अधिकारियों को दी गई विशेष ट्रेनिंग
मुंबई में चल रहे हजारों निर्माण कार्यों और रिडेवलपमेंट प्रोजेक्ट्स को मच्छरों का सबसे बड़ा गढ़ माना जाता है। इसे ध्यान में रखते हुए बीएमसी ने मुंबई के करीब 4,000 निर्माणाधीन और पुनर्विकास परियोजनाओं (Building Redevelopment Projects) की सूची तैयार की है। इन सभी निर्माण स्थलों पर तैनात सुरक्षा अधिकारियों और साइट इंजनों को बीएमसी के विशेषज्ञों द्वारा विशेष प्रशिक्षण दिया गया है। इस ट्रेनिंग का उद्देश्य निर्माण स्थलों पर जमा होने वाले पानी में एंटी-लार्वा दवाओं का छिड़काव सुनिश्चित करना है ताकि वहां मच्छर न पनप सकें।
स्वास्थ्य विभाग और कीटनाशक विभाग का संयुक्त एक्शन प्लान
महानगरपालिका के सार्वजनिक स्वास्थ्य विभाग (Public Health Department) और कीटनाशक विभाग की टीमें संयुक्त रूप से उन हॉटस्पॉट्स की पहचान कर रही हैं जहां पिछले साल डेंगू और मलेरिया के सर्वाधिक मामले दर्ज किए गए थे। बीएमसी प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि दवाओं का नियमित छिड़काव, फॉगिंग और फॉल्टी ड्रेनेज की मरम्मत का काम मानसून के आने तक और उसके बाद भी अविरत रूप से जारी रहेगा। कमिश्नर भिडे ने मुंबईकरों से भी अपील की है कि वे अपने घरों और सोसायटियों में पानी को जमा न होने दें और बीएमसी की जांच टीमों का सहयोग करें।
