Jalna Municipal Corporation पर 102 करोड़ का कर बकाया, दिवाली के बाद सख्त वसूली अभियान

Jalna की आर्थिक स्थिति गंभीर होती जा रही है। संपत्ति कर का बकाया 102 करोड़ तक पहुंच गया है। दिवाली के बाद विशेष वसूली अभियान शुरू होगा, वहीं आयुक्त खांडेकर जेल भेजे जाने से प्रशासनिक संकट गहराया है।
जालना महानगर पालिका
जालना महानगर पालिका (सौ. सोशल मीडिया )
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Jalna News In Hindi: जालना मनपा की वित्तीय स्थिति लगातार बिगड़ती जा रही है। शहर में संपत्ति कर का बकाया अब 102 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है।

मनपा प्रशासन ने अब कर वसूली पर जोर देने के लिए मांग पत्रों का वितरण शुरू कर दिया है और दिवाली के बाद विशेष वसूली अभियान चलाने की योजना बनाई है।

पिछले वित्तीय वर्ष में मनपा के कर्मचारियों ने करीब 20 से 22 करोड़ रुपये की रिकॉर्ड वसूली की थी, लेकिन अप्रैल 2025 के बाद वसुली लगभग ठप पड़ गई। अब प्रशासन ने लक्ष्य रखा है कि मार्च 2026 तक कम से कम 80 प्रतिशत बकाया कर वसूला जाए, कर विभाग की हालिया बैठक में कर्मचारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि वे घर-घर जाकर बकाया और चालू कर की वसूली करें।

अधिकारियों से कहा गया है कि वे वसूली में तेजी लाएं ताकि अगले वित्तीय वर्ष की शुरुआत से पहले राजस्व में सुधार हो सके। पिछले वर्ष तत्कालीन अतिरिक्त आयुक्त प्रियंका राजपूत ने खुद फील्ड में उतरकर संपत्ति जब्ती अभियान चलाया था, जिससे वसूली में काफी सुधार हुआ था। इस बार भी प्रशासन ने उसी तरह की सख्त कार्रवाई की तैयारी कर ली है।

रिश्वत मामले में खांडेकर को कोर्ट ने भेजा जेल

हालांकि, इस बीच मनपा में प्रशासनिक संकट भी गहराता जा रहा है। आयुक्त खांडेकर पर भ्रष्टाचार निरोधक विभाग की कार्रवाई के बाद उनके पद पर लौटने की संभावना नहीं है। ऐसे में सरकार को जल्द ही जालना नगर निगम के लिए नए आयुक्त की नियुक्ति करनी पड़ सकती है अधिकारियों का कहना है कि यदि समय रहते नए आयुक्त की नियुक्ति नहीं हुई और वसूली पर ध्यान नहीं दिया गया, तो निगम की आर्थिक स्थिति और खराब हो सकती है, प्रशासन ने उम्मीद जताई है कि दिवाली के बाद शुरू होने वाला यह कर वसूली अभिधान नगर निगम के राजस्व में नई जान फूंक सकता है।