रामसागर तालाब समस्याओं से घिरा, सौंदर्यीकरण की मांग तेज, प्रशासन कर रहा अनदेखी
Lake Pollution Issue: आरमोरी के ऐतिहासिक रामसागर तालाब में भारी गंदगी, नालों का पानी और प्रशासन की अनदेखी से हालत बदतर है। नागरिकों ने तुरंत सौंदर्यीकरण और स्वच्छता अभियान की मांग की।
- Written By: आंचल लोखंडे
रामसागर तालाब समस्याओं से घिरा (सौजन्यः सोशल मीडिया)
Ramsagar Lake Armori: शैक्षणिक, धार्मिक और राजनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण आरमोरी शहर अपनी ऐतिहासिक पहचान के लिए प्रसिद्ध है। शहर के मध्य स्थित दुर्गा माता मंदिर, राम मंदिर, हनुमान मंदिर और हेमाडपंथी मंदिर इस क्षेत्र की आस्था का केंद्र हैं। इन्हीं देवस्थानों के पास स्थित रामसागर तालाब शहर की सांस्कृतिक विरासत का अहम हिस्सा है। एक समय अपने प्राकृतिक सौंदर्य के लिए चर्चित रहा यह तालाब आज उपेक्षा का शिकार होकर गंदगी, दुर्गंध और कचरे से घिरा हुआ है।
लोकप्रिय धार्मिक स्थल से सटे इस ऐतिहासिक तालाब की स्थिति अत्यंत दयनीय हो चुकी है। दुर्गादेवी घटस्थापना अवधि में जिले और विदर्भ क्षेत्र से आने वाले लाखों श्रद्धालु यहां दर्शन के लिए पहुंचते हैं, लेकिन तालाब के आसपास फैली गंदगी शहर की छवि को खराब कर रही है। शहर के कई वार्डों का कचरा, नालियों का गंदा पानी और मलमूत्र सीधे तालाब में छोड़ा जाता है। इसके अलावा, लोग खुले में शौच भी करते हैं, जिससे तालाब गंभीर प्रदूषण की चपेट में है।
नागरिकों में रोष बढ़ता जा रहा
तालाब से सटे विद्यालय, आंगनवाड़ी और नागरिकों के घरों पर भी इसका स्वास्थ्य संबंधी प्रभाव पड़ रहा है। आरमोरी को वर्ष 2018 में नगर पंचायत का दर्जा मिलने के बाद बड़ी निधि प्राप्त हुई, लेकिन कई वर्षों से तालाब के सौंदर्यीकरण के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। प्रशासन और जनप्रतिनिधियों की उदासीनता के कारण नागरिकों में रोष बढ़ता जा रहा है। स्थानीय लोगों ने नगर परिषद से तत्काल उपाययोजना कर तालाब की सफाई और सौंदर्यीकरण की मांग की है।
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पदाधिकारियों को ध्यान देने की आवश्यकता
नागरिक हरीजी दुमाने ने कहा कि देवस्थान के पास स्थित इस ऐतिहासिक रामसागर तालाब में नालियों से गंदा पानी और मलमूत्र गिराए जाने से गंभीर प्रदूषण फैल गया है। तालाब का अस्तित्व खतरे में है। पिछले कई वर्षों से सौंदर्यीकरण की मांग की जा रही है, लेकिन ग्राम पंचायत से लेकर नगर परिषद प्रशासन तक सभी ने अनदेखी की है।
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समस्या हल करने का करेंगे प्रयास
नप आरमोरी मुख्याधिकारी प्रतेश मगरे ने कहा कि तालाब के सौंदर्यीकरण के लिए पूर्व नगर परिषद प्रशासन ने वरिष्ठ अधिकारियों के समक्ष प्रस्ताव रखा था। निरीक्षण भी हुआ था, फिर भी कार्य शुरू नहीं हो सका जो निराशाजनक है। मैं स्वयं प्रशासनिक स्तर पर तथा पदाधिकारियों के सहयोग से इस समस्या को प्राथमिकता देकर हल करने का प्रयास करूंगा।
