संतोष देशमुख हत्याकांड: कोर्ट में पहली बार बोला वाल्मीक कराड, जज ने पढ़कर सुनाए आरोप

Santosh Deshmukh Murder Case: बीड सरपंच संतोष देशमुख हत्या केस में आरोप तय। वाल्मिक कराड ने आरोप अस्वीकार किए। अगली सुनवाई 8 जनवरी को। उज्ज्वल निकम बोले- सबूत पेशी जल्द होगी।
Walmik Karad Santosh Deshmukh Death Case
वाल्मिक कराड व संतोष देशमुख (सोर्स: AI)
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Walmik Karad Court Statement: बीड जिले के मस्साजोग गांव के सरपंच संतोष देशमुख हत्याकांड मामले में आज (23 दिसंबर) बीड जिला एवं सत्र न्यायालय में अहम सुनवाई हुई। यह इस मामले की 23वीं सुनवाई थी, जिसमें कोर्ट ने सभी आरोपियों पर औपचारिक रूप से आरोप तय कर दिए। इस दौरान जज ने मुख्य आरोपी वाल्मीक कराड समेत सभी आरोपियों से सीधे सवाल किए।

जज ने पढ़कर सुनाए आरोप, आरोपियों ने किया इनकार

सुनवाई के दौरान जज ने पूरे घटनाक्रम को विस्तार से पढ़कर सुनाया और आरोपियों से पूछा कि क्या वे अपने ऊपर लगे आरोप स्वीकार करते हैं। इस पर मुख्य आरोपी वाल्मीक कराड और अन्य सभी आरोपियों ने आरोप स्वीकार करने से साफ इनकार कर दिया। खास बात यह रही कि यह पहला मौका था, जब वाल्मीक कराड ने खुद कोर्ट में बोलते हुए कहा कि वह आरोपों को स्वीकार नहीं करता।

हत्या का वीडियो मिलने के बाद तय हुए आरोप

पिछली सुनवाई में आरोपी विष्णु चाटे की जमानत याचिका पर बहस हुई थी। वहीं, संतोष देशमुख की हत्या से जुड़े वीडियो आरोपियों के वकीलों को सौंपे जाने के बाद आज कोर्ट ने सभी आरोपियों पर आरोप तय किए। अब मामले में साक्ष्य पेश करने की प्रक्रिया शुरू होने की उम्मीद है।

उज्ज्वल निकम बोले- रंगदारी का विरोध बना हत्या की वजह

विशेष सरकारी वकील उज्ज्वल निकम ने सुनवाई के बाद कहा कि संतोष देशमुख की हत्या रंगदारी मांगने के प्रयास का विरोध करने के कारण की गई। उन्होंने आरोप लगाया कि बचाव पक्ष के वकील लगातार मामले को लंबा खींचने और भ्रम फैलाने की कोशिश कर रहे हैं। निकम ने बताया कि कोर्ट से अनुरोध किया गया है कि मुकदमे की गति तेज की जाए और जल्द से जल्द सबूत पेश किए जाएं।

अगली सुनवाई 8 जनवरी को

कोर्ट ने विशेष सरकारी वकील उज्ज्वल निकम की दलील के बाद मामले की अगली सुनवाई 8 जनवरी 2026 को तय की है। इस दिन से गवाहों और सबूतों को पेश करने की प्रक्रिया आगे बढ़ने की संभावना है।

क्या है संतोष देशमुख हत्याकांड?

9 दिसंबर 2024 को बीड जिले के केज तालुका के मस्साजोग गांव के सरपंच संतोष देशमुख की बेरहमी से हत्या कर दी गई थी। आरोप है कि छह लोगों ने उन्हें टाकली इलाके में ले जाकर पीटा। इस हमले के वीडियो और तस्वीरें आरोपियों ने खुद अपने मोबाइल में रिकॉर्ड की थीं। पुलिस को आरोपियों के पास से 15 वीडियो और 8 तस्वीरें मिली हैं, जिनमें मारपीट और जश्न मनाते दृश्य दिखाई देते हैं। जब ये वीडियो सामने आए, तो पूरे महाराष्ट्र में भारी आक्रोश फैल गया।

चार्जशीट में दर्ज 1800 पन्नों का ब्योरा

इस मामले की पहली सुनवाई 12 मार्च को हुई थी। पुलिस ने कोर्ट में करीब 1800 पन्नों की चार्जशीट दाखिल की है, जिसमें हत्या की पूरी साजिश, घटनाक्रम और सबूतों का विस्तृत विवरण शामिल है। यह मामला अब भी पूरे राज्य में चर्चा का विषय बना हुआ है।

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