चिखलदरा में एसटी चालक पर हमला, आरोपी को कोर्ट ने ठहराया दोषी, 10 साल पुराना मामला
Chikhaldara Assault Case News: अमरावती के चिखलदरा थाना क्षेत्र में एसटी बस चालक से मारपीट करने वाले ऑटो रिक्शा चालक को अचलपुर जिला न्यायालय ने 3 महीने के सश्रम कारावास और जुर्माने की सजा सुनाई।
Achalpur district court (सोर्शः फाइल फोटो- सोशल मीडिया)
Achalpur District Court News: चिखलदरा थाना क्षेत्र में एक बस चालक के साथ मारपीट करने वाले ऑटो रिक्षा चालक को अचलपुर जिला न्यायालय क्रमांक 2 ने दोषी करार देते हुए 3 महीने के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। सजा पाए आरोपी का नाम प्रफुल्ल रवींद्र नितनवरे 25, ठोकबर्डी है।
यह घटना करीब दस साल पहले 2016 में हुई थी। इस मामले में एसटी बस चालक अमोल सुरेश गुढधे ने शिकायत दर्ज कराई। बस चालक से की थी मारपीट घटना 20 नवंबर को मेलघाट के नागापुर फाटे के सामने हुई थी। अमोल गुढधे महाराष्ट्र राज्य परिवहन निगम में बस चालक के रूप में कार्यरत हैं।
नागापुर फाटे पर बस चालक से मारपीट
घटना के दिन वे परतवाड़ा डिपो की बस क्र।एमएच 7 / सी 9479 लेकर परतवाड़ा से नागापुर होते हुए धारणी की ओर जा रहे थे। रास्ते में नागापुर फाटे के पास प्रफुल्ल नितनवरे ने अपने ऑटो रिक्शा से बस को ओवरटेक किया। इसके बाद बिना किसी वजह के उसने बस चालक गुढधे के साथ गालीगलौज करते हुए मारपीट शुरू कर दी।
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इस हाथापाई में गुढधे के दाहिने हाथ में चोट आई और उनकी वर्दी का बटन भी टूट गया। चालक गुढधे की शिकायत पर चिखलदरा पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज किया था। इस मामले की जांच तत्कालीन हवालदार गजानन वर्मा ने की थी।9 लोगों की गवाहीइस केस की सुनवाई जिला न्यायाधीश2 सागर पाटिल की अदालत में हुई।
अमरावती के मारपीट मामले में अदालत का सख्त फैसला
सरकारी पक्ष की ओर से एडवोकेट नवले ने दलीलें पेश कीं। मुकदमे के दौरान कुल 9 गवाहों के बयान दर्ज किए गए। दोनों पक्षों की दलीलों और सबूतों के आधार पर अदालत ने आरोपी को दोषी पाया। न्यायालय ने प्रफुल्ल नितनवरे को 3 महीने के सश्रम कारावास और २ हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। कोर्ट ने अपने आदेश में यह भी स्पष्ट किया है कि यदि आरोपी जुर्माना नहीं भरता है, तो उसे 15 दिन की अतिरिक्त सश्रम जेल काटनी होगी। इस मामले में पैरवी अधिकारी के रूप में हवालदार गौरव ठाकुर ने जिम्मेदारी निभाई।
