Easter Sunday: क्यों आखिर ईस्‍टर संडे पर उपहार में दिए जाते हैं अंडे, क्या है खास कनेक्शन

देश के अंतरिक्ष के इस सफर में 19 अप्रैल का खास महत्व है। दरअसल यही वह दिन है जब भारत रूस की मदद से अपना पहला उपग्रह आर्यभट्ट प्रक्षेपित कर अंतरिक्ष युग में दाखिल हुआ।
क्‍या है ईस्‍टर संडे और अंडे का कनेक्‍शन
क्‍या है ईस्‍टर संडे और अंडे का कनेक्‍शन (सौ. सोशल मीडिया)
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Easter Sunday: जैसा कि, बीते दिन ईसाई धर्म में गुड फ्राइडे मनाया गया है वहीं पर आने वाले दिन 20 अप्रैल को ईस्टर संडे के तौर पर मनाने की तैयारी जारी है। गुड फ्राइडे और ईस्टर संडे आने से पहले ही ईयाई धर्म के लोग तैयारियां शुरू कर देते है। गुड फ्राइडे को जहां पर शोक का दिन कहते हैं वहीं यह दिन सभी लोगों के लिए खास होता है। ईस्टर संडे से जुड़ी परंपरा आज भी निभाई जाती है। दरअसल इस दिन को अंडे से जोड़कर देखा जाता है।

क्या होता है ईस्टर संडे

यह दिन ईसाई धर्म में महत्व रखता है। देश में ईस्टर संडे के मौके पर सजावट होती है तो वहीं पर मोमबत्तियां जलाकर हर तरफ रोशनी कर दी जाती है। इस मौके पर ईसाई धर्म के लोग घरों में भी मोमबत्तियां जलाते हैं। इस मौके पर यीशू को याद करते हैं और बाइबल का पाठ करते हैं। इसके अलावा इस दिन लोग एक दूसरे को ईस्‍टर की बधाई देते हैं और गिफ्ट देते हैं।

ईस्टर संडे पर अंडे का क्या होता है महत्व

यहां पर ईस्टर संडे के मौके पर अंडे का महत्व होता है। इसे लेकर ईसाई धर्म के लोगों का मानना है कि, अंडे नए जीवन का संदेश देते हैं और ईस्‍टर संडे के दिन जीसस भी दोबारा जीवित हुए थे। इसकी वजह से इस दिन अंडे का विशेष महत्‍व माना गया है। ईस्टर वाले दिन अंडों को विशेष रूप से सजाया जाता है,अंडों पर तरह-तरह की कलाकृतियां उकेरी जाती है और एक दूसरे को अंडे गिफ्ट के तौर पर दिए जाते हैं।

गुड फ्राइडे का महत्व

यहां पर गुड फ्राइडे को भले ही गुड मानते है लेकिन इसे शोक दिवस के रूप में माना जाता है। इस दिन ईसाई समुदाय के लोग चर्च में जाकर प्रार्थना करते हैं और तमाम लोग यीशू के लिए उपवास भी रखते हैं।  यहां पर उपवास को करने के बाद मीठी रोटी बनाकर खाई जाती है. इस‍ दिन मंदिर में घंटे की बजाय लकड़ी के खटखटे बजाए जाते हैं. लोग दान-पुण्‍य वगैरह करते हैं और बढ़चढ़कर अच्‍छे काम करते हैं. साथ ही इस दिन प्रभु यीशु के उपदेशों का स्मरण किया जाता है।

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