‘सरकार ने DDLJ नीति अपनाई’, SC ने राहुल गांधी को फटकारा तो भड़की कांग्रेस, चीन को लेकर दागे 8 सवाल
Jairam Ramesh News: कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने कहा कि मोदी सरकार 1962 के बाद भारत को हुए अब तक के सबसे बड़े भूभाग के नुकसान के लिए जिम्मेदार है।
- Written By: अर्पित शुक्ला
कांग्रेस नेता जयराम रमेश (Image- Social Media)
Rahul Gandhi News: कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने चीन के साथ सीमा विवाद को लेकर केंद्र सरकार से सवाल पूछे हैं। कांग्रेस नेता ने एक्स पर पोस्ट कर कहा कि 15 जून 2020 को गलवान में जब हमारे 20 बहादुर सैनिक शहीद हुए तभी से हर देशभक्त भारतीय के मन में कुछ सवाल उठ रहे हैं, जो जरूरी हैं। जयराम रमेश ने बीजेपी सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि बीते 5 सालों में मोदी सरकार ने इन सवालों के जवाब देने के बजाय सच्चाई को छुपाने और भटकाने की नीति अपनाई है, जिसे हम DDLJ नीति कह सकते हैं।
DDLJ का मतलब समझाते हुए जयराम रमेश ने लिखा कि Deny (इनकार), Distract (ध्यान भटकाओ), Lie (झूठ बोलो) और Justify (सफाई दो)।
कांग्रेस नेता ने पूछे 8 सवाल
- 19 जून 2020 को यानी गलवान में हमारे सैनिकों की शहादत के महज चार दिन बाद पीएम मोदी ने यह क्यों कहा कि ‘ना कोई हमारी सीमा में घुस आया है, ना ही कोई घुसा हुआ है?’ क्या यह चीन को दी गई क्लीन चिट नहीं थी?
- सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने कहा है कि हम अप्रैल 2020 की यथास्थिति पर लौटना चाहते हैं। कांग्रेस नेता ने पूछा कि क्या 21 अक्टूबर 2024 को हुआ वापसी समझौता हमें वास्तव में उसी यथास्थिति पर ले जाता है?
- कांग्रेस नेता ने सवाल उठाया कि क्या यह सच नहीं है कि आज भारतीय गश्त दलों को डेपसांग, डेमचोक और चुमार में अपने ही पेट्रोलिंग प्वाइंट तक जाने के लिए अब चीनी सहमति की जरूरत पड़ती है, जबकि पहले वे भारत के क्षेत्रीय अधिकारों का स्वतंत्र रूप से उपयोग करते थे?
- क्या यह सही नहीं है कि गलवान, हॉट स्प्रिंग और पैंगोंग झील क्षेत्र में भारतीय पेट्रेलिंग टीम को उन इलाकों तक पहुंचने से ‘बफर जोन’ की वजह से रोका जा रहा है, जबकि यह बफर जोन भारत के दावे की रेखा के भीतर ही स्थित हैं?
- क्या 2020 में यह व्यापक रूप से रिपोर्ट नहीं किया गया था कि पूर्वी लद्दाख का लगभग 1,000 वर्ग किलोमीटर इलाका चीनी नियंत्रण में है, जिसमें डेपसांग का 900 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र भी शामिल हैं?
- क्या यह सच नहीं है कि लेह के पुलिस अधीक्षक ने पुलिस महानिदेशकों के वार्षिक सम्मेलन में एक पेपर प्रस्तुत किया था, जिसमें उन्होंने कहा था कि भारत ने पूर्वी लद्दाख में 65 में से 26 पेट्रोलिंग प्वाइंट तक अपनी पहुंच खो दी है?
- क्या ये सच नहीं है कि चीन से आयात तेजी से बढ़ रहा है- विशेष रूप से इलेक्ट्रॉनिक्स, बैटरी तथा सौर सेल जैसे क्षेत्रों में? भारत का टेलीकॉम, फार्मा और इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर चीनी आयात पर अत्याधिक निर्भर हो गया है? जयराम रमेश ने पूछा कि क्या ये भी सही नहीं है कि 2024-25 में चीन के साथ व्यापार घाटा रिकॉर्ड 99.2 बिलियन डॉलर तक पहुंच गया?
- क्या यह सच नहीं है कि मोदी सरकार आज एक ऐसे देश के साथ रिश्ते सामान्य करने की कोशिश कर रही है, जो ऑपरेशन सिंदूर के दौरान पाकिस्तान की सैन्य कार्रवाई में अहम भूमिका निभाया था. उसने पाकिस्तान को J-10C लड़ाकू विमान और हवा से हवा में मार करने वाली PL-15 मिसाइल जैसी हथियार प्रणालियां प्रदान की थीं और जैसा कि 4 जुलाई, 2025 को उप-सेना प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल राहुल आर. सिंह ने कहा था कि भारतीय सैन्य अभियानों पर लाइव इनपुट भी उपलब्ध कराया।
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मोदी सरकार पर बोला हमला
कांग्रेस नेता ने मोदी सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि सच्चाई ये है कि 1962 के बाद भारत को हुए अब तक के सबसे बड़े भूभाग के नुकसान के लिए केंद्र सरकार जिम्मेदार है। उन्होंने आगे कहा कि अपनी कायरता और गलत आर्थिक प्राथमिकताओं के चलते वो अब चीन जैसे दुश्मन देश के साथ सब कुछ सामान्य करने की कोशिश कर रही है।
