- Hindi News »
- India »
- Covid Vaccine Side Effects Supreme Court Order Compensation Policy Center
कोविड वैक्सीन से नुकसान पर सुप्रीम कोर्ट का ऐतिहासिक फैसला, अब केंद्र को बनानी होगी मुआवजा नीति
SC On COVID Vaccine: सुप्रीम कोर्ट ने कोविड वैक्सीन के दुष्प्रभावों से जान गंवाने वालों के परिजनों के लिए केंद्र को 'नो-फॉल्ट' मुआवजा नीति बनाने का निर्देश दिया है। इससे पीड़ित परिवारों को राहत मिलेगी
- Written By: प्रतीक पाण्डेय

कोविड वैक्सीन पर सुप्रीम कोर्ट का बयान, फोटो- सोशल मीडिया
Supreme Court Order On COVID Vaccine: कोविड-19 के दौर में वैक्सीन एक सुरक्षा कवच बनकर आई थी, लेकिन कुछ परिवारों के लिए यह सुरक्षा ही एक गहरा जख्म दे गई। लंबे समय से वैक्सीन के दुष्प्रभावों और उनसे होने वाली मौतों को लेकर कानूनी गलियारों में एक बहस छिड़ी हुई थी। अब इस मामले में देश की सर्वोच्च अदालत ने एक ऐसा संवेदनशील और महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है, जो सीधे तौर पर उन आम नागरिकों से जुड़ा है जिन्होंने अपनों को खोया है।
न्यायमूर्ति विक्रम नाथ और न्यायमूर्ति संदीप मेहता की पीठ ने केंद्र सरकार को स्पष्ट निर्देश दिया है कि वह वैक्सीन से हुए गंभीर स्वास्थ्य नुकसान के लिए एक ठोस मुआवजा नीति तैयार करे।
काम आई बेटियों को खोने वाले माता-पिता की गुहार
यह कानूनी लड़ाई उन माता-पिता के धैर्य और संघर्ष की कहानी है, जिनकी दो जवान बेटियों की मौत कोविड वैक्सीन के दुष्प्रभावों के कारण हो गई थी। अपनी संतानों को खोने के बाद इन माता-पिता ने अदालत का दरवाजा खटखटाया और मांग की कि ऐसी मौतों की जांच के लिए एक विशेष कमेटी बनाई जाए।
सम्बंधित ख़बरें
शाही जामा मस्जिद या हरिहर मंदिर? संभल विवाद पर आज सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई, मुस्लिम पक्ष ने दायर की है याचिका
आखिर सुप्रीम कोर्ट के जज वकीलों को क्यों दी दीवार और काला पत्थर देखने की नसीहत, समझाया हिंदी सिनेमा का महत्व
क्या मैं आतंकवादी हूं…? पवन खेड़ा ने सुप्रीम कोर्ट से पूछा, अग्रिम जमानत बढ़ाने से अदालत का इनकार
अरविंद केजरीवाल के जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा के खिलाफ हलफनामे के बाद सुप्रीम कोर्ट पहुंची CBI, जानें क्या कहा
उनकी याचिका में एक बहुत ही मानवीय पक्ष था- वे चाहते थे कि सरकार ऐसी गाइडलाइंस तैयार करे जिससे भविष्य में दुष्प्रभावों का समय पर पता लगाया जा सके और पीड़ितों को सही इलाज मिल सके।
सुप्रीम कोर्ट ने उनके इस दर्द को समझा और माना कि जिन परिवारों ने वैक्सीन के कारण अपने सदस्यों को खोया है, उन्हें अकेला नहीं छोड़ा जा सकता।
गलती किसकी है यह पूछे बिना मिलेगा मुआवजा
सुप्रीम कोर्ट ने इस आदेश में एक बहुत ही महत्वपूर्ण कानूनी सिद्धांत का जिक्र किया है, जिसे ‘नो-फॉल्ट’ आधार कहा जाता है। इसका सीधा सा मतलब यह है कि मुआवजा देते समय यह बहस नहीं की जाएगी कि गलती किसकी थी या वैक्सीन बनाने वाली कंपनी जिम्मेदार थी या सरकार। पीड़ित परिवार को राहत सिर्फ इसलिए दी जाएगी क्योंकि उन्हें वैक्सीन के कारण नुकसान उठाना पड़ा है। हालांकि, अदालत ने संतुलन बनाए रखते हुए यह भी स्पष्ट किया कि इस मुआवजे को सरकार की किसी विफलता या गलती की स्वीकारोक्ति के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए।
विशेषज्ञ कमेटी की मांग खारिज
अदालत ने जहां मुआवजे पर केंद्र को कड़े निर्देश दिए, वहीं कुछ मांगों पर सरकार के मौजूदा ढांचे पर भरोसा भी जताया। याचिकाकर्ताओं ने मांग की थी कि मौतों की जांच के लिए एक नई विशेषज्ञ कमेटी बनाई जाए, लेकिन कोर्ट ने इससे इनकार कर दिया। अदालत का मानना है कि केंद्र सरकार ने वैक्सीन के दुष्प्रभावों की निगरानी के लिए पहले से ही एक व्यवस्था बना रखी है और नई कमेटी की फिलहाल जरूरत नहीं है।
यह भी पढ़ें: ममता का मास्टरस्ट्रोक: चुनाव से पहले कानून मंत्रालय अपने पास लिया, आखिर क्या है ‘दीदी’ का मेगा प्लान?
हालांकि, कोर्ट ने यह शर्त जरूर रखी है कि इस निगरानी व्यवस्था से मिलने वाला डेटा समय-समय पर सार्वजनिक किया जाए ताकि लोगों में पारदर्शिता बनी रहे।
केरल हाईकोर्ट से शुरू हुआ सफर और केंद्र की कानूनी आपत्तियां
इस पूरे मामले की जड़ें साल 2022 में केरल हाईकोर्ट के एक फैसले में छिपी हैं। तब एक महिला ने अपने पति की मौत के बाद मुआवजे की मांग की थी, जिस पर हाईकोर्ट ने नेशनल डिजास्टर मैनेजमेंट अथॉरिटी (NDMA) को गाइडलाइंस बनाने को कहा था। केंद्र सरकार ने तब इस आदेश को यह कहते हुए चुनौती दी थी कि कोविड-19 तो एक आपदा है, लेकिन वैक्सीन से होने वाली मौतें आपदा की श्रेणी में नहीं आतीं।
केंद्र का तर्क था कि इसके लिए डिजास्टर मैनेजमेंट के तहत कोई नीति मौजूद नहीं है। लेकिन अब सुप्रीम कोर्ट ने इन सभी तकनीकी दलीलों से ऊपर उठकर मानवीय संवेदनाओं को प्राथमिकता दी है और केंद्र को एक नई नीति बनाने का रास्ता दिखा दिया है।
Covid vaccine side effects supreme court order compensation policy center
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
Topics:
लेटेस्ट न्यूज़
ट्रंप की मंत्री को पूल पार्टी करना पड़ा भारी, विवाद के बाद देना पड़ा इस्तीफा, लगे कई और गंभीर आरोप
Apr 21, 2026 | 02:02 PMVenezuela में अमेरिका के कड़े आर्थिक प्रतिबंधों के खिलाफ शुरू हुआ देशव्यापी आंदोलन
Apr 21, 2026 | 01:56 PMएयरपोर्ट पर अनुष्का ने किसके छुए पैर? सोशल मीडिया पर VIDEO हो रहा वायरल, पीछे खड़े विराट कोहली मुस्कुराते रहे
Apr 21, 2026 | 01:55 PMआखिर क्यों पहले ओवर में हार्दिक पांड्या को आई Jasprit Bumrah की याद, कप्तान ने राज से उठाया पर्दा
Apr 21, 2026 | 01:54 PM‘देवेंद्र फडणवीस, आप महिलाओं से घृणा करते हैं’; सुषमा अंधारे का पलटवार, खुली चर्चा की चुनौती स्वीकार
Apr 21, 2026 | 01:53 PMसंभाजीनगर में मनोनीत नगरसेवकों की सूची जारी, 80 आवेदनों में से 10 का चयन; मनपा में नई एंट्री
Apr 21, 2026 | 01:51 PMPune Municipal Corporation में नारी शक्ति विधेयक पर हंगामा, भाजपा-कांग्रेस में तीखी नोकझोंक
Apr 21, 2026 | 01:51 PMवीडियो गैलरी

मजदूरी मांगने पर ईंट भट्ठा मालिक की हैवानियत, मजदूर को बेरहमी से पीटने के बाद समझौते का बनाया दबाव
Apr 20, 2026 | 11:41 PM
‘भारत की आस्था को दुनिया की कोई भी ताकत डिगा नहीं पाई..,’ योगी आदित्यनाथ ने सनातन आस्था को बताया शाश्वत
Apr 20, 2026 | 11:10 PM
पटना में महिला आरक्षण को लेकर NDA कार्यकर्ताओं का आक्रोश, विपक्ष पर जमकर गरजी महिलाएं
Apr 20, 2026 | 10:33 PM
चुनाव है तो क्या सीट तुम्हारी हो गई? ट्रेन में महिला की रिजर्व सीट पर दबंगई, जवाब सुनकर हो जाएंगे हैरान
Apr 20, 2026 | 10:25 PM
फरसा लहराने वालों को मेरठ डिप्टी एसपी की सख्त चेतावनी, VIDEO हुआ वायरल; सोशल मीडिया पर हो रही तारीफ
Apr 20, 2026 | 10:17 PM
DM ने रिश्वत में लिया 1.75 लाख का iPhone, फिरोजाबाद तहसीलदार राखी शर्मा का सनसनीखेज खुलासा! ऑडियो क्लीप वायरल
Apr 20, 2026 | 10:05 PM














