ज्यादा हल्दी खाने के नुकसान(सौ.सोशल मीडिया) 
हेल्थ

हल्दी कब हो जाती है हेल्थ के लिए खतरनाक? तुरंत पढ़ें और गांठ बांध लें

Turmeric Side Effects :हल्दी स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद मानी जाती है, लेकिन ज्यादा मात्रा में इसका सेवन नुकसानदेह हो सकता है। जानिए क्या- क्या समस्याएं भी हो सकती हैं।

सीमा कुमारी

Kidney Stones And Turmeric: भारतीय मसालों में हल्दी का एक अलग ही महत्व है। यही कारण है कि आपको हर घर की रसोई में हल्दी ज़रूर मिलेगी। हल्दी खाने का स्वाद और रंग रूप तो बढ़ाती ही है साथ ही यह कई तरह के रोगों से भी बचाव करती है।

ऐसे में प्राचीन काल से ही हल्दी को जड़ी बूटी के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा है। आयुर्वेद में हल्दी को शरीर के लिए वरदान माना गया है इसमें मौजूद करक्यूमिन (Curcumin) शरीर में सूजन कम करने और एंटीऑक्सीडेंट के रूप में काम करता है। लेकिन किसी भी चीज़ की तरह हल्दी का अत्यधिक सेवन नुकसान भी पहुंचा सकता है।

ऐसे में यहां एशियन हॉस्पिटल के किडनी ट्रांसप्लांट एंड मेडिसिन विभाग के डायरेक्टर डॉ. रीतेश शर्मा का मानना है कि, सामान्य मात्रा में हल्दी खाना सही और सुरक्षित है, लेकिन जरूरत से ज्यादा मात्रा या सप्लीमेंट्स के रूप में लेने पर समस्या हो सकती है।

ज्यादा हल्दी खाने से क्या हो सकते है नुकसान

  • किडनी स्टोन का खतरा

डॉ. रीतेश शर्मा के अनुसार, ज्यादा हल्दी खाने से किडनी स्टोन का खतरा बढ़ सकता है। हल्दी में मौजूद करक्यूमिन शरीर में ऑक्सेलेट का स्तर बढ़ा सकता है। ऑक्सेलेट बढ़ने से किडनी स्टोन बनने का जोखिम बढ़ जाता है। जिन लोगों को पहले से पथरी की समस्या है, उन्हें ज्यादा हल्दी खाने से बचना चाहिए।

  • किडनी पर दबाव

अत्यधिक मात्रा में सप्लीमेंट लेने से किडनी पर अतिरिक्त दबाव पड़ सकता है और टॉक्सिसिटी का खतरा बढ़ सकता है।

  • पेट से जुड़ी समस्याएं

ज्यादा हल्दी खाने से पेट से जुड़ी समस्याएं भी हो सकती हैं। जैसे गैस, एसिडिटी या पेट में जलन जैसी दिक्कतें हो सकती हैं। अगर आप पेट से जुड़ी समस्याओं से परेशान है तो हल्दी का सेवन कम मात्रा में ही करें।

  • कितनी मात्रा में खाना सुरक्षित है?

रोजमर्रा के खाने में डाली जाने वाली हल्दी आमतौर पर सुरक्षित मानी जाती है।

बिना डॉक्टर की सलाह के हाई-डोज सप्लीमेंट लेना ठीक नहीं।

यही है कि हल्दी फायदेमंद है, लेकिन संतुलित मात्रा में। अगर किसी को किडनी स्टोन, किडनी रोग या अन्य गंभीर समस्या है, तो नियमित रूप से अधिक मात्रा लेने से पहले डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है।

जापानी निवेश का प्रमुख केंद्र बन रहा महाराष्ट्र, मुंबई में JCCI प्रतिनिधिमंडल के साथ हुई उच्चस्तरीय बैठक

एथेनॉल से चलेंगी गाड़ियां, लेकिन इतनी सप्लाई आएगी कहां से? सुप्रीम कोर्ट का सरकार से सवाल

जामिया में छात्रों की बड़ी जीत, यूनिवर्सिटी ने जारी किया छात्र संघ चुनाव का शेड्यूल

प्रदर्शन से अर्थव्यवस्था को कितना होता है नुकसान ? कारोबार,रोजगार और जनता की जेब पर पड़ने वाले प्रभाव को समझे

40 साल की दोस्ती और हर बड़े काम में अहम भूमिका, कौन हैं मुकेश अंबानी के खास दोस्त MM?