हर किसी के लिए फायदेमंद नहीं है ‘ग्रीन टी,’ जानिए क्या है इसके साइड इफेक्ट्स
Green Tea:आयुर्वेद हो या मॉडर्न साइंस, दोनों मानते हैं कि कुछ लोगों को ग्रीन टी का सेवन सही नहीं है या फिर इसे बहुत कम मात्रा में पीना चाहिए तो बिना देर किए आइए जानते हैं उन लोगों के बारे में-
- Written By: सीमा कुमारी
हर किसी के लिए फायदेमंद नहीं है 'ग्रीन टी' (सौ. सोशल मीडिया)
Green Tea Side Effects:आजकल हर कोई फिटनेस और अच्छी सेहत के लिए ग्रीन टी पीता हैं। कुछ लोग तो इसे पानी की तरह पीने लगे हैं। इसमें कोई शक नहीं कि ग्रीन टी एंटीऑक्सीडेंट्स (Antioxidants) से भरी होती है और इसके कई कमाल के फायदे हैं।
लेकिन, क्या आप जानते हैं कि यह सबके लिए फायदेमंद नहीं है? ऐसे में आज हम आपको ग्रीन टी के सेवन से होने वाले नुकसान बता रहे है। चलिए जानते है किन्हें ग्रीन टी नहीं पीना चाहिए?
हर किसी के लिए फायदेमंद नहीं है ‘ग्रीन टी’
एनीमिया पेशेंट
हेल्थ एक्सपर्ट्स के अनुसार, ग्रीन टी का सेवन एनीमिया पेशेंट के लिए सही नहीं हैं।अगर आपके शरीर में खून की कमी है, तो आपको ग्रीन टी से बचना चाहिए।
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हार्ट पेशेंट्स
आपको बता दें, ग्रीन टी एनीमिया पेशेंट के अलावा,हार्ट पेशेंट्स के लिए भी नुकसानदायक है ग्रीन टी में मौजूद कैफीन ब्लड प्रेशर और हार्ट रेट को प्रभावित कर सकता है। साथ ही यह कुछ हार्ट डिजीज की दवाओं के असर को भी बदल सकता है, जिससे मरीज की हालत बिगड़ सकती है।
ब्रेस्टफीडन कराने वाली महिलाएं
बता दें, ग्रीन टी का सेवन ब्रेस्टफीडन कराने वाली महिलाओं के लिए भी सही नहीं है।कैफीन मां के दूध में पहुंचकर शिशु में नींद की कमी, चिड़चिड़ापन और पेट की समस्या पैदा कर सकता है। खासकर नवजात शिशुओं के लिए यह असर ज्यादा हानिकारक हो सकता है।
पेट की समस्या वाले लोग
जिन लोगों को अक्सर पेट में एसिडिटी (Acidity), अल्सर (Ulcer) या पेट दर्द की शिकायत रहती है, उन्हें ग्रीन टी खाली पेट तो बिल्कुल नहीं पीनी चाहिए। ग्रीन टी में मौजूद टैनिन और कैफीन पेट में एसिड की मात्रा को बढ़ा सकते हैं, जिससे जलन या दर्द हो सकता है।
किडनी की गंभीर समस्या वाले लोग
ग्रीन टी एक अच्छा मूत्रवर्धक (Diuretic) होती है, यानी यह बार-बार पेशाब लाती है। किडनी की गंभीर समस्या वाले मरीजों के लिए यह जरूरी है कि वे तरल पदार्थों (Fluids) का संतुलन बनाए रखें, जिसके लिए उन्हें अपने डॉक्टर से पूछकर ही कोई पेय लेना चाहिए।
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प्रेग्नेंट महिलाएं
ग्रीन टी में कैफीन और टैनिन्स मौजूद होते हैं, जो गर्भावस्था में फोलिक एसिड के एब्जॉर्पशन को कम कर सकते हैं। इससे भ्रूण में न्यूरल ट्यूब डिफेक्ट का खतरा बढ़ जाता है। इसके अलावा अधिक कैफीन प्रीमैच्योर डिलीवरी या कम वजन वाले बच्चे का कारण भी बन सकता है।
