शारदा सिन्हा ने मरते दम तक नहीं छोड़ा संगीत का साथ, वीडियो देख रो रहे हैं लोग
लोक गायिका शारदा सिन्हा का 5 नवंबर को निधन हुआ। शारदा सिन्हा आखिरी सांस तक गाना गाती रहीं। अस्पताल से उनका आखिरी गाना भी रिलीज हुआ, लेकिन वेंटिलेटर पर उनको गाते देख फैंस रो पड़े हैं। उनका आखिरी वीडियो वायरल हो रहा है।
- Written By: अनिल सिंह
मुंबई: एक कलाकार के लिए मरते दम तक काम करना उसका सपना होता है और शारदा सिन्हा उस सपने को पूरा करते हुए इस दुनिया से अलविदा हो गई। शारदा सिन्हा का निधन 5 नवंबर 2024 को हुआ। बिहार की रहने वाली शारदा सिन्हा ने दिल्ली के एम्स अस्पताल में आखिरी सांस ली। उन्हें बिहार की कोकिला भी कहा जाता था। जब उनका निधन हुआ तो उनकी उम्र 72 साल की थी, लेकिन उन्होंने मरते दम तक संगीत का साथ नहीं छोड़ा। अस्पताल से उनका आखिरी छठ गीत भी रिलीज किया गया। इतना ही नहीं अस्पताल से उनका गुनगुनाते हुए वीडियो भी सामने आया है, इस वीडियो में उनके नाक में नली लगी हुई है और वह वेंटिलेटर सपोर्ट सिस्टम पर हैं। इस वीडियो को देखकर फैंस का दिल पसीज गया है। इस वीडियो को देखकर फैंस रो रहे हैं।
सोशल मीडिया पर इस समय शारदा सिन्हा का यह वीडियो वायरल हो रहा है। वीडियो में आप देख सकते हैं वेंटिलेटर सपोर्ट सिस्टम पर शारदा सिन्हा गीत गुनगुना रही हैं। उनके साथ उनकी पोती बैठी हुई है। शारदा सिन्हा अपने खनक भरी आवाज के लिए पहचानी जाती थी, मरते दम तक उनकी आवाज की खनक रत्ती भर भी कम नहीं हुई, यही एक कलाकार के जीवन भर की तपस्या का सबूत है। यह दृश्य असीम भावनाओं से भरा हुआ है। इस दृश्य को देखकर दर्द महसूस हो रहा है और इसी दर्द की वजह से फैंस इस वीडियो को देखकर रोते हुए नजर आ रहे हैं।
अपने आखिरी पलों में छठ गीत गाती शारदा सिन्हा जी, वीडियो देखकर आंखों में आंसू आ गया 🙏🥹 pic.twitter.com/lZCdAH7voX — छपरा जिला 🇮🇳 (@ChapraZila) November 8, 2024
सम्बंधित ख़बरें
नागपुर में भाजपा का ‘प्रशिक्षण महाअभियान-2026’ शुरू, कई दिग्गज मौजूद; बावनकुले ने किया उद्घाटन
जल्द खत्म होगी US Iran जंग! ट्रंप के एक इशारे से जंग रुकने की चर्चा तेज, मिडिल ईस्ट में बड़ी राहत
जेल जाएंगे युजवेंद्र चहल! फ्लाइट में सिगरेट पीने पर मचा बवाल, BCCI ने उठा लिया ये बड़ा कदम
नागपुर की ‘ग्रीन नेट’ योजना विवादों में, गर्मी से राहत या नई मुसीबत? मिस्ट स्प्रिंकलर सिस्टम पर उठे सवाल
ये भी पढ़ें- 68 की उम्र में सीखी स्विमिंग, तुड़वाया कंधा तब बनी है अनुपम खेर की ‘विजय 69’
5 नवंबर को ही शारदा सिन्हा ने इस दुनिया को अलविदा कह दिया लेकिन वह उन कलाकारों में शुमार हो गई हैं, जो इस दुनिया से तो चले जाते हैं लेकिन उनका नाम अमर हो जाता है। उनके गीत अमर हो जाते हैं। जब तक छठ का त्यौहार मनाया जाएगा, शारदा सिन्हा का गीत लोगों को उनकी याद दिलाता रहेगा। ऐसे में यह कहा जा सकता है कि शारदा सिन्हा के शरीर में इस दुनिया को छोड़ दिया है। लेकिन उनका नाम हमेशा के लिए अमर हो गया है।
