- Hindi News »
- Elections »
- Akhil Veerashaiva Lingayat Mahasangh S Ultimatum To Political Parties Regarding Maharashtra Assembly Elections
समाज को मिले प्रतिनिधित्व – वर्ना ‘नोटा’, चुनाव को लेकर अखिल वीरशैव लिंगायत महासंघ का राजनीतिक दलों को अल्टीमेटम
महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के लिए उम्मीदवारों के नामांकन दर्ज करने की आखिरी तारीख नजदीक है। इस बीच चुनाव को लेकर अखिल वीरशैव लिंगायत महासंघ का राजनीतिक दलों को अल्टीमेटम दे दिया है और चेतावनी दे दी है।
- Written By: प्रिया जैस

डॉ. विजय जंगम (सौजन्य-नवभारत)
मुंबई: महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव को लेकर राज्य में वीरशैव लिंगायत समुदाय ने आक्रामक रुख अपनाते हुए सभी राजनीतिक दलों से अपील की है कि हर बार समाज के लोगों का इस्तेमाल सिर्फ वोट के लिए राजनीतिक तौर पर किया जाता है।
हर बार चुनाव में वीरशैव लिंगायत समुदाय को कोई लाभ नहीं मिलता है और ना ही ज्यादा संख्या में विधानसभा में प्रतिनिधित्व दिया जाता है, लेकिन इस बार हमारा समाज शांत नहीं बैठेगा। राष्ट्रीय संगठन ‘अखिल वीरशैव लिंगायत महासंघ’ की ओर से वीरशैव लिंगायत बहुल निर्वाचन क्षेत्र में आगामी चुनाव में समुदाय के अलावा किसी अन्य को उम्मीदवार दिए जाने पर वीरशैव लिंगायत समुदाय ने आक्रामक रूख अपना लिया है।
महासंघ के राष्ट्रीय कार्याध्यक्ष एवं प्रवक्ता डॉ. विजय जंगम ने सभी राजनीतिक दलों को अल्टीमेटम दिया है कि समाज के लोगों को उम्मीदवारी नहीं मिलती है तो लोग ‘नोटा’ का विकल्प देख रहे हैं। वैसे कई राजनीतिक दलों ने वीरशैव लिंगायत समुदाय से उम्मीदवारों की उम्मीदवारी की घोषणा की है, लेकिन कुछ पार्टियों ने अभी तक वीरशैव लिंगायत समुदाय से उम्मीदवारों की घोषणा नहीं की है।
सम्बंधित ख़बरें
MP में कांग्रेस को बड़ा झटका, विधायक मुकेश मल्होत्रा का चुनाव अमान्य घोषित, भाजपा के रामनिवास बने नए विधायक
दो सीट तीन उम्मीदवार, हरियाणा राज्यसभा चुनाव में भाजपा ने कर दिया गेम! फंस सकती है कांग्रेस
लाडकी बहिन योजना: 1 करोड़ 5 लाख महिलाएं होंगी अपात्र! जानें फडणवीस सरकार ने क्यों घटाया बजट
‘जो सोनिया गांधी के गुलाम हैं, उन्हें…’, विजय वडेट्टीवार के बयान पर अतुल भातखलकर का विवादित रिएक्शन
अभी तक 8 उम्मीदवारों को मिली उम्मीदवारी
महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में वीरशैव लिंगायत समुदाय से बीजेपी से 2, मनसे से 1, शिवसेना (यूबीटी) से 2, वंचित आघाडी से 2 लोगों को उम्मीदवारी मिल चुकी है। शिवसेना (शिंदे गुट) की तरफ से भी एक उम्मीदवार देने की बात हो चुकी है और वे शीघ्र उम्मीदवार भी घोषित करने वाले है।
कांग्रेस, राकां (अजीत पवार) और राकां (शरद पवार) की तरफ से कोई सकारात्मक जवाब नहीं मिला है। सभी राजनीतिक दलों से समुदाय के लोगों को उम्मीदवारी देने की चर्चा हो चुकी है। यदि इस बार समाज के लोगों के नजरअंदाज किया गया तो लोग चुप नहीं बैठेंगे।
वीरशैव लिंगायत समुदाय का 40 सीटों पर प्रभाव
महाराष्ट्र विधानसभा की 40 सीटों पर वीरशैव लिंगायत समुदाय के लोगों का प्रभाव है, लेकिन सभी राजनीतिक दल समाज के लोगों को नजरअंदाज कर रहे है। अब इस संबंध में ठोस निर्णय लेने की आवश्यकता है। विधानसभा चुनावों के संचालन से पहले राज्य सरकार ने वीरशैव लिंगायत समुदाय की कुछ मांगों को स्वीकार करने का वादा किया था।
यह भी पढ़ें- महायुति का सुलझा पेंच! गोपाल, प्रकाश, अमरजीत, निरुपम का नाम फाइनल, वर्सोवा से लवेकर को फिर मौका
वीरशैव लिंगायत समुदाय की कोई मांग स्वीकार किए बिना राज्यसभा सांसद डॉ. अजीत गोफादे के नेतृत्व में वीरशैव लिंगायत यात्रा के नाम पर भाजपा ने समाज को गुमराह किया है। इसीलिए वीरशैव लिंगायत समुदाय ने 40 प्रभावशाली विधानसभा सीटों पर बाहरी या अन्य समुदाय के उम्मीदवार का विरोध करने का फैसला लिया है, ऐसा निर्णय वीरशैव लिंगायत समुदाय के पदाधिकारियों ने लिया है।
देश की स्वतंत्रता में समाज का बड़ा योगदान
वीरशैव लिंगायत समुदाय ने देश में स्वतंत्रता के समय में बहुत योगदान दिया है। वास्तव में छत्रपति शिवाजी महाराज की अवधि के दौरान, इस बात के सबूत है कि उनके वित्त, सामाजिक और धार्मिक विभागों की जिम्मेदारी वीरशैव लिंगायत समाज के तत्वों पर है।
हाल के दिनों में, स्वतंत्रता के बाद की अवधि में भी, देश की राजनीतिक उथल-पुथल में वीरशैव लिंगायत और जंगम समुदाय का महत्वपूर्ण योगदान रहा है। अब लगभग सभी राजनीतिक दलों ने इस समुदाय का उपयोग केवल मतदान के लिए उपयोग किया जा रहा है।
Akhil veerashaiva lingayat mahasangh s ultimatum to political parties regarding maharashtra assembly elections
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
लेटेस्ट न्यूज़
रोज़ा रखने में किन बातों का रखें ख़ास ख्याल? जानिए इसके ज़रूरी नियम
Mar 09, 2026 | 10:46 PMअसम चुनाव में हो सकती है समाजवादी पार्टी की एंट्री, अखिलेश यादव उतार सकते हैं 5 उम्मीदवार, क्या है रणनीति?
Mar 09, 2026 | 10:38 PMअभिषेक शर्मा का सपना हुआ पूरा, पिता ने बताया कैसे अंडर-19 वर्ल्ड कप जीतने के बाद देखा था ये ख्वाब
Mar 09, 2026 | 10:13 PMशेम ऑन टीम इंडिया! विश्व विजेता टीम पर क्यों फट पड़ा 1983 का वर्ल्ड चैंपियन खिलाड़ी…आखिर क्या है पूरा मामला?
Mar 09, 2026 | 10:12 PMइटावा जिला अस्पताल में हाई-वोल्टेज ड्रामा! तंबाकू खा रहे डॉक्टर को मरीज ने टोका, तो भड़क गए साहब- VIDEO
Mar 09, 2026 | 10:03 PMमिडिल ईस्ट संकट: CBSE ने कतर समेत खाड़ी देशों में टालीं 12वीं की बोर्ड परीक्षाएं, 14 मार्च को फिर होगी समीक्षा
Mar 09, 2026 | 10:03 PMमैदान पर जीत…घर में मातम, भीषण सड़क हादसे में ईशान किशन की बहन और जीजा की मौत- VIDEO
Mar 09, 2026 | 09:57 PMवीडियो गैलरी

‘मैंने तो पहले ही बम फोड़ दिया था, लेकिन…’, निशांत कुमार की JDU में एंट्री पर तेज प्रताप यादव की प्रतिक्रिया
Mar 09, 2026 | 09:26 PM
CM योगी की मां पर विवादित बयान से बवाल, मौलाना अब्दुल्ला सलीम के खिलाफ 83 थानों में FIR; यूपी में उबाल-VIDEO
Mar 09, 2026 | 09:17 PM
शादी के मंडप की जगह चिता की आग: वर्दी में मंगेतर ने दी स्क्वाड्रन लीडर अनुज शर्मा को अंतिम विदाई, रो पड़ा गांव
Mar 09, 2026 | 06:33 PM
इटावा अस्पताल में हाई वोल्टेज ड्रामा, डॉक्टर के तंबाकू की ‘पीक’ पर फूटा मरीज का गुस्सा, चैंबर बना जंग का मैदान
Mar 09, 2026 | 06:15 PM
Video: अली खामेनेई के बाद मोजतबा खामेनेई बने ईरान के सुप्रीम लीडर, असेंबली ऑफ एक्सपर्ट ने क्या ऐलान कर दिया?
Mar 09, 2026 | 03:23 PM
देवास में टीम इंडिया की जीत के बाद हंगामा, हुड़दंगियों ने CSP के कान के पास फोड़ा बम, पुलिस ने किया लाठीचार्ज
Mar 09, 2026 | 12:55 PM














