त्यौहार पर संभावित घटनाओं के लिए तैयार पुलिस प्रशासन और अग्निशमन विभाग
आतिशबाजी बिक्री केंद्रों समेत सभी संवेदनशील स्थानों पर नज़र
दीपावली पर अग्निशमन विभाग के सभी कर्मचारियों की छुट्टियां रद्द
Firecracker Sale 27 Locations: दीपोत्सव की खुशियों के बीच आतिशबाजी का उत्साह कहीं किसी परिवार के लिए मातम का कारण न बन जाए, इसके लिए आगरा में पुलिस प्रशासन और अग्निशमन विभाग ने सुरक्षा की व्यापक तैयारियां की हैं। दीपावली पर पटाखों की खरीदारी से लेकर आतिशबाजी तक हर स्तर पर सतर्कता बरती जा रही है। आग लगने की संभावित घटनाओं को देखते हुए दमकल विभाग ने शहर से लेकर पूरे जनपद तक विशेष निगरानी व्यवस्था लागू की है।
मुख्य अग्निशमन अधिकारी देवेंद्र कुमार सिंह ने नव भारत से विशेष बातचीत में बताया कि दीपावली देश का बहुत बड़ा पर्व है। इस दौरान लोग जमकर आतिशबाजी करते हैं। ऐसे में खुशहाली का यह त्योहार किसी हादसे के कारण मातम में न बदले, इसके लिए जनपद में कई विशेष टीमों का गठन किया गया है। ये टीमें आतिशबाजी बिक्री केंद्रों के साथ-साथ उन संवेदनशील स्थानों पर भी लगातार नजर बनाए हुए हैं, जहां आग लगने की आशंका अधिक रहती है।
उन्होंने बताया कि पुलिस प्रशासन और दमकल विभाग त्योहार को सुरक्षित और शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। दीपावली को देखते हुए अग्निशमन विभाग के सभी कर्मचारियों की छुट्टियां रद्द कर दी गई हैं। शहर और जनपद में फायर टेंडर लगातार भ्रमणशील रहेंगे, ताकि किसी भी आपात स्थिति में दमकल की गाड़ियां कम से कम समय में घटनास्थल पर पहुंचकर आग पर काबू पा सकें।
मुख्य अग्निशमन अधिकारी के मुताबिक, जिन स्थानों पर आतिशबाजी के अस्थायी बाजार लगाए गए हैं, वहां फायर टेंडर तैनात किए गए हैं। इसके अलावा शहर के भीड़भाड़ वाले इलाकों और संवेदनशील क्षेत्रों में भी दमकल की गाड़ियों को खड़ा किया गया है। इससे आग लगने की सूचना मिलते ही तत्काल राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया जा सकेगा।
उन्होंने बताया कि जिले में पटाखों की बिक्री के लिए कुल 27 स्थान चिह्नित किए गए हैं। इनमें शहरी क्षेत्र के आठ, पश्चिमी क्षेत्र के 12 और पूर्वी क्षेत्र के सात स्थान शामिल हैं। इन सभी स्थानों पर अस्थायी दुकानें लगाई जाएंगी। प्रत्येक दुकान पर पर्याप्त पानी का टैंक, बालू और अग्निशमन यंत्र रखना अनिवार्य है। दुकानों के आसपास खुला स्थान होना भी जरूरी है, ताकि किसी आपात स्थिति में राहत कार्य में बाधा न आए।
देवेंद्र कुमार सिंह ने यह भी खुलासा किया कि कुछ लोगों ने बिना लाइसेंस प्राप्त किए ही पहले से पटाखे खरीदकर गोदामों में जमा कर लिए थे। इसे नियमों के विरुद्ध बताते हुए उन्होंने कहा कि ऐसे लोगों के खिलाफ कार्रवाई की गई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि आतिशबाजी का भंडारण और बिक्री केवल लाइसेंस प्राप्त व्यक्ति ही निर्धारित नियमों के तहत कर सकते हैं। नाबालिग बच्चों को पटाखे बेचने और दुकानों पर काम पर रखने से भी बचने की हिदायत दी गई है।
गौरतलब है कि आगरा में आतिशबाजी की 17 स्थायी दुकानें भी हैं। ऐसे में अस्थायी बाजारों के साथ स्थायी दुकानों पर भी सुरक्षा मानकों की निगरानी की जा रही है। अग्निशमन विभाग का पूरा प्रयास है कि दीपावली पर आतिशबाजी का रोमांच किसी बड़े हादसे में न बदले और आगरा के लोग सुरक्षित माहौल में दीपोत्सव का आनंद उठा सकें।