Agra Graduate MLC Election: विधानसभा चुनाव 2027 की तैयारियों के बीच आगरा खंड स्नातक एमएलसी चुनाव ने पश्चिमी उत्तर प्रदेश की सियासत में नई हलचल पैदा कर दी है। आजाद समाज पार्टी (ASP) ने पहली बार आगरा खंड से स्नातक एमएलसी चुनाव के लिए अपना प्रत्याशी मैदान में उतारा है। पार्टी ने दक्ष यादव को अपना उम्मीदवार घोषित किया है। सोमवार को नामांकन के दौरान ASP प्रमुख चंद्रशेखर आजाद भी मंडलायुक्त कार्यालय पहुंचे। इस दौरान पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों में खासा उत्साह दिखाई दिया।
नामांकन के बाद चंद्रशेखर आजाद ने मीडिया से बात करते हुए दावा किया कि आगरा खंड स्नातक एमएलसी चुनाव में आजाद समाज पार्टी जीत दर्ज करेगी। उन्होंने कहा कि पार्टी पहली बार इस चुनाव में उतर रही है, लेकिन संगठन और कार्यकर्ताओं की मेहनत के दम पर मजबूत मुकाबला किया जाएगा। उन्होंने स्नातक मतदाताओं के मुद्दों को चुनाव का प्रमुख आधार बनाने का संकेत भी दिया।
चंद्रशेखर आजाद ने कहा कि आगरा से मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का संबंध होने का मतलब यह नहीं है कि पूरा आगरा खराब है या यहां के लोग गलत हैं। उन्होंने कहा कि एक व्यक्ति के गलत होने से पूरे शहर और पूरे क्षेत्र को गलत नहीं कहा जा सकता। आगरा की अपनी ऐतिहासिक और सांस्कृतिक पहचान है।
उन्होंने आगरा की विरासत का जिक्र करते हुए कहा कि यहां बादशाह अकबर और शहंशाह शाहजहां जैसे शासकों का इतिहास रहा है। वहीं डॉ.भीमराव आंबेडकर का भी आगरा में आना-जाना रहा है। ताजमहल, आगरा किला और फतेहपुर सीकरी जैसी ऐतिहासिक धरोहरें आगरा की अलग पहचान बनाती हैं। ऐसे में किसी एक व्यक्ति के कारण पूरे शहर या क्षेत्र की छवि पर सवाल नहीं उठाया जा सकता।
ASP प्रमुख ने SIR के जरिए मतदाताओं को हुए नुकसान का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कहा कि वह पिछले दो वर्षों से वोटों की रखवाली कर रहे हैं। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार से जुड़े सवाल पर उन्होंने किसी व्यक्ति विशेष पर टिप्पणी करने से बचते हुए कहा कि एक व्यक्ति गलत कर रहा है, इसका मतलब यह नहीं कि पूरा आगरा गलत है।
चंद्रशेखर आजाद ने केंद्र और प्रदेश सरकार पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि आगरा से जो वादे किए गए थे, वे जमीन पर दिखाई नहीं दे रहे हैं। आगरा में इंटरनेशनल स्टेडियम की बात कही गई थी, लेकिन उसका क्या हुआ? इसी तरह लंबे समय से यमुना पर बैराज की मांग की जा रही है।
उन्होंने कहा कि यमुना में पर्याप्त पानी नहीं रहता और नदी का पानी सूखने की स्थिति में बैराज की आवश्यकता और बढ़ जाती है। आगरा के लिए बैराज लंबे समय से महत्वपूर्ण मांग रही है, लेकिन अभी तक इस दिशा में अपेक्षित काम दिखाई नहीं दे रहा।
आगरा खंड स्नातक एमएलसी चुनाव में अपनी पार्टी की जीत का दावा करते हुए चंद्रशेखर आजाद ने कहा कि जब विधान परिषद स्नातक चुनाव के परिणाम आएंगे तो तस्वीर साफ हो जाएगी। उन्होंने कहा कि दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा। उनका दावा है कि ASP इस चुनाव में मजबूत प्रदर्शन करेगी।
आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर भी चंद्रशेखर आजाद ने पार्टी की रणनीति स्पष्ट की। उन्होंने कहा कि 2027 में आजाद समाज पार्टी गठबंधन के साथ चुनाव नहीं लड़ेगी। पार्टी जनता के सिंबल पर चुनाव मैदान में उतरेगी।
ASP की ओर से आगरा खंड स्नातक एमएलसी चुनाव में प्रत्याशी उतारना इसलिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि पार्टी पहली बार इस सीट पर अपनी राजनीतिक ताकत आजमा रही है। एक ओर जहां चंद्रशेखर आजाद दलित और वंचित वर्ग के मुद्दों को लेकर लगातार सक्रिय हैं, वहीं दूसरी ओर 2027 से पहले पश्चिमी उत्तर प्रदेश में संगठन विस्तार की कोशिश भी दिखाई दे रही है। ऐसे में स्नातक एमएलसी चुनाव ASP के लिए चुनावी ताकत परखने का पहला बड़ा अवसर माना जा सकता है।