Bargi Cruise Accident: जबलपुर में हुए भीषण क्रूज हादसे में अब एक नया खुलासा हुआ है। क्रूज पायलट महेश पटेल का एक बड़ा बयान सामने आया है। महेश का कहना है कि क्रूज का एक इंजन खराब था और इस बात की जानकारी उन्होंने 7 महीने पहले यानी अक्टूबर 2025 में मैनेजर को दी थी।
जिसके बाद मुख्यालय को पत्र लिखकर सूचना भी दी गई लेकिन इसकी तरफ किसी का भी ध्यान नहीं गया साथ ही महेश पटले ने यह भी कहा कि यह गलत है कि मैं क्रूज से कूदकर भाग गया था।
महेश पटेल ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि हादसे के दौरान उन्होंने कई लोगों को बचाने की कोशिश की लेकिन इसी बीच पानी की तेज लहर क्रूज के भीतर घुस गई और वह खुद बह गए। उनका दावा है कि उन्होंने सभी यात्रियों को लाइफ जैकेट पहनने के लिए कहा था लेकिन किसी ने इस पर ध्यान नहीं दिया। उन्होंने यह भी बताया कि बरगी बांध में उनके अलावा भी कई लोग क्रूज संचालन का काम कर रहे हैं। दरअसल, हादसे के बाद पीड़ितों, मृतकों के परिजनों और क्रूज चालक के बयान दर्ज करने के लिए शुक्रवार को कलेक्ट्रेट में बुलाया गया था, जहां महेश पटेल ने यह खुलासा किया।
महेश पटेल के अनुसार अक्टूबर 2025 में बरगी स्थित मैकल रिसॉर्ट के मैनेजर ने लिखित रूप से क्रूज में मौजूद तकनीकी खामियों की जानकारी दी थी। पत्र में उल्लेख किया गया था कि संचालित क्रूज के दो इंजनों में से एक इंजन धीमी गति से काम कर रहा था और उसकी क्षमता भी कम हो गई थी। वहीं दूसरा इंजन स्टार्ट होने के बाद कभी भी बंद हो जाता था। उन्होंने बताया कि यह पत्र पर्यटन विभाग के माध्यम से राजधानी भोपाल स्थित जल क्रीड़ा विभाग के महाप्रबंधक को भेजा गया था।
यह भी पढ़ें: भोपाल मेट्रो पर वक्फ का कानूनी ब्रेक? कब्रिस्तान के नीचे से लाइन गुजारने पर रोक की मांग तेज; जानें पूरा मामला
महेश पटेल का आरोप है कि गंभीर चेतावनी के बावजूद विभाग ने मामले को नजरअंदाज कर दिया और फाइल दबा दी। इतना ही नहीं, शिकायत करने वाले मैनेजर सुनील मरावी को ही सस्पेंड कर दिया गया। उन्होंने कहा कि पत्र की जानकारी लीक नहीं करने के लिए भी दबाव बनाया गया।
https://www.youtube.com/watch?v=bExkt5vQWWM&list=PLqsxrhpGDUwItI64ELF8dRX-BSqf-buPT&index=6