यूएई में सत्ता परिवर्तन की सुगबुगाहट, राष्ट्रपति ने बेटे को सौंपी अरबों डॉलर की संपत्ति; छिड़ा संघर्ष
UAE News: यूएई के राष्ट्रपति मोहम्मद बिन जायद ने अपने बेटे शेख खालिद को 260 अरब डॉलर की संपत्ति सौंपकर भविष्य के नेतृत्व का संकेत दिया है। शाही परिवार में आंतरिक सत्ता संघर्ष तेज है।
- Written By: अमन उपाध्याय
यूएई में सत्ता परिवर्तन की सुगबुगाहट, फोटो (सो. सोशल मीडिया)
UAE News In Hindi: संयुक्त अरब अमीरात (UAE) में एक बड़े राजनीतिक और आर्थिक बदलाव के संकेत मिल रहे हैं। राष्ट्रपति मोहम्मद बिन जायद (MBZ) ने एक अभूतपूर्व फैसले के तहत अपने सबसे बड़े बेटे और क्राउन प्रिंस शेख खालिद को एक ही रात में 260 बिलियन (अरब) डॉलर की भारी-भरकम संपत्ति सौंप दी है।
राजनीतिक विश्लेषकों और ‘वॉल स्ट्रीट जनरल’ की रिपोर्ट के मुताबिक, इस कदम का सीधा अर्थ यह है कि राष्ट्रपति जायद ने भविष्य के सर्वोच्च नेता के रूप में अपने बेटे का नाम तय कर दिया है और जल्द ही गद्दी का औपचारिक हस्तांतरण भी किया जा सकता है।
नाहयान परिवार की अकूत दौलत
ब्लूमबर्ग की साल 2025 की रिपोर्ट के अनुसार, अल नाहयान परिवार दुनिया का दूसरा सबसे अमीर परिवार है। इस शाही परिवार के पास कुल 335 अरब डॉलर की संपत्ति है, जिसका मुख्य स्रोत तेल का विशाल कारोबार है। अब इस कुल संपत्ति में से लगभग 77 प्रतिशत हिस्सा (260 अरब डॉलर) शेख खालिद को ट्रांसफर कर दिया गया है।
सम्बंधित ख़बरें
Meloni Trump Controversy: अपनी लोकप्रियता पर ध्यान दो… इटली की PM मेलोनी का ट्रंप पर तीखा पलटवार
बैक-टू-बैक ब्लास्ट से दहला पाकिस्तान, बन्नू में आतंकियों ने गाड़ियों को बनाया निशाना; 7 लोगों ने गवांई जान
24 घंटे भी नहीं टिका युद्धविराम! दक्षिणी लेबनान पर इजरायल ने की एयर स्ट्राइक, 5 लोगों की मौत
बांग्लादेश में हिंदुओं का विरोध प्रदर्शन: ढाका में गूंजे ‘जय श्री राम’ के नारे, सड़कों पर उतरे लोग
कौन हैं शेख खालिद बिन मोहम्मद?
1982 में जन्मे शेख खालिद, राष्ट्रपति मोहम्मद बिन जायद के सबसे बड़े बेटे हैं। उन्होंने अपनी शिक्षा अबू धाबी और फिर अमेरिका की जॉर्जटाउन यूनिवर्सिटी से पूरी की है, जहां उन्होंने राजनीति विज्ञान की पढ़ाई की। साल 2016 में सुरक्षा प्रमुख के तौर पर राजनीति में कदम रखने वाले खालिद को 2023 में यूएई का युवराज (क्राउन प्रिंस) घोषित किया गया था।
शाही परिवार में ‘जासूस शेख’ के साथ संघर्ष
यह संपत्ति हस्तांतरण ऐसे समय में हुआ है जब नाहयान परिवार के भीतर ही सत्ता के लिए संघर्ष छिड़ा हुआ है। राष्ट्रपति के छोटे भाई और सुरक्षा प्रमुख तहनून बिन जायद जिन्हें ‘स्पाई शेख’ (जासूस शेख) कहा जाता है जो इस रेस में एक बड़ी चुनौती माने जा रहे हैं। तहनून न केवल सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान के करीबी हैं बल्कि वे अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ भी संबंध मजबूत कर रहे हैं।
यह भी पढ़ें:- ईरान और EU में ठनी, IRGC को ‘आतंकी’ घोषित करने पर भड़का तेहरान; यूरोपीय संघ के सभी राजदूतों को किया तलब
रिपोर्ट के अनुसार, तहनून ने ट्रंप परिवार की क्रिप्टोकरेंसी फर्म में बड़ा निवेश किया है जिससे राष्ट्रपति जायद को डर है कि आने वाले समय में बाहरी ताकतों के साथ मिलकर तहनून कोई राजनीतिक चाल चल सकते हैं। इन्हीं आंतरिक और क्षेत्रीय संकटों के बीच राष्ट्रपति ने अपने बेटे की स्थिति को मजबूत करने के लिए यह वित्तीय प्रहार किया है।
