-
शनि, 20 जून 2026 ई-पेपर
- Hindi News »
- World »
- Russia Sharing Satellite Intel Iran Us Warships Locations Updates
ईरान की ‘आंख’ बना रूस! सैटेलाइट डेटा से अमेरिकी युद्धपोतों की लोकेशन हो रही लीक, क्या फंस गए डोनाल्ड ट्रंप?
- Written By: अमन उपाध्याय
US Iran War: रूस और ईरान के बीच बढ़ते सैन्य गठजोड़ ने अमेरिका की नींद उड़ा दी है। रिपोर्ट्स के अनुसार, रूस सैटेलाइट इंटेलिजेंस के जरिए ईरान को अमेरिकी युद्धपोतों की सटीक लोकेशन साझा कर रहा है।
क्या रूस कर रहा ईरान की मदद, फोटो (सो. सोशल मीडिया)
Russia Satellite Intelligence Iran US Warships: मध्य पूर्व में जारी युद्ध अब एक नए और खतरनाक मोड़ पर पहुंच गया है। ईरान द्वारा अमेरिकी और इजराइली ठिकानों पर किए जा रहे सटीक हमलों ने पूरी दुनिया को हैरान कर दिया है। अब यह खुलासा हुआ है कि ईरानी मिसाइलों और ड्रोन के अचूक निशाने के पीछे रूस का हाथ है। पश्चिमी मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, रूस इस युद्ध में ईरान की ‘आंख’ बनकर काम कर रहा है और उसे संवेदनशील सैन्य जानकारी उपलब्ध करा रहा है।
अमेरिकी युद्धपोत और विमान अब निशाने पर
‘वॉशिंगटन पोस्ट’ की एक हालिया रिपोर्ट में अमेरिकी अधिकारियों के हवाले से दावा किया गया है कि रूस अपने सैटेलाइट नेटवर्क के जरिए ईरान को अमेरिकी युद्धपोतों और सैन्य विमानों की सटीक लोकेशन दे रहा है। इस सैटेलाइट इंटेलिजेंस और इलेक्ट्रॉनिक ट्रैकिंग की मदद से ईरान खाड़ी देशों में स्थित अमेरिकी सैन्य अड्डों और समुद्र में तैनात बेड़ों पर घातक हमले कर रहा है। यह सैन्य सहयोग ऐसे समय में हो रहा है जब आधुनिक युद्ध में सैटेलाइट डेटा और रीयल-टाइम ट्रैकिंग की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण हो गई है।
रूस और ईरान का ‘एहसान’ वाला गणित
विशेषज्ञों का मानना है कि रूस और ईरान के बीच यह रक्षा सहयोग ‘लेन-देन’ पर आधारित है। पिछले कुछ वर्षों में दोनों देशों के संबंध काफी मजबूत हुए हैं। यूक्रेन युद्ध के दौरान जब रूस को हथियारों की जरूरत थी, तब ईरान ने उसे बड़ी संख्या में ड्रोन और मिसाइलें प्रदान की थीं। अब जब ईरान अमेरिका और इजरायल के खिलाफ सीधा मोर्चा खोले हुए है, तो रूस अपना ‘एहसान’ लौटा रहा है। हालांकि, रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने डोनाल्ड ट्रंप के साथ बातचीत में किसी भी तरह के सीधे सहयोग से इनकार किया है, लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है।
सम्बंधित ख़बरें
बैक-टू-बैक ब्लास्ट से दहला पाकिस्तान, बन्नू में आतंकियों ने गाड़ियों को बनाया निशाना; 7 लोगों ने गवांई जान
24 घंटे भी नहीं टिका युद्धविराम! दक्षिणी लेबनान पर इजरायल ने की एयर स्ट्राइक, 5 लोगों की मौत
India Russia Deal: रेयर अर्थ मिनरल्स की सप्लाई के लिए भारत और रूस की कंपनी रोसनेफ्ट में बड़ी डील
बांग्लादेश में हिंदुओं का विरोध प्रदर्शन: ढाका में गूंजे ‘जय श्री राम’ के नारे, सड़कों पर उतरे लोग
यूक्रेन से मदद मांगने को मजबूर हुआ अमेरिका
ईरानी हमलों की सटीकता ने अमेरिका और उसके मित्र देशों को संकट में डाल दिया है। हालात यह हैं कि अमेरिका और खाड़ी देश अब ड्रोन इंटरसेप्शन तकनीक के लिए यूक्रेन की ओर देख रहे हैं। यूक्रेन ने रूसी ड्रोन के खिलाफ युद्ध का लंबा अनुभव हासिल किया है, और अब अमेरिका उस अनुभव का उपयोग ईरान के खिलाफ करना चाहता है। यह स्थिति दिखाती है कि कैसे वैश्विक युद्ध के समीकरण पूरी तरह बदल गए हैं।
चीन का सावधानी भरा रुख
रूस जहां खुलकर ईरान की मदद करता दिख रहा है, वहीं चीन इस मामले में काफी संतुलित और सावधान है। अमेरिकी खुफिया एजेंसियों के अनुसार, चीन ईरान को आर्थिक सहायता, स्पेयर पार्ट्स और मिसाइल उपकरण देने पर विचार कर रहा है, लेकिन वह सीधे सैन्य टकराव से बच रहा है। इसका मुख्य कारण चीन की ईरानी तेल पर निर्भरता और होर्मुज जलडमरूमध्य में होने वाली किसी भी बड़ी बाधा की आशंका है, जो वैश्विक व्यापार को प्रभावित कर सकती है।
यह भी पढ़ें:- ड्रोन के खतरों से निपटने के लिए ब्रिटेन और यूक्रेन ने मिलाया हाथ, ईरान जंग के बीच जेलेंस्की का बड़ा दांव
ईरान का खुला दावा
ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने स्वयं इस बात की पुष्टि की है कि उन्हें रूस और चीन से सैन्य सहयोग मिल रहा है। यह खुलासा इस बात की तस्दीक करता है कि अमेरिका के खिलाफ एक नया वैश्विक मोर्चा तैयार हो रहा है, जिसमें रूस और ईरान मुख्य खिलाड़ी बनकर उभरे हैं।
Russia sharing satellite intel iran us warships locations updates
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
Topics:
लेटेस्ट न्यूज़
रत्नागिरी के गणपतिपुले बीच पर बड़ा हादसा! लहरों की चपेट में आने से छत्रपति संभाजीनगर के 5 पर्यटक डूबे
Jun 20, 2026 | 03:20 PMनागपुर पेंच-ताडोबा में सफारी का क्रेज: जेब पर भारी पड़ रहा प्रकृति का आनंद, 35 हजार के पार रिसॉर्ट्स का किराया
Jun 20, 2026 | 03:20 PMछत्रपति संभाजीनगर में लापरवाही से कटी अंडरग्राउंड बिजली केबल, 35 हजार लोग 11 घंटे अंधेरे में रहे, केस दर्ज
Jun 20, 2026 | 03:19 PMनागपुर हाई कोर्ट अपडेट: विदर्भ की विस्फोटक इकाइयों में हादसों की होगी विशेषज्ञ जांच
Jun 20, 2026 | 03:08 PMजिम में एक्सरसाइज करते-करते गिरे SOG जवान, CCTV में कैद हुई आखिरी सांस; अचानक मौत से मचा हड़कंप
Jun 20, 2026 | 03:04 PMPune Metro Line 3 का सफर जुलाई से होगा शुरू, हिंजवडी से शिवाजीनगर की दूरी अब सिर्फ 45 मिनट में होगी पूरी
Jun 20, 2026 | 03:01 PMMP के रेलवे स्टेशनों पर अब ‘ड्राइव-इन सिनेमा’ का रोमांच, अमृत भारत योजना से बदलेगी 15 स्टेशनों की तस्वीर
Jun 20, 2026 | 03:00 PMवीडियो गैलरी

तेज प्रताप को सताया जान का डर, 8 खिलाड़ियों का लिया नाम! CM सम्राट चौधरी से सुरक्षा की करेंगे मांग- VIDEO
Jun 20, 2026 | 01:50 PM
डेटा खपत में नंबर-1 बना भारत, हर महीने 36 GB तक इंटरनेट उड़ा रहे हैं भारतीय; 5G नेटवर्क ने बदली तस्वीर-VIDEO
Jun 19, 2026 | 11:14 PM
क्या NEET पेपर लीक रोकने के लिए सरकार का फैसला सही था! हाईकोर्ट ने क्या कहा?
Jun 19, 2026 | 04:37 PM
लद्दाख में खड़े बाइकर्स के उड़े होश! भारत में रहकर चीन के टाइम जोन से कनेक्ट हुआ मोबाइल फोन, Video Viral
Jun 19, 2026 | 01:07 PM
यकीन नहीं होता, लेकिन यह सच है! लद्दाख में मौजूद फोन में दिखने लगा चीन का टाइम जोन, वीडियो देख रह जाएंगे दंग
Jun 18, 2026 | 11:09 PM
गर्लफ्रेंड से बात नहीं हुई तो टावर पर चढ़ा प्रेमी, 3 घंटे तक चला हाई वोल्टेज ड्रामा, देखें VIDEO
Jun 18, 2026 | 10:27 PM














