इंडोनेशिया में भूकंप के तेज झटके, रिक्टर स्केल पर 6.2 तीव्रता, बाढ़ और लैंडस्लाइड ने भी मचाई तबाही
Indonesia Earthquake: इंडोनेशिया में 6.2 तीव्रता के भूकंप के साथ बाढ़ और भूस्खलन ने तबाही मचा दी है। मौत का आंकड़ा 29 तक पहुंच गया, जबकि 7,000 से अधिक लोग विस्थापित हुए।
- Written By: अमन उपाध्याय
इंडोनेशिया में मची तबाही, फोटो (सो. सोशल मीडिया)
Indonesia Natural Disaster: इंडोनेशिया में प्राकृतिक आपदाओं की लगातार मार जारी है। गुरुवार को उत्तरी सुमात्रा के पश्चिमी तट पर भूकंप के तेज झटके महसूस किए गए, जिसकी तीव्रता रिक्टर पैमाने पर 6.2 मापी गई।
जर्मन रिसर्च सेंटर फॉर जियोसाइंसेज (GFZ) के अनुसार, भूकंप का केंद्र 2.68 डिग्री उत्तरी अक्षांश और 95.96 डिग्री पूर्वी देशांतर पर, 10 किलोमीटर की गहराई में स्थित था। राहत की बात यह है कि इस भूकंप के बाद सुनामी की कोई चेतावनी जारी नहीं की गई है।
बाढ़ और भूस्खलन से भीषण तबाही
इसी बीच, भारी बारिश के कारण उत्तरी सुमात्रा में बाढ़ और भूस्खलन से भीषण तबाही मची हुई है। सिन्हुआ न्यूज एजेंसी ने जानकारी दी है कि इन घटनाओं में मौत का आंकड़ा बढ़कर 29 पहुंच गया है, जबकि इससे पहले 13 लोगों की मौत की पुष्टि हुई थी। प्रांतीय डिजास्टर मैनेजमेंट एंड मिटिगेशन एजेंसी ने बताया कि इन आपदाओं में 67 लोग घायल हुए हैं और 9 अब भी लापता हैं।
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जोखिम का आकलन जारी
इमरजेंसी हैंडलिंग, इक्विपमेंट और लॉजिस्टिक्स विभाग की हेड वाह्युनी पंचसिलावती ने बताया कि स्थिति बेहद गंभीर है और आंकड़े आगे और बढ़ सकते हैं। कई इलाकों में अभी भी जोखिम का आकलन जारी है। उन्होंने बताया कि 400 से अधिक घर, कई पुल और सार्वजनिक ढांचे तबाह हो चुके हैं। 7,000 से अधिक लोगों को अपने घर छोड़कर सुरक्षित स्थानों पर पनाह लेनी पड़ी है।
इन इलाकों में आपातकाल की घोषणा
मंडेलिंग नटाल, साउथ तपनौली और नॉर्थ तपनौली के इलाकों में आपातकाल की घोषणा कर दी गई है। अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि लगातार बारिश के चलते हालात और बिगड़ सकते हैं। 22 से 25 नवंबर तक लगातार हो रही भारी बारिश के कारण नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ गया, जिससे सेंट्रल तपनौली, सिबोल्गा, मंडेलिंग नटाल, साउथ तपनौली, उत्तरी तपनौली, दक्षिणी नियास और पदांगसिडिम्पुआन में बाढ़ और भूस्खलन की घटनाएं बढ़ती गईं।
साउथ तपनौली में 37 लोग घायल हुए हैं और तीन लोग लापता हैं। वहीं, सेंट्रल तपनौली में नुकसान का डेटा अभी एकत्र किया जा रहा है। सैकड़ों घर, स्कूल और सार्वजनिक स्थानों को भारी क्षति पहुंची है। हजारों लोग सुरक्षित स्थानों की ओर पलायन कर चुके हैं।
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इससे पहले, सिन्हुआ ने रिपोर्ट किया था कि उत्तरी सुमात्रा में अचानक आई बाढ़ और लैंडस्लाइड की वजह से चार लोगों की मौत हुई थी और 34 लोग घायल हुए थे। केंद्रीय तपनौली रीजेंसी के एक गांव में भूस्खलन होने पर एक घर मलबे में दब गया, जिसमें चार लोगों की मौत हो गई।
