
गौतम गंभीर और रॉबिन उथप्पा (फोटो- सोशल मीडिया)
Robin Uthappa on Gautam Gambhir: साउथ अफ्रीका के खिलाफ कोलकाता टेस्ट में मिली करारी हार के बाद भारतीय टीम और खासकर हेड कोच गौतम गंभीर आलोचना के घेरे में हैं। पहले टेस्ट में शर्मनाक प्रदर्शन के कारण टीम इंडिया को 30 रनों से हार झेलनी पड़ी थी और इसके बाद कोचिंग यूनिट की रणनीतियों पर लगातार सवाल उठने लगे। बल्लेबाजों से लेकर टीम संयोजन तक, हर फैसले की समीक्षा अब चर्चा में है।
गौतम गंभीर की कोचिंग पर उठ रहे सवालों के बीच उनके पुराने साथी और केकेआर के पूर्व खिलाड़ी रॉबिन उथप्पा खुलकर उनके समर्थन में उतर आए हैं। गंभीर के कार्यकाल में टेस्ट क्रिकेट में टीम इंडिया की पकड़ कमजोर हुई है, जिसके कारण आलोचना और भी तेज हो गई है। इस दौरान उथप्पा ने सोशल मीडिया और अपने यूट्यूब चैनल पर गंभीर के खिलाफ हो रही आलोचनाओं को अनुचित बताया।
रॉबिन उथप्पा ने गौतम गंभीर का बचाव करते हुए कहा है कि मैंने कल एक टिप्पणी देखी जिसमें कहा गया था कि मैं जीजी का बचाव कर रहा हूं। यार, कोच थोड़ा जाकर खेल रहा है अंदर। हम नतीजों को देख रहे हैं और कोच को दोषी ठहरा रहे हैं, लेकिन आपको समग्र परिदृश्य को देखना होगा। यदि बात करें उथप्पा की तो वो खुद लंबे समय तक केकेआर टीम का हिस्सा रहे हैं और गंभीर की कप्तानी में उन्होंने फ्रेंचाइज़ी के लिए महत्वपूर्ण योगदान दिया है। दोनों की आपसी समझ और एक-दूसरे पर भरोसा इसी बयान में साफ झलकता है।
पहले टेस्ट में भारतीय टीम का प्रदर्शन बेहद निराशाजनक रहा। 124 रनों का छोटा लक्ष्य भी टीम हासिल नहीं कर सकी और दूसरी पारी में केवल संघर्ष करने जैसा खेल दिखाई दिया। बल्लेबाजों की कमजोर तकनीक और गलत शॉट चयन टीम की हार का मुख्य कारण बने।
पहली पारी में भारत की ओर से सबसे ज्यादा रन केएल राहुल ने बनाए, जिन्होंने 39 रनों की पारी खेली। दूसरी पारी में वाशिंगटन सुंदर ने धीरज से खेलते हुए 92 गेंदों पर 31 रन बनाए, लेकिन यह पारी भी टीम को जीत नहीं दिला सकी। कोई भी भारतीय बल्लेबाज अर्धशतक तक नहीं पहुंच पाया, जो टीम की बल्लेबाजी की नाकामी का बड़ा सबूत है।
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पहले मैच के बाद बढ़ी आलोचना टीम मैनेजमेंट पर दबाव बढ़ा रही है। गौतम गंभीर और कप्तान शुभमन गिल दोनों की रणनीति पर सवाल उठ रहे हैं। अब नजरें आगामी मुकाबले पर होंगी, जहां भारत को मजबूत वापसी करनी होगी। टीम को संयोजन, मानसिकता और बल्लेबाजी इन तीनों क्षेत्रों में सुधार दिखाना जरूरी होगा, वरना सीरीज में हालात और मुश्किल हो सकते हैं।






