सरकार की नज़र से छूटा यवतमाल का किसान, कर्जमाफी सूची में नाम नहीं आने से परेशान होकर की आत्महत्या
Yavatmal Loan Waiver List: यवतमाल के रालेगांव तहसील में कर्जमाफी सूची में नाम नहीं आने से निराश 49 वर्षीय किसान ने कथित रूप से विषैले पदार्थ का सेवन कर आत्महत्या कर ली।
यवतमाल किसान आत्महत्या- एआय जनरेटेड फोटो (सोर्सः सोशल मीडिया)
Yavatmal Farmer Suicide: महाराष्ट्र सरकार की कर्जमाफी योजना से उम्मीद लगाए बैठे एक किसान ने सूची में अपना नाम नहीं आने से निराश होकर आत्महत्या कर ली। यह दिल दहला देनेवाली घटना यवतमाल जिले के रालेगांव तहसील के भांब गांव में सामने आई है।
मृतक किसान की पहचान राजू बापूराव चुड्डके 49 के रूप में हुई है। बताया जाता है कि उनके नाम पर मौजा मधापुर उजाड स्थित गट क्रमांक 31 में लगभग 1 हेक्टेयर 19 आर कृषि भूमि है तथा उन्होंने रालेगांव मध्यवर्ती बैंक से फसल ऋण लिया था। उन्हें उम्मीद थी कि सरकार की कर्जमाफी योजना में उनका नाम शामिल होगा, लेकिन सूची में नाम नहीं मिलने से वे गहरे सदमे में चले गए।
कर्जमाफी सूची में नाम नहीं
जानकारी के अनुसार, बैंक से लौटने के बाद राजू चुड्डके काफी परेशान थे। शनिवार रात करीब 10 बजे उन्होंने घर में विषैले पदार्थ का सेवन कर लिया। परिजनों ने उन्हें तत्काल रालेगांव ग्रामीण अस्पताल पहुंचाया, जहां उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। मृतक अपने पीछे पत्नी और दो छोटे बच्चों का परिवार छोड़ गए हैं। पहले से ही सूखा, बीजखाद की बढ़ती कीमतें और कर्ज के बोझ से परिवार आर्थिक संकट से जूझ रहा था।
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किसान की मौत से क्षेत्र में आक्रोश
ऐसे में कर्जमाफी ही उनके लिए अंतिम उम्मीद थी, जो पूरी नहीं हो सकी। इस घटना के बाद क्षेत्र में शोक और आक्रोश का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि पात्र किसानों के नाम कर्जमाफी सूची में शामिल किए जाते, तो शायद एक किसान की जान बच सकती थी। लोगों ने सरकार और प्रशासन से कर्जमाफी प्रक्रिया की समीक्षा कर पात्र किसानों को तत्काल राहत देने की मांग की है।
