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फार्मर आईडी बिना कर्जमाफी नहीं, 5 साल का डेटा जरूरी, तहसील में हड़कंप; वणी में बढ़ी परेशानी

Wani Farmers: वणी तहसील में कर्जमाफी योजना के तहत किसानों से 2020–2025 तक की 65 कॉलम की जानकारी मांगी जा रही है। फार्मर आईडी अनिवार्य होने से कई किसानों को परेशानी हो रही है।

  • Written By: अंकिता पटेल
Updated On: Jan 27, 2026 | 07:18 AM

प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स : सोशल मीडिया )

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Agriculture Relief : वणी राज्य सरकार द्वारा घोषित कर्जमाफी योजना को लेकर वणी तहसील के किसानों के सामने अब एक नई प्रशासनिक चुनौती खड़ी हो गई है। कर्जमाफी से जुड़ी संपूर्ण जानकारी अब संबंधित विकास संस्थाओं के पास उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है। इसके तहत किसानों को पिछले पांच वर्षों की विस्तृत जानकारी देना अनिवार्य किया गया है, जिससे तहसील स्तर पर हलचल मची हुई है।

सरकारी दिशा-निर्देशों के अनुसार, कर्जमाफी का लाभउठाने वाले प्रत्येक किसान की जानकारी विकास संस्थाओं के रिकॉर्ड में दर्ज होनी चाहिए। इस प्रक्रिया में सबसे अहम शर्त यह रखी गई है कि संबंधित किसान के पास ऑथेंटिक फार्मर आईडी (प्रमाणिक किसान पहचान) होनी चाहिए, वणी तहसील में बड़ी संख्या में ऐसे किसान हैं, जिनके पास अभी तक फार्मर आईडी नहीं है, जिसके कारण जानकारी संकलन की प्रक्रिया में अड़चनें आ रही हैं।

सूत्रों के अनुसार, कर्जमाफी की जानकारी कुल 65 कॉलमों में भरनी होगी। इसमें किसान का नाम, आधार नंबर, पैन कार्ड, बैंक पासबुक, आधार से लिंक मोबाइल नंबर, दो फोटो, जमीन का विवरण, फसल का प्रकार और ऋण से जुड़ी पूरी जानकारी शामिल है। यह जानकारी पांच साल की अवधि 2020 से 31 मार्च 2025 तक के लिए मांगी जा रही है।

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कर्जदारों में से 30 प्रतिशत किसान डिफॉल्टर श्रेणी में

बताया जा रहा है कि लगभग 70 प्रतिशत किसान नियमित परतफेड (ऋण वापसी) करने वाले हैं, जबकि शेष 30 प्रतिशत किसान डिफॉल्टर श्रेणी में आते हैं।

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प्रशासन का कहना है कि कर्जमाफी की घोषणा के बावजूद परतफेड की प्रक्रिया पूरी तरह बंद नहीं हुई है, बल्कि नियमित भुगतान करने वाले किसानों को अधिक प्रोत्साहन राशि मिलने की संभावना है। कृषि संगठनों का कहना है कि फार्मर आईडी की अनिवार्यता के कारण ग्रामीण इलाकों के छोटे और सीमांत किसान परेशान हैं।

5 वर्षों की जानकारी ने किसानों की बढ़ा रखी है चिंता

कर्जमाफी योजना वणी तहसील के किसानों के लिए राहत लेकर आई है, लेकिन जटिल कागजी प्रक्रिया और पांच वर्षों की जानकारी की मांग ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। यदि प्रशासन समय रहते मार्गदर्शन और सुविधाएं उपलब्ध कराता है, तो यह योजना वास्तव में किसानों के लिए लाभकारी साबित हो सकती है।

Wani farm loan waiver documents farmer id verification

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Published On: Jan 27, 2026 | 07:18 AM

Topics:  

  • Agriculture Sector
  • Farmers Loan
  • Maharashtra
  • Maharashtra News

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