मारेगांव अस्पताल बेहाल: 40° गर्मी में बंद कूलर-जनरेटर, मरीजों को सुविधाओं का भारी अभाव
Yavatmal Heatwave Hospital Crisis: मारेगांव ग्रामीण अस्पताल में गर्मी के बीच कूलर बंद, जनरेटर में डीजल नहीं। मरीजों को भारी परेशानी, बुनियादी सुविधाओं का अभाव उजागर।
- Written By: अंकिता पटेल
मारेगांव अस्पताल समस्या( सोर्स: सोशल मीडिया )
Yavatmal Maregaon Rural Hospital: मारेगांव साल 1950 के दशक में निर्मित मारेगांव का ग्रामीण अस्पताल आज खुद अपनी दुर्दशा बयां कर रहा है। 35 बेड वाले इस अस्पताल में कई बुनियादी समस्याएं सामने आ रही हैं। इसके बावजूद जनप्रतिनिधियों और जिम्मेदार अधिकारियों का इस ओर अपेक्षित ध्यान नहीं होने की बात सामने आई है।
अप्रैल माह में बढ़ती गर्मी के चलते तापमान 40 से 44 डिग्री तक पहुंच चुका है। ऐसे में अस्पताल में लगे कूलरों की मोटर खराब होने के कारण वे बंद पड़े हैं, जिससे मरीजों को भीषण गर्मी का सामना करना पड़ रहा है।
अस्पताल में नाममात्र का 4 बेड का उष्माघात (हीट स्ट्रोक) कक्ष बनाया गया है, लेकिन वहां भी लू से पीड़ित मरीजों के लिए आवश्यक सुविधाओं का अभाव है। बिजली गुल होने की स्थिति में उपयोग के लिए जनरेटर की व्यवस्था तो है, लेकिन डीजल के अभाव में वह भी बंद पड़ा है।
सम्बंधित ख़बरें
छत्रपति संभाजीनगर मनपा अधिकारियों पर दबाव डालने वालों पर होगी सख्ती, नगरसेवकों के रिश्तेदारों की एंट्री बंद
STEMI Maharashtra बना हार्ट अटैक मरीजों की नई उम्मीद, AI से 10 मिनट में पहचान, 1.49 लाख मरीजों का समय पर इलाज
भंडारा की महिला का वोटर रिकॉर्ड पहुंचा उत्तर प्रदेश, SIR सत्यापन में गड़बड़ी का आरोप
वर्धा नगर परिषद 31 जुलाई से पहले जारी करेगी नई टैक्स असेसमेंट सूची, बढ़ सकता है प्रॉपर्टी टैक्स
कुछ कूलर चालू हालत में होने के बावजूद उनमें पानी नहीं होने से वे गर्म हवा दे रहे हैं। अस्पताल के कर्मचारियों के अनुसार, पहले जनरेटर के लिए डीजल पुलिस वेलफेयर पेट्रोल पंप से उधार लिया जाता था, लेकिन करीब 3 लाख रुपये का बकाया बिल होने के कारण पंप संचालक ने डीजल देना बंद कर दिया है।
इसके चलते बिजली जाने पर ब्लड जांच और एक्स-रे जैसी जरूरी सेवाएं ठप हो जाती हैं, जिससे मरीजों को परेशानी झेलनी पड़ती है। यह भी जानकारी सामने आई है कि अस्पताल में आवश्यक सामग्री पहले उधार लेकर मेंटेनेंस किया जाता था, लेकिन बिल का भुगतान न होने और फंड की कमी के चलते स्थानीय दुकानदारों ने उधार देना बंद कर दिया है। इससे अस्पताल की समस्याएं और बढ़ गई हैं।
कूलरों को जल्द शुरू किया जाएगा
अमेने शुक्रवार को मारेगाव ग्रामीण अस्पताल का मुआयना किया है, नया उष्माघात कक्ष तैयार किया जाएगा, सभी कूलरों को जल्द शुरू कराया जाएगा, जनरेटर को चालू करने के लिए पेट्रोल पंप की बकाया राशि का भुगतान किया जाएगा। अस्पताल की सभी समस्याओं के समाधान के लिए प्रयास जारी है और जल्द ही फंड उपलब्ध कराया जाएगा।
यह भी पढ़ें:-13 करोड़ वसूले, फिर भी 32 करोड़ बकाया; यवतमाल में जल आपूर्ति पर संकट गहराया
-यवतमाल, जिला शल्य चिकित्सक अधिकारी, सुखदेव राठौड
