Maharashtra News: ठाणे में अकेले चुनाव से पीछे हटी भाजपा, शिवसेना से बनी सहमति

Maharashtra Local Body Election: ठाणे मनपा चुनाव को लेकर भाजपा-शिवसेना की तल्खी खत्म हो गई है। आंतरिक सर्वे के बाद महायुति ने मिलकर चुनाव लड़ने का फैसला किया है, जल्द सीट बंटवारे पर चर्चा होगी।
Devendra Fadnavis And Eknath Shinde
एकनाथ शिंदे और देवेंद्र फडणवीस (सौजन्य-सोशल मीडिया)
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Thane News In Hindi: स्थानीय निकाय चुनावों को लेकर महायुति के बीच ही जंग का ऐलान करने वाले नेताओं ने अपनी तलवारें वापस म्यान में रख ली हैं। ठाणे मनपा चुनाव को लेकर कराये गए एक सर्वे ने ठाणे में भाजपा शिवसेना के बीच चल रही तल्खी को खत्म कर दिया है।

महायुति की प्रमुख दोनों घटक दलों के शीर्ष नेताओं ने ठाणे मनपा चुनाव एक साथ मिलकर लड़ने का निर्णय लिया है। सूत्रों का कहना है कि यह निर्णय भाजपा द्वारा ठाणे में कराए गए आंतरिक सर्वे के बाद लिया गया है। जल्द ही दोनों दलों के नेताओं के बीच सीट बंटवारे को लेकर चर्चा शुरू की जाएगी।

गौरतलब हो कि विधानसभा चुनाव खत्म होने के साथ ही भाजपा ने ठाणे मनपा सहित जिले की अन्य महानगर पालिकाओं का चुनाव अकेले के दम पर लड़ने की तैयारी भी शुरू कर दी थी। ठाणे में संगठन को मजबूत करने की जिम्मेदारी वन मंत्री गणेश नाईक को दी गई थी।

किंतु मनपा चुनाव से पूर्व भाजपा द्वारा कराए गए आंतरिक सर्वे में कहा गया है कि यदि भाजपा अकेले दम पर चुनाव लड़ती है तो उसे 30 से 35 के आसपास सीटें मिल सकती हैं, जो बहुमत के आंकड़े से काफी दूर हैं।

सर्वे में यह भी कहा गया है कि यदि ठाणे मनपा चुनाव भाजपा- शिवसेना मिलकर लड़ती हैं तो भी 30 सीटें मिलने का अनुमान है। भाजपा के शीर्ष नेताओं का मानना है कि यदि अधिक फायदा नहीं हो रहा है तो साथ मिलकर चुनाव लड़ने में ही समझदारी है।

जनवरी में होने हैं चुनाव

सूत्रों का कहना है कि सर्वे की आंतरिक रिपोर्ट आने के बाद दिल्ली के शीर्ष नेताओं ने महाराष्ट्र बीजेपी अध्यक्ष रवींद्र चव्हाण को निर्देश दिया है कि चुनावों के पहले हर हाल में गठबंधन कर लिया जाना चाहिए महाराष्ट्र में मुंबई महानगर पालिका समेत 29 महानगर पालिकाओं के चुनाव जनवरी में होने की संभावना है।

जबकि जिला परिषद के चुनाव का मामला हाईकोर्ट में होने की वजह से उसमें देरी हो सकती है। केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह से नई दिल्ली में मुलाकात करके वापस लौटे चव्हाण ने चुनाव के पहले गठबंधन को लेकर अपनी सहमत्ति जताई।

उन्होंने कहा, रहमें वरिष्ठ नेताओं की ओर से साफ तौर पर कहा गया है कि महानगर पालिका चुनावों से पहले किसी भी कीमत पर गठबंधन होना चाहिए। इसी संदर्भ में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उप मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के बीच में विस्तार से चर्चा होने की बात भी सामने आई है। ठाणे मनपा में शिंदे को करीब 82 पूर्व नगरसेवकों का समर्थन है, जबकि भाजपा के पास 24 है। अगर गठबंचन होता है। तो ऐसी तस्वीर है कि ये 106 सीटें सीधे दोनों पार्टियों के बीच बंट जाएंगी।

लोकल लेवल पर बनेगी कोऑर्डिनेशन कमेटी

पिछले दिनों नागपुर में दोनों नेताओं, भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष रवींद्र चव्हाण और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के बीच गठबंधन को लेकर एक लंबी बातचीत भी हुई, चव्हाण ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह संकेत दिया कि मुंबई और ठाणे, दोनों महानगर पालिकाओं के बीच युति होना लगभग पक्का है, चव्हाण ने यह भी कहा कि सीटों के बंटवारे और महायुति के दूसरे मुद्दो पर चर्चा के लिए लोकल लेवल पर नेताओं की एक कोऑर्डिनेशन कमेटी बनाई जाएगी।

कोऑर्डिनेशन कमेटी बनाई जाएगी

डीसीएम शिंदे के साथ मुंब्रा के कई पूर्व नगरसेवक राज्य के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के पास अभी ठाणे में 82 पूर्व नगरसेवक है, इस बीच, विधायक जितेंद्र आव्हाड के समर्थक पुराने नगरसेवक शिंदे की पार्टी में शामिल हुए हैं। मुंब्रा इलाके के कुछ पुराने नगरसेवक शिंदे की तरफ अपना झुकाव अभी भी बनाए हुए हैं।

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