Nominated Councillor Selection:बदलापुर (सोर्सः सोशल मीडिया)
Thane District News: अंबरनाथ और कुलगांव-बदलापुर नगर परिषदों के चुनाव परिणाम घोषित होने के बाद अब दोनों नगर परिषदों में उपाध्यक्ष पद के चयन और मनोनीत नगरसेवकों की नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू होने जा रही है। इसी क्रम में कुलगांव-बदलापुर नगर परिषद में 9 जनवरी तथा अंबरनाथ नगर परिषद में 12 जनवरी को उपाध्यक्ष पद का चुनाव किया जाएगा।
नगर परिषद चुनाव हार चुके कुछ वरिष्ठ पदाधिकारी, पार्टी निर्देश पर चुनावी मैदान से हटे नेता तथा लंबे समय से पार्टी के लिए कार्य करने वाले कार्यकर्ता मनोनीत नगरसेवक बनने के लिए प्रयासरत हैं। साथ ही उपाध्यक्ष पद पर किसे मौका मिलेगा, इसको लेकर भी राजनीतिक हलचल तेज हो गई है।
जिलाधिकारी के आदेश के बाद कुलगांव-बदलापुर नगर परिषद में उपाध्यक्ष और मनोनीत सदस्यों का चयन 9 जनवरी को किया जाएगा, जबकि अंबरनाथ नगर परिषद में यह प्रक्रिया 12 जनवरी को संपन्न होगी। दोनों नगर परिषदों में पाँच-पाँच मनोनीत नगरसेवकों का चयन किया जाएगा। इसके लिए सभी प्रमुख राजनीतिक दलों ने अपनी रणनीति पर काम शुरू कर दिया है।
कुलगांव-बदलापुर नगर परिषद में शिवसेना (शिंदे गुट) के 24, भाजपा के 22 और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (अजीत पवार गुट) के 3 नगरसेवक निर्वाचित हुए हैं। गठबंधन के दौरान भाजपा द्वारा राकांपा को उपाध्यक्ष पद और एक मनोनीत सदस्य देने का वादा किया गया था। इस समीकरण के अनुसार भाजपा को दो, राकांपा को एक और शिवसेना को दो मनोनीत सदस्य मिलने की संभावना जताई जा रही है।
वहीं अंबरनाथ नगर परिषद में शिवसेना (शिंदे) के 27, भाजपा के 14, कांग्रेस के 12, राकांपा (अजीत पवार) के 4 और 2 निर्दलीय नगरसेवक निर्वाचित हुए हैं। ऐसे में पाँच मनोनीत सदस्यों में से शिवसेना को दो, भाजपा और राकांपा को एक-एक पद मिलने की संभावना है, जबकि पाँचवें पद को लेकर कड़ा मुकाबला देखने को मिल सकता है।
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राज्य में पंजीकृत मेडिकल प्रैक्टिशनर, चार्टर्ड अकाउंटेंट, इंजीनियरिंग डिग्रीधारक, प्रोफेसर अथवा विधि व्यवसायी के रूप में कम से कम पाँच वर्षों का अनुभव रखने वाले व्यक्ति मनोनीत नगरसेवक बनने के पात्र होंगे।
इसके अलावा सेवानिवृत्त हेडमास्टर, प्रिंसिपल, लेक्चरर, प्रोफेसर, मुख्य अधिकारी, सहायक आयुक्त या उप आयुक्त के रूप में कार्य कर चुके व्यक्ति भी पात्र होंगे। साथ ही किसी मान्यता प्राप्त गैर-सरकारी संगठन में न्यूनतम पाँच वर्षों का अनुभव रखने वाले सदस्य भी इस पद के लिए योग्य माने जाएंगे।