Solapur Crime: देवगांव रंगारी (सोर्सः सोशल मीडिया)
Devgaon Rangari Murder Case: एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जिसमें देवगांव रंगारी में तैनात एक पुलिस अधिकारी की बेरहमी से हत्या कर दी गई और उसकी बॉडी को उसके ही घर के बगल में बने एक शेड में दफना दिया गया। यह घटना रविवार को सामने आने के बाद पूरे इलाके और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। शुरुआत में आशंका जताई जा रही थी कि यह वारदात किसी अज्ञात व्यक्ति ने अंजाम दी है, लेकिन कुछ ही घंटों में तेज़ी से की गई जांच में यह साफ हो गया कि इस जघन्य अपराध का मुख्य आरोपी घर का ही एक सदस्य है।
मृतक पुलिस अधिकारी का नाम नानासाहेब रामजी दिवेकर है। पुलिस जांच में खुलासा हुआ है कि उनकी हत्या उनके ही छोटे भाई लहानू रामजी दिवेकर ने की है। दोनों भाइयों के बीच काफी समय से पारिवारिक विवाद चल रहा था। इसी रंजिश के चलते 2 जनवरी की रात लहानू ने इस खौफनाक वारदात को अंजाम दिया। जब नानासाहेब अपने घर में गहरी नींद में सो रहे थे, तभी उनके सिर पर धारदार हथियार से हमला किया गया, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
हत्या के बाद सबूत मिटाने के इरादे से आरोपी ने अपने घर के पास बने एक पेपर शेड में गड्ढा खोदकर शव को वहीं दफना दिया। मामले की जांच कर रही असिस्टेंट पुलिस इंस्पेक्टर वैभव रणखंब की टीम को कुछ स्थानों पर खुदी हुई मिट्टी दिखाई दी, जिससे शक गहराया।
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कड़ी पूछताछ के दौरान आरोपी लहानू ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। पुलिस के अनुसार, नानासाहेब दिवेकर पुलिस फोर्स में शामिल होने से पहले इंडियन आर्मी में सेवा दे चुके थे। आर्मी से रिटायर होने के बाद उन्होंने सात साल पहले महाराष्ट्र पुलिस में जॉइन किया था और वर्तमान में संभाजीनगर जिले में तैनात थे। फिलहाल, पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि आरोपी ने अकेले शव को कैसे दफनाया, हत्या में इस्तेमाल हथियार कहां है, और पारिवारिक विवाद इतना गंभीर क्यों हो गया। मामले की आगे की जांच जारी है।