
सिंधुदुर्ग एयरपोर्ट (डिजाइन फोटो)
Sindhudurg Airport Operations Approval News: महाराष्ट्र के कोंकण क्षेत्र के लिए एक अहम उपलब्धि के रूप में सिंधुदुर्ग हवाई अड्डे को डीजीसीए से 24 घंटे संचालन की मंजूरी मिल गई है। अब यह हवाई अड्डा कम दृश्यता और खराब मौसम में भी सुरक्षित उड़ानों के लिए सक्षम हो गया है।
महाराष्ट्र के सिंधुदुर्ग जिले में स्थित सिंधुदुर्ग हवाई अड्डे को विमानन सुरक्षा नियामक नागर विमानन महानिदेशालय (DGCA) से 24×7 संचालन की अनुमति मिल गई है। इस मंजूरी के तहत अब हवाई अड्डा दिन-रात सभी मौसम परिस्थितियों में उड़ानों का संचालन कर सकेगा, जिसमें कम दृश्यता और प्रतिकूल मौसम की स्थितियां भी शामिल हैं।
आईआरबी इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपर्स लिमिटेड द्वारा संचालित यह हवाई अड्डा अक्टूबर 2021 में व्यावसायिक रूप से शुरू हुआ था। तब से यह कोंकण क्षेत्र की हवाई कनेक्टिविटी को मजबूत करने में अहम भूमिका निभा रहा है। नई अनुमति से इसकी परिचालन क्षमता में बड़ा विस्तार होगा।
डीजीसीए ने सिंधुदुर्ग हवाई अड्डे को इंस्ट्रूमेंट फ्लाइट रूल्स (IFR) के तहत प्रमाणन प्रदान किया है। यह प्रमाणन कम दृश्यता, भारी बारिश या खराब मौसम के दौरान भी विमानों के सुरक्षित संचालन की अनुमति देता है। इससे एयरलाइनों को उड़ानों की योजना बनाने में अधिक भरोसा मिलेगा।
इस मंजूरी के अंतर्गत उपग्रह आधारित रिक्वायर्ड नेविगेशन परफॉर्मेंस (RNP) प्रक्रियाएं और बैक-अप नेविगेशन सहायता भी शामिल हैं। इन आधुनिक प्रणालियों की मदद से वर्षभर विभिन्न श्रेणियों के विमानों के लिए सुरक्षित लैंडिंग और टेक-ऑफ संभव हो सकेगा।
आईआरबी सिंधुदुर्ग हवाई अड्डे के मुख्य सलाहकार और प्रमुख जय एस सदाना ने कहा कि 24 घंटे सभी मौसमों में संचालन की अनुमति से हवाई अड्डे की विश्वसनीयता और कार्यक्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। इससे एयरलाइनों का भरोसा मजबूत होगा और यात्री संख्या में लगातार इजाफा होने की संभावना है।
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यह निर्णय कोंकण क्षेत्र में पर्यटन, व्यापार और स्थानीय अर्थव्यवस्था के लिए मील का पत्थर साबित हो सकता है। बेहतर हवाई संपर्क से देश-विदेश के पर्यटकों की आवाजाही बढ़ेगी, जिससे रोजगार के अवसर और आर्थिक गतिविधियां तेज होंगी।
डीजीसीए की 24×7 संचालन की मंजूरी के साथ सिंधुदुर्ग हवाई अड्डा कोंकण क्षेत्र के विकास का नया प्रवेशद्वार बनता नजर आ रहा है। यह कदम क्षेत्रीय हवाई कनेक्टिविटी को मजबूती देने के साथ-साथ पर्यटन और आर्थिक प्रगति को नई गति देगा।






