2 करोड़ की घूस लेते रंगे हाथ पकड़ा गया पुलिस अधिकारी, जमानत रिपोर्ट में मदद के बदले मांगी थी रिश्वत

Pune Police Bribe News: एसीबी ने पुणे में पिंपरी चिंचवाड़ पुलिस के PSI प्रमोद चिंतामणि को 2 करोड़ की रिश्वत मांगने और 45.5 लाख लेते रंगे हाथ पकड़ा। आरोपी जमानत रिपोर्ट में मदद के बदले घूस मांग रहा था।
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प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स: सोशल मीडिया)
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Pune PSI Arrested For Taking Bribe: भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने पुणे जिले कि पिंपरी चिंचवाड़ पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा के उपनिरीक्षक प्रमोद चिंतामणि को रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई पुणे शहर में जाल बिछाकर की गई।

अधिकारियों ने सोमवार को बताया कि उपनिरीक्षक प्रमोद चिंतामणि को रविवार को पुणे शहर में एक मंदिर के पास वकील से 45.5 लाख रुपये लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा गया। यह मामला एक आर्थिक अपराध से जुड़ा है, जिसकी जांच पिंपरी चिंचवाड़ पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा कर रही थी।

अधिकारियों ने बताया कि आरोपी के वकील के मुवक्किल और उसके पिता के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के तहत धोखाधड़ी और आपराधिक विश्वासघात का मामला दर्ज है। मुवक्किल के पिता इस समय न्यायिक हिरासत में हैं।

क्या है मामला?

एसीबी के एक अधिकारी के अनुसार, मामले की जांच कर रहे उपनिरीक्षक चिंतामणि ने कथित तौर पर सबसे पहले आरोपी के वकील से जमानत अर्जी पर अनुकूल रिपोर्ट दर्ज करने के लिए दो लाख रुपये रिश्वत की मांग की थी।

इसके बाद वकील ने एसीबी से संपर्क किया और इस संबंध में शिकायत दर्ज कराई। एसीबी अधिकारी ने बताया कि शिकायत के बाद अगले दौर की बातचीत हुई। बातचीत के दौरान उपनिरीक्षक ने अपनी मांग अचानक बढ़ाकर दो करोड़ रुपये कर दी।

किश्तों में देनी थी रकम

आरोपी उपनिरीक्षक प्रमोद चिंतामणि ने दावा किया कि दो करोड़ रुपये में से एक करोड़ रुपये विभाग के एक वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक को दिए जाएंगे। बातचीत के बाद यह तय हुआ कि वकील यह राशि किश्तों में देगा। पहली किश्त के रूप में 50 लाख रुपये दो नवंबर को दिए जाने थे।

हालांकि, एसीबी ने जाल बिछाया और रविवार को उपनिरीक्षक को 45.5 लाख रुपये की राशि स्वीकार करते हुए गिरफ्तार कर लिया। चिंतामणि को भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत गिरफ्तार किया गया है और मामले की जांच जारी है।

(एजेंसी इनपुट के साथ)