Pune में राजनीतिक सरगर्मी, थोरात ने कहा-ध्रुवीकरण और गड़बड़ी से लोकतंत्र कमजोर

Pune में ‘लोकतंत्र की हत्या? वोट चोरी’ प्रदर्शनी के उद्घाटन पर बालासाहेब थोरात ने लोकतंत्र को खतरे में बताया और भाजपा पर चुनावी गड़बड़ी, ध्रुवीकरण व सत्ता दुरुपयोग के गंभीर आरोप लगाए।
Balasaheb Thorat
बालासाहेब थोरात (सौ. सोशल मीडिया )
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Pune News In Hindi: देश का लोकतंत्र खतरे में है और इसे बचाने के लिए पुणेकरों को अग्रणी भूमिका निभानी चाहिए, यह अपील कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व राजस्व मंत्री बालासाहेब थोरात ने की है। वे बालगंधर्व नाट्यगृह में आयोजित 'लोकतंत्र की हत्या?

वोट चोरी' नामक प्रदर्शनी के उद्घाटन मौके पर बोल रहे थे। यह प्रदर्शनी 'सेवा, कर्तव्य, त्याग सप्ताह' के तहत आयोजित की गई है। थोरात ने कहा कि पुणे हमेशा से वैचारिक मंथन का केंद्र रहा है। समाज में गलत हो रही बातों पर सवाल उठाना, उन्हें सार्वजनिक करना और सुधार की मांग करना पुणेकरों की परंपरा रही है। जब लोकतंत्र गंभीर संकट में है तो ऐसे समय में पुणे को एक बार फिर नेतृत्व करना होगा।

भाजपा सरकार पर लगाया आरोप

बालासाहेब थोरात ने आरोप लगाया कि भाजपा सत्ता के लिए हर संभव तरीके अपना रही है। उन्होंने कहा कि वोट हासिल करने के लिए धार्मिक ध्रुवीकरण, सरकारी धन का दुरुपयोग, ईवीएम में गड़बड़ी, मतदाताओं की संख्या में मनमानी कटौती या बढ़ोतरी जैसे तरीके अपनाए जा रहे हैं।

उन्होंने आरोप लगाया कि आज यह सब बातें छिपकर नहीं, बल्कि खुलेआम हो रही है। थोरात ने अपने कार्यकाल की तुलना करते हुए कहा कि कांग्रेस शासनकाल में यदि मुख्यमंत्री पर साधारण सा आरोप भी लगता था तो नैतिकता के आधार पर उनसे इस्तीफा लिया जाता था, जबकि आज के दौर में खुलेआम वोट की चोरी हो रही है।

उन्होंने कहा कि खिलाड़ियों पर अत्याचार करने वाले लोग भी खुलेआम घूम रहे है। न्यायपालिका से जुड़े वरिष्ठ पदों का अपमान करने वाले लोग बेखौफ है, जबकि सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक को बिना दोष के जेल में डाल दिया गया।