महाराष्ट्र में बदला मौसम: कई जिलों में बारिश-ओलावृष्टि का अलर्ट, किसानों की बढ़ी चिंता
Pune Weather Sudden Change Update: महाराष्ट्र में अचानक मौसम बदलाव से कई जिलों में बारिश और ओलावृष्टि का अलर्ट जारी हुआ है। संगमनेर में बेमौसम बारिश से किसानों की फसलें बर्बाद हो गईं।
- Written By: अपूर्वा नायक
पुणे में ओलावृष्टि (सौ. सोशल मीडिया )
Maharashtra Rain Alert Hailstrom Pune: महाराष्ट्र के कई हिस्सों में सोमवार को अचानक मौसम बदलाव होने से दोपहर 2:50 बजे राज्य के विभिन्न जिलों में बिजली कड़कड़ाहट के साथ बारिश और कुछ स्थानों पर ओलावृष्टि हुई है।
मंगलवार को पुणे, सातारा, अहिल्यानगर, नाशिक, धुलिया, नंदुरबार, जलगांव, कोल्हापुर और सांगली जैसे पश्चिम और उत्तर महाराष्ट्र के जिलों में बारिश की संभावना है।
सोमवार को पुणे बजली की कड़कड़ाहट के साथ बारिश और कुछ स्थानों पर ओलावृष्टि हुई है। इसके अलावा मराठवाड़ा क्षेत्र के बीड, छत्रपति संभाजीनगर, जालना, परभणी, लातूर और नांदेड़ में भी बिजली के साथ बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।
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विदर्भ के बुलढाना, वाशिम, अकोला और यवतमाल जिलों में भी मौसम खराब होने की संभावना है और कुछ स्थानों पर ओले पड़ सकते हैं। इस बदलते मौसम के कारण किसानों को विशेष सतर्क रहने की सलाह दी गई है। इस समय रबी फसलों का मौसम अंतिम चरण में है और ओले तथा तेज बारिश से फसलों को नुकसान होने का डर है।
प्रशासन ने यह भी कहा है कि बिजली कड़कड़ाने के समय खेतों में काम करने वाले लोग सुरक्षित स्थान पर रहें। शहरी क्षेत्रों में भी इस बारिश का असर देखा जा रहा है। अचानक बारिश से यातायात प्रभावित होने की संभावना है, इसलिए नागरिकों को घर से बाहर निकलते समय मौसम का पूर्वानुमान ध्यान में रखते हुए योजना बनानी चाहिए।
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संगमनेर तहसील में बेमौसम बारिश
संगमनेर तहसील के पश्चिमी भाग में हुई बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि ने किसानों की कमर तोड़ दी है। पूर्व राजस्व एवं कृषि मंत्री बालासाहेब थोरात ने प्रभावित क्षेत्र निमाज, धंदारफल खुर्द और धंदारफल बुद्रुक का दौरा कर फसलों और क्षतिग्रस्त मकानों का निरीक्षण किया। उन्होंने बताया कि इस प्राकृतिक आपदा में अनार, प्याज और मक्का जैसी खड़ी फसलें पूरी तरह बर्बाद हो गई है। साथ ही तेज आंधी से कई पशुशालाएं और घर भी ढह गए है। थोरात ने संकट की इस घड़ी में किसानों को ढांढस बंधाया और अपनी टीम के माध्यम से प्रभावितों तक तत्काल राहत सामग्री पहुंचाई।
