
प्रतीकात्मक तस्वीर
पुणे. शिरूर में अचानक लोगों के गायब होने हड़कंप मच गया है। यहां महज 1 महीने में पांच लोग अचानक लापता हो गए हैं। बिना किसी को बताए घर से निकलने की यह दर लगातार बढ़ती जा रही है। इसमें महिलाएं, पुरुष और युवा शामिल हैं। इतना ही नहीं इनमें नाबालिग लड़कियां भी शामिल हैं। मामले की थाने में शिकायत भी दर्ज करायी गयी है। इन लोगों के अचानक गायब होने से पुलिस भी असमंजस में है। इस घटना से पुरे तहसील में चर्चा शुरू हो गयी है।
44 वर्षीय महिला सुमन सखाराम साल्वे अपने 18 वर्षीय बेटे जीवन सखाराम साल्वे के साथ ओल्ड शिरूर (रामलिंगम) से लापता हो गई हैं। रविवार सुबह 7 बजे सुमन और उसका बेटा जीवन घर से निकल गए। लेकिन, काफी रात होने के बावजूद दोनों में से कोई भी घर नहीं आया। सुमन ने अपने पति सखाराम साल्वे के मोबाइल पर मैसेज भेजा था कि स्कूल के शिक्षक और कर्मचारी परेशान कर रहे है इसलिए यहां से जा रही हूं । इस मामले में सखाराम ने शिरूर पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस फ़िलहाल मामले की जांच में जुट गयी है।
शिरूर के सोनार अली से 20 साल की प्रतीक्षा वैभव शाह लापता हो गई है। लड़की 23 जुलाई से लापता है। वह अभी भी नहीं मिली है। पुलिस गहन जांच कर रही है। शिरूर के बागवान नगर से एक और नाबालिग लड़की की लापता की खबर है। जानकारी के मुताबिक, मुताबिक, युवती की इंस्टाग्राम पर एक अजनबी से मुलाकात हुई। यह लड़की उससे चैट करती थी। इससे उसकी मां नाराज थी। युवती ने इसलिए घर छोड़ दी।
शिक्रापुर से 35 साल की महिला मनीषा राजेंद्र शुक्ला लापता हो गई है। सब्जी मंडी गई मनीषा अब तक वापस नहीं आई। वह बिना किसी को बताए कहीं चली गई है। परिवार ने सभी रिश्तेदारों, पड़ोसियों, दोस्तों सभी से पूछताछ की। लेकिन, उसका कोई अता-पता नहीं चल पाया है।
पुणे से भी एक युवक अचानक गायब हो गया है। युवक का नाम बुद्धभूषण पठारे है। वह 24 साल का है और एमपीएससी का छात्र है। बुद्धभूषण छत्रपति संभाजीनगर के वैजापुर तालुका के रहने वाले हैं। वह पिछले चार साल से पुणे में एमपीएससी की तैयारी कर रहे हैं। लेकिन अब वह लापता है।






