नासिक में टैक्स भरकर भी नागरिक बेहाल, खड्डों में तब्दील सड़कें, नगरपालिक पर नागरिकों का गुस्सा
Nashik Civic Problem: नासिक के पंचवटी मखमलाबाद क्षेत्र में सड़कें खड्डों में तब्दील हो चुकी हैं। टैक्स देने के बावजूद सुविधाएं न मिलने से नागरिकों में आक्रोश है और हादसों का खतरा बढ़ गया है।
- Written By: अंकिता पटेल
प्रतीकात्मक तस्वीर ( सोर्स: सोशल मीडिया )
Nashik Municipal Negligence: नासिक पंचवटी के मखमलाबाद क्षेत्र में आंतरिक और मुख्य सड़कों की स्थिति वर्तमान में अत्यंत दयनीय हो गई है। सड़कें पूरी तरह से खड्डों में तब्दील हो चुकी हैं, जिससे वाहन चालकों के लिए सफर जानलेवा साबित हो रहा है। नियमित रूप से कर (Tax) भरने के बावजूद बुनियादी सुविधाएं न मिलने के कारण नासिक महानगरपालिका के खिलाफ स्थानीय नागरिकों में भारी आक्रोश है। सड़कों पर बने इन गहरे खड्डों के कारण दोपहिया और चौपहिया वाहन लगातार दुर्घटना का शिकार हो रहे हैं।
बुजुर्गों व महिलाओं को हो रही बड़ी परेशानी
खराब सड़कों पर सफर करने की वजह से कई नागरिकों की रीढ़ की हड्डी, कमर दर्द और गर्दन के दर्द जैसी गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। विशेष रूप से रात के समय खड्डे दिखाई न देने के कारण दुर्घटनाओं का खतरा और भी बढ़ जाता है, जिससे बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों की शारीरिक व मानसिक प्रताड़ना झेलनी पड़ रही है।
प्रभावित प्रमुख क्षेत्रः मखमलाबाद क्षेत्र के आदित्य रेसिडेंसी, साई दीप से-हाउस, गजानन पार्क, रामकृष्ण नगर से शांतिनगर बस स्टॉप, मखमलाबाद नाका, ड्रीम कैसल सिग्नल, लीलावती हॉस्पिटल, वळलाई माता नगर, गामणे मळा, तांबे मळा, शांतिनगर, मखमलाबाद गांव, बैंक ऑफ महाराष्ट्र परिसर, ढाकणे सर्विस स्टेशन, बोरगड चौफुली और होटल जुगनू से आडगांव तक के प्रमुख मार्गों पर खड़ों का साम्राज्य फैला हुआ है।
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अनदेखी करने का लगाया आरोप
प्रशासनिक अनदेखी का आरोप पिछले कुछ वर्षों से महानगरपालिका चुनाव न होने के कारण स्थानीय जनप्रतिनिधियों की कमी नागरिकों को खल रही है। वर्तमान में मन्या में जारी ‘अधिकारी राज के चलते सडक, स्वछता, जलापूर्ति और स्ट्रीट लाइट जैसी मूलभूत समस्य्हओं की जानबूझकर अनदेखी करने का आरोप प्रशासन पर लगाया जा रहा है।
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आंदोलन की चेतावनी क्षेत्र के नागरिकों ने चेतावनी दी है कि यदि प्रशासन ने तुरंत सड़कों की मरम्मत नहीं की तो वे सड़कों पर उतरकर तीव्र आंदोलन छेड़ेगे।
