ट्रैफिक बिगाड़ने वालों पर धारा 285, नासिक में अवैध पार्किंग पर पुलिस सख्त, आयुक्त का आदेश

Nashik Traffic Rules: नासिक में अवैध पार्किंग और ट्रैफिक नियम उल्लंघन पर पुलिस ने कड़ा अभियान शुरू किया है। अब स्थानीय थाने भी धारा 285 के तहत सीधे केस दर्ज करेंगे।
Police crack down on traffic violators under Section 285; strict action against illegal parking in Nashik, Commissioner's order issued.
प्रतीकात्मक तस्वीर ( सोर्स: सोशल मीडिया )
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Nashik Illegal Parking Action: नासिक यातायात नियमों का सरेआम उल्लंघन कर शहर की ट्रैफिक व्यवस्था बिगाड़ने वाले वाहन चालकों के खिलाफ पुलिस ने कड़ा अभियान छेड़ दिया है। पुलिस आयुक्त संदीप कर्णिक ने सभी पुलिस थानों को स्पष्ट आदेश दिए हैं कि सड़कों पर लापरवाही से वाहन पार्क करने वालों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाए, अब तक केवल ट्रैफिक पुलिस ही दंडात्मक कार्रवाई कर रही थी, लेकिन अब स्थानीय पुलिस थानों को भी धारा 285 के तहत सीधे मामले दर्ज करने का निर्देश दिया गया है।

बढ़ते जाम और कुंभ मेले की तैयारी

सिंहस्थ कुंभ मेले की तैयारियों के मद्देनजर शहर में बुनियादी ढांचे के निर्माण कार्यों ने गति पकड़ ली है। मुख्य सड़कों का यातायात आंतरिक मार्गों पर डायवर्ट किया गया है। संकरे रास्तों पर वाहनों की अवैध पार्किंग से भारी जाम लग रहा है। पुलिस आयुक्त ने प्रत्येक थाना प्रभारी को प्रतिदिन कम से कम 5 ऐसे मामले दर्ज करने का अनिवार्य लक्ष्य दिया है।

जनवरी में 11 हजार से अधिक चालकों पर गिरी गाज

आंकड़े बताते हैं कि जनवरी माह में यातायात पुलिस ने कुल 11,608 लापरवाह वाहन चालकों पर कार्रवाई करते हुए 77,61,150 रुपये का भारी भरकम जुर्माना वसूला है। विशेष रूप से यातायात में बाधा डालने (पार्किंग) के आरोप में सबसे अधिक 2,285 मामले दर्ज किए गए हैं। इसके अलावा, शराब पीकर गाड़ी चलाने वाले 94 चालकों पर मुकदमा चलाकर 7।51 लाख रुपये का दंड वसूला गया है।

कार्रवाई का रिपोर्ट कार्ड (जनवरी)

क्रमांक नियम उल्लंघन मामलों की संख्या
1 यातायात में बाधा (पार्किंग) 2,285
2 सिग्नल तोड़ना 1,907
3 ट्रिपल सीट (दोपहिया) 1,347
4 गलत दिशा 1,273
5 बिना लाइसेंस / परमिट 601
6 ड्राइविंग के समय मोबाइल उपयोग 333

ऑटो-रिक्शा पर भी कड़ा प्रहार

क्षेत्रीय परिवहन विभाग और पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में 462 ऑटो रिक्शा के खिलाफ कदम उठाए गए। इनमें से 35 रिवशा की स्थिति इतनी खराब थी कि उन्हें सीधे स्क्रैप (कबाड़) कर दिया गया।

रिक्शा चालकों द्वारा फट सीट पर यात्री बिठाने और वर्दी न पहनने जैसे नियमों पर भी पुलिस ने सख्ती बरती है। पुलिस की इस आक्रामकता से शहर के 'मुन्नाभाइयों और नियम तोड़ने वाली में हड़कंप मच गया है।

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