संभाजीनगर में मतीन शेख को अवैध निर्माण नोटिस, HC में चुनौती; निदा खान मामले के बाद नगरसेवक पर कार्रवाई तेज
Nashik Matin Sheikh Conversion Case: नासिक धर्मांतरण प्रकरण की आरोपी को शरण देने के आरोपों के बाद नगरसेवक मतीन शेख को मनपा ने अवैध निर्माण नोटिस जारी की। मामले पर हाई कोर्ट में सुनवाई होगी।
- Written By: अंकिता पटेल
अवैध निर्माण, हाई कोर्ट याचिका,(सोर्स: सोशल मीडिया)
Nashik Matin Sheikh Municipal Notice: छत्रपति संभाजीनगर नासिक धर्मांतरण प्रकरण की आरोपी निदा खान – को कथित रूप से शरण देने के मामले के बाद महापालिका ने कार्रवाई तेज कर दी है। अतिक्रमण विभाग ने नगरसेवक मतीन मजीद शेख को उनके घर और दुकानों को अवैध निर्माण बताते हुए नोटिस जारी की है। इस कार्रवाई के खिलाफ मतीन शेख ने मुंबई उच्च न्यायालय की औरंगाबाद खंडपीठ में याचिका दायर की है। मामले की सुनवाई मंगलवार, 12 मई को होने वाली है।
महानगरपालिका के अतिक्रमण विभाग ने 9 मई को मतीन शेख को नोटिस जारी कर नारेगांव स्थित बिस्मिल्ला कॉलोनी के निर्माण को अवैध बताया था। साथ ही तीन दिनों के भीतर जवाब प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए थे। याचिकाकर्ता का कहना है कि इतनी कम अवधि देकर जवाब मांगना प्राकृतिक न्याय और कानूनी प्रक्रिया का उल्लंघन है।
याचिका में कहा गया है कि यह भूखंड मतीन शेख के पिता मजीद शेख ने 13 जनवरी 1992 को खरीदा था। तब से परिवार वहीं निवास कर रहा है और नियमित रूप से संपत्ति कर का भुगतान कर रहा है।
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आज होगी सुनवाई
मकान के नवीनीकरण के लिए जनवरी 2024 में एक निजी बैंक से 20 लाख रुपये का ऋण भी लिया गया था। याचिका में यह भी उल्लेख किया गया है कि नवंबर 2025 में नगरसेवक चुनाव लड़ने के दौरान महानगरपालिका ने स्वयं ‘कोई बकाया नहीं’ प्रमाण पत्र जारी किया था।
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इसके बावजूद अब निर्माण को अवैध बताकर कार्रवाई की जा रही है। मतीन शेख ने आरोप लगाया है कि विपक्ष से जुड़े होने के कारण उन्हें निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने उच्च न्यायालय से 9 मई की नोटिस रद्द करने तथा अंतिम सुनवाई तक किसी भी प्रकार की कार्रवाई पर रोक लगाने की मांग की है। मामले में अधिवक्ता अभय सिंह भोसले और अधिवक्ता कृष्णा रोडगे पैरवी कर रहे हैं।
