नागपुर निकाय चुनाव: 27 नगर परिषदों की मतगणना आज, दांव पर सियासी दलों की साख, कौन बनेगा नगराध्यक्ष?

27 Nagar Parishad Results: नागपुर में 27 नगर परिषद व नगर पंचायत चुनावों की मतगणना आज शुरू। कौन जीतेगा नगराध्यक्ष व नगरसेवक सीटें, राजनीतिक दलों की नजर नतीजों पर।
27 Nagar Parishad Results: नागपुर में 27 नगर परिषद व नगर पंचायत चुनावों की मतगणना आज शुरू। कौन जीतेगा नगराध्यक्ष व नगरसेवक सीटें, राजनीतिक दलों की नजर नतीजों पर।
निकाय चुनाव (सौजन्य-सोशल मीडिया)
Published on: 
Updated on: 

Maharashtra Civic Polls Results: पहले चरण में जिले में हुए 27 नगर परिषद व नगर पंचायत चुनावों की मतगणना रविवार को होगी और परिणाम भी घोषित किए जाएंगे। 2 दिसंबर को हुए मतदान के बाद 27 नगराध्यक्षों और 537 नगरसेवकों के उम्मीदवारों की किस्मत ईवीएम में कैद हुई थी।

21 दिसंबर को किस नगर परिषद व पंचायत का नगराध्यक्ष कौन बनेगा, यह स्पष्ट हो जाएगा। मतगणना 3 दिसंबर को होनी थी लेकिन इस बीच सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद चुनाव से 2 दिन पहले चुनाव आयोग ने 4 स्थानों की 9 सीटों पर मतदान स्थगित कर दिया था।

20 दिसंबर को इन सीटों पर भी मतदान कराया गया। इसलिए अब सभी 27 नगर परिषदों और नगर पंचायतों के संयुक्त नतीजों पर सबकी नजरें हैं। किस राजनीतिक पार्टी के खेमे में विजयी गुलाल उड़ेगा और किसकी किस्मत में हार लिखी है, यह स्पष्ट हो जाएगा।

दोनों गठबंधनों ने स्वतंत्र लड़ा चुनाव

बता दें कि इस बार महायुति और महाविकास आघाड़ी में शामिल घटक दलों ने स्वतंत्र रूप से चुनाव लड़ा। कुछ सीटों पर मित्रतापूर्ण मुकाबले भी हुए। 7,29,810 मतदाताओं ने 853 मतदान केंद्रों पर अपने मताधिकार का प्रयोग किया। 27 स्थानों पर नगराध्यक्ष पद के लिए 167 और 537 नगरसेवक पद के लिए 2216 उम्मीदवार मैदान में थे। सभी दल के नेताओं ने इस चुनाव को अपनी प्रतिष्ठा का प्रश्न बना लिया था।

भाजपा की ओर से खुद सीएम देवेंद्र फडणवीस, केन्द्रीय मंत्री नितिन गडकरी, राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले, शिंदे सेना की ओर से डीसीएम एकनाथ शिंदे व राकां के लिए डीसीएम अजीत पवार ने प्रचार किया था। वहीं कांग्रेस की धुरा सुनील केदार, सांसद श्याम बर्वे, राकां एसपी में अनिल देशमुख, रमेश बंग आदि ने पूरी ताकत झोंकी। अब देखना होगा कि परिणाम का ऊंट किस करवट बैठता है।

कामठी रही सबसे हॉट

कामठी नगर परिषद का चुनाव सबसे ज्यादा चर्चा में रहा। यहां का परिणाम भी इस बार सबसे अधिक चर्चा का विषय बनने वाला है। डेढ़ दशक से साथ रहे भाजपा और बरिएमं की एड। सुलेखा कुंभारे के बीच फर्जी मतदान को लेकर विवाद हुआ। गठबंधन टूटने के बाद दोनों ने एक-दूसरे के खिलाफ चुनाव लड़ा। इस नगर परिषद में नगराध्यक्ष पद के चारों उम्मीदवार मजबूत होने के कारण कौन बाजी मारेगा, इस पर सभी की नजरें टिकी हैं।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com