- Hindi News »
- Maharashtra »
- Nagpur »
- Nagpur Municipal Election 2026 Bjp Vs Congress Gadkari Fadnavis Bastion
नागपुर मनपा चुनाव: फडणवीस-गडकरी के गढ़ में ‘विकास’ की अग्निपरीक्षा, आज तय होगा ऑरेंज सिटी का भविष्य!
Nagpur Municipal Election: सीएम देवेंद्र फडणवीस और नितिन गडकरी के गढ़ में विकास की अग्निपरीक्षा। क्या टिकेगा बीजेपी का दबदबा या विकास ठाकरे की रणनीति करेगी कमाल?
- Written By: प्रिया जैस

नितिन गडकरी-विकास ठाकरे-देवेंद्र फडणवीस (सौजन्य-सोशल मीडिया)
Nagpur Voting Day: ऑरेंज सिटी को अब महाराष्ट्र सीएम सिटी और गडकरी के गढ़ के रूप में जानने लगा है। 2014 के बाद राष्ट्र की तरह राज्य में भी राजनीतिक माहौल ने अचानक 360 डिग्री टर्न लिया और किसी समय कांग्रेस का गढ़ रहे नागपुर में भाजपा ने कब्जा कर लिया। 2014 के बाद हुए लोकसभा में बीजेपी ने जीत हासिल की। विधानसभा चुनाव में बीजेपी-कांग्रेस ने सिटी में 4-2 का स्कोर बनाए रखा।
2017 में अर्थात 8 साल पहले हुए मनपा चुनावों में बीजेपी ने 109 सीटें जीतकर रिकॉर्ड बनाया था। अब गुरुवार को वोटिंग के बाद शुक्रवार को जब परिणाम सामने आएंगे तो पिक्चर क्लियर होगी कि आखिर वोटरों ने किस पर ‘दया’ दिखाई। बीजेपी द्वारा किए जा रहे विकास की अग्निपरीक्षा तो होगी ही, साथ ही कांग्रेस पार्टी और कार्यकर्ताओं के एकछत्र नेता विकास ठाकरे की रणनीति का भी स्वरूप नजर आएगा।
BJP : लोकसभा जैसा माहौल, बढ़ी है धड़कन
2014 के बाद के दोनों लोकसभा चुनावों क्रमश: 2019 और 2024 में केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी की लीड में कमी आई थी। 2019 में उन्होंने नाना पटोले के खिलाफ जीत हासिल की थी और 2024 में विकास ठाकरे के खिलाफ भी जीते। मात्र दोनों चुनावों में बीजेपी की देशव्यापी लहर के बाद भी सब कुछ बहुत आसान नहीं रहा।
सम्बंधित ख़बरें
“8वां अजूबा” बना मीरा-भाईंदर का बॉटल-नेक पुल, नामकरण पर सियासत तेज
महाराजस्व समाधान शिविर से घर-घर पहुंचेगा प्रशासन, सर्वश्रेष्ठ भूमि अभिलेख प्रणाली बनाने के प्रयास
राज्यसभा चुनाव में आया नया ट्विस्ट, 7 सीटों पर चुनाव लड़ेगी महायुति, शाह ने दिए रवींद्र चव्हाण को निर्देश
पिता ने साढ़े तीन वर्षीय मासूम संग दी जान, चांदवड क्षेत्र में शोक व्याप्त
लोकसभा चुनाव हारने के बाद विधानसभा चुनाव में जब महाराष्ट्र में बीजेपी की सुनामी चल रही थी तब भी पश्चिम नागपुर की सीट बचाने में ठाकरे कामयाब रहे थे। तब नागपुर ने बीजेपी को उत्तर नागपुर की सीट पर भी नितिन राऊत को विजय दिलाकर जोर का झटका दिया था। बहरहाल बीजेपी के पक्ष में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस का विकासवादी चेहरा हुकुम का इक्का जैसा ही है।
उनके अर्जुन के रूप में पालक मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले बीते 11 वर्षों से पार्टी-संगठन की धुरा संभाल ही रहे हैं। बीजेपी के लिए सब कुछ बहुत ‘फील गुड’ जैसा माहौल है, लेकिन पता नहीं क्यों वरिष्ठ नेताओं की धड़कनें बढ़ी हुई हैं। खुलेआम लोग नहीं कहते लेकिन यह जरूर बुदबुदाते हैं कि ‘सब हवा में चल रहा है।’
शहर अध्यक्ष दयाशंकर तिवारी की अगुवाई में पार्टी ने मराठी-अमराठी विवाद को बहुत ही शानदार तरीके से संतुलित किया है। इसके बाद भी कहा जा रहा है कि बहुत सारे प्रभागों में ऐसे चेहरे दिए गए हैं जिनकी नैया पार कराने में संगठन और जमीनी कार्यकर्ताओं को पसीना छूट रहा है।
कांग्रेस : नए चेहरे, मजबूत एजेंडा पर… एकला चलो
उधर, प्रमुख विपक्षी दल कांग्रेस में हर बार जैसी मायूसी नहीं है। वास्तव में 2014 के बाद नागपुर शहर कांग्रेस मुक्त नहीं हो पाया, जैसा कि बीजेपी ने तैयारी कर रखी थी। इसमें कहा जाता है कि बड़े लेवल पर कई जगह ‘कर्ण-अर्जुन’ जैसा छिपा हुआ प्यार पनपता है। शहर अध्यक्ष विकास ठाकरे करीब एक दशक से पार्टी का अध्यक्ष पद संभाले हुए हैं और यही कई नेताओं की ‘दुखती रग’ भी है।
विकास को कोसने वाले बहुत मिल जाएंगे, लेकिन उनकी जगह लेने के लिए हिम्मत दिखाने को कोई तैयार नहीं है। नितिन गडकरी के मुकाबले लोकसभा चुनाव लड़ने को जब आलाकमान ने कहा तो नि:संकोच तैयार हो गए। परिणाम की जानकारी होने के बावजूद उन्होंने पूरे जिगर से लड़ाई लड़ी। उसका फायदा यह हुआ कि पूरे शहर में उनका अपना नेटवर्क तैयार हो गया।
उस नेटवर्क का लाभ विधानसभा चुनाव में यह हुआ कि नितिन राऊत जैसे मजबूत चेहरे के कारण उत्तर में भी कांग्रेस जीती। लाड़की बहना वाली स्कीम नहीं होती तो बीजेपी समझ रही थी कि उसका क्या हश्र होता। विकास ठाकरे ने इस मनपा चुनाव में कई जगह नए चेहरों को मौका दिया है। ऐसे चेहरे जो जमीन से जुड़े हैं। कई वर्षों से जनता की नि:स्वार्थ सेवा कर रहे हैं।
यह भी पढ़ें – BMC Election: मुंबई का ‘बॉस’ चुनने के लिए आज मतदान, देर रात तक चलेगी मेट्रो, 64 हजार कर्मचारी संभालेंगे मोर्चा
टिकट का वितरण इस तरह से हुआ कि कांग्रेस में पहली बार कोई सिर फुटव्वल नजर नहीं आया। कार्यकर्ताओं को इस तरह से एडजस्ट किया गया कि चुनाव लड़ने वालों के पास धन-बल भले ही कम हो, लेकिन मनोबल की कोई कमी नहीं है।
कुछ खटपट हुई जरूर है, लेकिन विकास ठाकरे ने यह सुनिश्चित किया कि विधायक का चुनाव लड़ चुके लोगों के साथ परामर्श कर टिकट बांटी गई। इतना ही नहीं, कांग्रेस ने अपने घोषणापत्र में जो वादा जनता के साथ किया है वह उसके परंपरागत वोट बैंक के साथ-साथ मिडिल क्लास को भी फील गुड का एहसास दिला रहा है।
जनता पूछे एक ही सवाल, कहां थे 8 साल
इस चुनाव प्रचार में जितने भी पूर्व नगरसेवक थे, उनकी जनता ने जमकर ‘धुलाई’ कर दी। जनता ने सिर्फ एक ही सवाल पूछा कि भाई-ताई, बस इतना बताओ की 8 साल से आप कहां थे। जमीन का नजारा ऐसा है कि कई जगह से पुराने चेहरों को जनता ने रुआंसा बनाकर वापस भेज दिया। प्रचार की हालत देखकर वोटिंग में अलग जुगाड़ के साथ ये लोग लगे हैं।
समस्या यह है कि पिछला चुनाव जीतने के बाद 70 फीसदी नगरसेवक जनता के बीच से गायब हो गए थे। इक्का-दुक्का को छोड़ दें तो अधिकांश तो कोरोना जैसी महामारी के समय मोबाइल स्विच ऑफ करके बैठ गए थे। 2022 में कार्यकाल खत्म होने के साथ जब चुनाव घोषित नहीं हुए तो अधिकांश ने मोबाइल नंबर ही बदल लिया।
शायद सोच लिया था कि अब उन्हें जनता का सामना करना ही नहीं पड़ेगा। यही कारण है कि इस बार टिकट वितरण में जिस भी पार्टी ने जहां पुराने चेहरे मैदान में उतारे हैं, वहां की ग्राउंड रिपोर्ट देखकर प्रमुख पदाधिकारियों को पसीना छूट रहा है।
- नवभारत लाइव के लिए संजय तिवारी की रिपोर्ट
Nagpur municipal election 2026 bjp vs congress gadkari fadnavis bastion
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
लेटेस्ट न्यूज़
शिमरोन हेटमायर ने रचा इतिहास, T20 World Cup के एक एडिशन में ऐसा कारनामा करने वाले दुनिया के पहले खिलाड़ी बने
Mar 01, 2026 | 08:37 PMभारत आई ऑस्ट्रेलियाई ट्रैवलर का बदला नजरिया, बोलीं- “जिस इंडिया से डराया गया था, वह तो बिल्कुल अलग निकला”
Mar 01, 2026 | 08:35 PM“8वां अजूबा” बना मीरा-भाईंदर का बॉटल-नेक पुल, नामकरण पर सियासत तेज
Mar 01, 2026 | 08:35 PMमहाराजस्व समाधान शिविर से घर-घर पहुंचेगा प्रशासन, सर्वश्रेष्ठ भूमि अभिलेख प्रणाली बनाने के प्रयास
Mar 01, 2026 | 08:29 PM‘मुझे हर उपलब्धि वाला मैच…’, अपने आखिरी वनडे मुकाबले में शतक लगाने के बाद एलिसा हीली ने दिया ये भावुक बयान
Mar 01, 2026 | 08:23 PMवर्धा में ट्रैफिक सिग्नल व्यवस्था फेल, सड़कों पर जाम; आरती चौक सहित प्रमुख चौराहों पर सिग्नल बने शोपीस
Mar 01, 2026 | 08:18 PMबाराबंकी में जर्मनी से आई बारात, हिंदू रीति-रिवाज से हुई अनोखी शादी; वीडियो वायरल
Mar 01, 2026 | 08:17 PMवीडियो गैलरी

वृंदावन में आस्था पर भारी पड़ी गुंडागर्दी: युवती को घेरकर जबरन पोता रंग, पीड़िता का वीडियो वायरल
Feb 28, 2026 | 12:46 PM
मुलताई में 50 मुस्लिम किन्नरों की ‘घर वापसी’; ताप्ती के जल से शुद्धिकरण, लगाए कई गंभीर आरोप
Feb 27, 2026 | 02:07 PM
शराब घोटाला मामले में अरविंद केजरीवाल को राहत, कोर्ट ने किया रिहा, CBI को लगाई फटकार
Feb 27, 2026 | 02:00 PM
लंबी बीमारी के बाद क्रिकेटर रिंकू सिंह के पिता का निधन…बचपन के कोच ने बताया अधूरी रह गई एक ख्वाहिश?
Feb 27, 2026 | 01:52 PM
PM मोदी का इजराइल दौरा: एयरपोर्ट पर ‘केसरिया’ पर हुई दिलचस्प चर्चा, नेसेट में आतंकवाद पर कड़ा प्रहार
Feb 26, 2026 | 01:54 PM
शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद का पलटवार: ‘हिस्ट्रीशीटर’ शिकायतकर्ता और AI के खेल का पर्दाफाश! क्या ये साजिश है?
Feb 26, 2026 | 01:43 PM












