कचरा जैसा का वैसा, लाखों का खर्चा भी काम नहीं आया, प्रशिक्षण दौरे का नगर परिषद को नहीं मिला लाभ

Nagpur News: जूनी कामठी गाडेघाट रोड पर कन्हान नगर परिषद द्वारा जलाए जा रहे घरेलू कचरा एवं कचरा व्यवस्थापन प्रशिक्षण में लाखों का खर्चा किया गया। लेतिन असर कुछ दिखाई नहीं दिया।
Nagpur News: जूनी कामठी गाडेघाट रोड पर कन्हान नगर परिषद द्वारा जलाए जा रहे घरेलू कचरा एवं कचरा व्यवस्थापन प्रशिक्षण में लाखों का खर्चा किया गया। लेतिन असर कुख दिखाई नहीं दिया।
पारशिवनी में कचरा (सौजन्य-नवभारत)
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Parshivni News: जूनी कामठी गाडेघाट रोड पर कन्हान नगर परिषद द्वारा जलाए जा रहे घरेलू कचरा एवं कचरा व्यवस्थापन प्रशिक्षण में खर्च किए 4 लाख 59 हजार रुपए को लेकर कन्हान नगर परिषद के पूर्व उपाध्यक्ष डॉ. मनोहर पाठक ने नगर परिषद मुख्याधिकारी सचिन घोड़के को जमकर सुनाई तथा कचरा जलाने की प्रक्रिया को लेकर मुख्याधिकारी द्वारा किसी भी प्रकार का कोई जवाब नहीं दे पाए।

सनद रहे कि जूनी कामठी गाडेघाट रोड पर कन्हान नगर परिषद द्वारा घरेलू कचरा डालकर खुले में जला दिया जाता है। इस कचरे को लेकर महाराष्ट्र प्रदूषण नियंत्रण मंडल से लेकर जिलाधिकारी तक शिकायत करने के बाद भी शासन प्रशासन मौन बैठा हुआ है। इसी समस्या को लेकर भाजपा डॉ. पाठक के नेतृत्व में एक शिष्टमंडल मिला तथा कचरा व्यवस्थापन को लेकर की जा रही लापरवाही पर सवाल खड़ा किया।

21 नगरसेवकों ने प्रशिक्षण लिया

इस संदर्भ में डॉ. पाठक ने सीओ से पूछा कि जब 4 लाख 59 हजार 166 रुपए खर्च करके नगर पालिका निगम इन्दौर में जाकर कचरा व्यवस्थापन का कुल 21 नगरसेवकों ने प्रशिक्षण लिया है तो फिर नगर परिषद खुले में कचरा क्यों जला रही है। इस सवाल पर नगर परिषद मुख्याधिकारी ने जवाब देने की जगह सवाल को ही टाल दिया। इस संदर्भ में डॉ. पाठक ने बताया कि नगर परिषद द्वारा सर्वसाधारण सभा 22 फरवरी 2023 को नगरसेविका अनिता पाटिल द्वारा विषय क्रमांक 31 में पुणे शहर के यसदा में जाकर स्थानीय स्वराज्य संस्था के संदर्भ में जानकारी प्राप्त करने का प्रस्ताव रखा गया, जिसे नगरसेविका वर्षा लोढे के अनुमोदन से पास किया गया था। इस प्रस्ताव के आधार पर यसदा का प्रस्ताव लेकर नगर परिषद के 14 नगरसेवकों सहित उनकी पत्नी बच्चों को मिलाकर कुल 27 लोग नगर परिषद इन्दौर जा पहुंचे।

प्रशिक्षण का खर्चा

इस प्रशिक्षण टूर में डॉ. भीमराव आंबेडकर की जन्मस्थली एवं उज्जैन में महाकाल के दर्शन किए गए। इस प्रशिक्षण दौरे में एसी होटल पॅराडाईज में तीन दिन रहना, खाना, नास्ते पर कुल 1 लाख 33 हजार 310 रुपए खर्च किए गए। जिस एसी वाल्वो स्लीपर कोच बस से इन्दौर आना-जाना किया गया उस बस का किराया 1 लाख 21 हजार रुपए दिया गया। प्रशिक्षण सामग्री पर 11,328, यात्रा के दौरान भोजन 7000, नगर पालिका निगम इन्दौर देखने का शुल्क 50,000, लोकल में घूमने के लिए 20,000, उज्जैन भ्रमण 20,000, प्रिटिंग एवं स्टेशनरी 7000, अन्य खर्च 13,000, प्रशासकीय खर्च 76,528 रुपए खर्च किए गए थे।

नहीं मिला प्रशिक्षण का लाभ

इस संदर्भ में डॉ. पाठक ने कहा कि नगर परिषद में नगराध्यक्ष सहित कुल 20 नगरसेवक थे तो फिर प्रशिक्षण की संख्या 27 कैसे हो गई। इस प्रशिक्षण में जो 18 साल से कम आयु बच्चे एवं नगरसेविका के पति तथा नगरसेवक की पत्नी ने प्रशिक्षण लिया, उसका नगर परिषद को क्या लाभ मिला। ज्ञात हो कि नगर पालिका निगम इन्दौर ने स्पष्ट किया है कि उनके द्वारा नगर निगम देखने के लिए किसी भी प्रकार का शुल्क नहीं लिया गया है।

इनकी रही उपस्थिति

इस अवसर पर भाजपा जिला महामंत्री रिकेश चवरे, मंडल अध्यक्ष बिरेंद्र सिंह, कन्हान शहर अध्यक्ष विनोद किरपान, गट नेता राजेंद्र शेंद्रे, भाजपा व्यापारी आघाड़ी अध्यक्ष लाखेश्वर वासाडे, शैलेष शेडके, आकाश पंडितकर, शिवशंकर वाकुडकर, मनोज कुरडकर, अजय लोढे, मयूर माटे, सुनील लाडेकर, संजय रंगारी, संगीता खोब्रागड़े, प्रतीक्षा चवरे, अमोल सकोरे, सौरभ डोनेकर, हर्ष पाटिल सहित अन्य भाजपाई उपस्थित थे।

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